प्रतिभा किसी की मोहताज नहीं होती : प्रोफेसर राम शर्मा
रायपुर । महंत लक्ष्मी नारायण दास महाविद्यालय गांधी चौक रायपुर में आंतरिक गुणवत्ता आश्वासन प्रकोष्ठ के अंतर्गत वर्तमान परिप्रेक्ष्य में युवाओं की मनः स्थिति और शिक्षकों की भूमिका पर एक संगोष्ठी का आयोजन हुआ इस संगोष्ठी में प्रमुख वक्ता के तौर पर आईपीएस अकैडमी इंदौर के डायरेक्टर प्रोफेसर राम शर्मा शामिल हुए
वहीं आयोजन में दिशा महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर अनिल तिवारी एवं महंत लक्ष्मी नारायण दास महाविद्यालय के प्राचार्य डॉक्टर देवाशीष मुखर्जी की विशेष उपस्थिति रही आयोजन में प्रमुख वक्ता प्रोफेसर राम शर्मा ने विषय पर विस्तार से बातचीत रखी और कहा कि राष्ट्र निर्माण में शिक्षक ही बेहतर कार्य करता है उनका कहना था छत्तीसगढ़ से उनका बेहद लगाव रहा है क्योंकि छत्तीसगढ़ से गहरा रिश्ता है उन्होंने बताया कि वर्तमान परिदृश्य में सभी लोगों को यह कोशिश करनी चाहिए की शुरुआत सही समाधान की तरफ बढ़े और हिस्सा बन सके क्योंकि वास्तविकता झूठ पर भारी होती है | उनका कहना था कि यह संसार ऐसे गुरुओं से भरा पड़ा है जिनकी उत्तम रोशनी से विद्यार्थी लक्ष्य के प्रति प्रेरित होते रहे हैं |
प्रोफेसर राम शर्मा ने कहा की जो सकारात्मक देखता है वही युवा है | स्वामी विवेकानंद के चरित्र पर बेहतर ढंग से प्रकाश डालते हुए प्रोफेसर राम शर्मा ने बताया की स्वामी विवेकानंद उसफुटबॉल खेलने वाले खिलाड़ी को देखते हैं जिसमे खेल की प्रतिभा होती है पबजी खेलने वाले से नहीं |
जीवन के अनेकों प्रसंग और संस्मरण का उल्लेख करते हुए प्रोफेसर राम शर्मा ने बताया की ब्रेकअप से मुरझाए युवा का चेहरा देखता हूं तो परेशान हो जाता हूं क्योंकि वह ठगा से महसूस करता है असल में ऐसे युवा लक्ष्य से भटक रहे होते हैं | जिन्हें लक्ष्य दिखलाई नहीं पड़ता |
परिदृश्य परिवर्तनशील है जो सदैव बदलता रहेगा इसलिए विद्यार्थी को ज्ञान की जड़ में मूल्य के जड़ में जाकर काम करना चाहिए और लक्ष्य को प्राप्त करना चाहिए | यह कार्य करने में शिक्षक बेहतर योगदान कर सकते हैं उन्होंने कहा कि प्रेम, पैसा और भोजन का अपना महत्व है और तीनों एक दूसरे के पूरक है | प्रोफेसर राम शर्मा ने चाणक्य नीति के सूत्रों को भी बखूबी व्याख्यान में प्रस्तुत किया और धर्म और कर्म के यथार्थ को चित्रित करते हुए विद्यार्थियों को प्रेरित किया | उन्होंने क्रिकेटर यशस्वी जयसवाल, ऋषभ पंत, धावक हुसैन बोल्ट फुटबॉल खिलाड़ी, जेनेदिक जिदान, गौतम ऋषि, दंतेवाड़ा जिला दंडाधिकारी जयंत नाहटा, भिलाई के राजेश पटेल के संघर्षों की कहानी को व्यख्या की और बताया कि किस तरह से उपरोक्त सभी दिग्गज लक्ष्य के प्रति केंद्रित रहे हैं और सफलता हासिल की है
इसीलिए यह कहना गलत नहीं है की प्रतिभा किसी की मोहताज नहीं होती उन्होंने कहा की वैल्यू से चिपका हुआ युवा ही असल युवा है| हर सफलता पर एक विचार मौजूद होता है जिसे आत्मसात करना चाहिए क्योंकि संघर्ष से ही निखारने की प्रक्रिया आरंभ होती है तप कर ही सोना बन जा सकता है |
शिक्षको के लिए केंद्रित करते हुए प्रोफेसर राम शर्मा ने कहा शिक्षक मर्यादित भूमिका में रहे तो बेहतर होगा जजमेंटल होना जरूरी नहीं है | शिक्षक विद्यार्थियों को संस्कारों से बांधे रखें तो आने वाला समय सुखद और उज्जवल होगा युवा धैर्य नहीं छोड़ता है, अपनी जड़ से बने रहता है आयोजन में दिशा महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर अनिल तिवारी ने भी उद्बोधन रखें और स्मार्ट की व्याख्या की | बिना विचार के आगे बढ़ाना कठिन होता है विद्यार्थी को श्रावक होना चाहिए श्रोता नहीं होना चाहिए तभी लक्ष्य को प्राप्त कर सकते हैं |
कार्यक्रम में महाविद्यालय के प्राचार्य डॉक्टर देवाशीष मुखर्जी ने भी आयोजन के उद्देश्यों को स्पष्ट किया और विषय पर बातचीत रखी कार्यक्रम के अंत में आभार प्रदर्शन के लिए प्रोफेसर प्रीतम दास और मंच संचालन डॉक्टर जया चंद्रा की ओर से किए गए ।