छत्तीसगढ़
मुख्यमंत्री श्री साय ने हेलमेट लगाकर चलायी बाईक, सड़क सुरक्षा का दिया संदेश।
रायपुर – प्रदेश में मनाये जा रहें 36वें राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह के दौरान आज मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने हेलमेट लगाकर बाईक चलाकर प्रदेशवासियों को हेलमेट लगाने के प्रति जागरूक होने का संदेश दिया। मुख्यमंत्री ने आज राजधानी के रोहणीपुरम गोल चौक पहॅुंचकर बाईकर्स और पुलिस अधिकारी-कर्मचारियों के साथ बाईक रैली में हिस्सा लिया। उन्होंने दोपहिया वाहन चालकों सहित चार पहिया वाहन चलाने वाले लोगों से यातायात नियमों का पालन करने की अपील की। इस दौरान श्री साय ने हरी झण्डी दिखाकर भव्य बाईक रैली को रवाना भी किया। स्वंयसेवी संस्थाओं ने नुक्कड़ नाटकों के माध्यम से यातायात नियमों का पालन करने से होने वाले फायदों के बारे में भी लोगों को जागरूक किया।इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कहा कि मनुष्य का जीवन बहुत अनमोल है। मनुष्य जीवन में पारिवारिक दायित्वों का भी निर्वहन करना होता है। उन्होंने कहा कि एक तरह से हमारा जीवन परिवार के लिए है और इसे सुरक्षित रखना हमारा कर्तव्य है। मुख्यमंत्री ने कहा कि वाहन चलाते समय हम सभी को यातायात नियमों का पालन जरूर करना चाहिए। दो पहिया वाहन चलाते समय सिर पर हेलमेट अवश्य ही पहनना चाहिए और कार चलाते समय सीट बेल्ट भी लगाना चाहिए। मुख्यमंत्री ने कहा सीमित रफ्तार में ही वाहन चलाने से दुर्घटना होने की संभावना बहुत कम हो जाती है। कभी भी नशा कर वाहन चलाने से बचना चाहिए। उन्होंने सभी प्रदेशवासियों को यातायात नियमों के अनुसार वाहन चलाने, यातायात के नियमों का पालन करने का भी संदेश दिया, ताकि अपने जीवन के साथ-साथ दूसरे लोगों का जीवन भी सुरक्षित रहें और पारिवारिक जिम्मेदारियों का पूरी तरह से निर्वहन किया जा सके।उल्लेखनीय है कि 36वां राष्ट्रीय सड़क सुरक्षा माह 31 जनवरी 2025 तक मनाया जा रहा है। इसके तहत रायपुर यातायात पुलिस द्वारा लोगों को सुरक्षित वाहन चलाने के लिए जरूरी नियमों और संसाधनों के बारे में जानकारी दी जा रही है। रोचक तरीके से सड़क सुरक्षा-जीवन रक्षा की थीम पर बैनर-पोस्टर लगाकर उपयोगी संदेश दिए जा रहें हैं। नुक्कड़ नाटकों के माध्यम से सुरक्षित आवागमन के लिए यातायात नियमों की जानकारी दी जा रही है। पुलिस और प्रशासन ने इस पूरे अभियान के लिए अलग-अलग दिनों पर अलग-अलग जगहों पर विभिन्न कार्यक्रमों का भी आयोजन किया है। इन कार्यक्रमों में वाहन चालकों, स्थानीय नागरिकां और छात्र-छात्राओं के पालकों की सहभागिता भी सुनिश्चित की जा रही है। इस अवसर पर कलेक्टर डॉ. गौरव सिंह, वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक लाल उम्मेद सिंह, नगर निगम आयुक्त अबिनाश मिश्रा, जिला पंचायत सीईओ विश्वदीप, पुलिस और परिवहन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी व बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक भी उपस्थित रहे ।
विष्णु का सुशासन : ई-बस सेवा से छत्तीसगढ़ में आ रही परिवहन क्रांति
रायपुर। भारत सरकार ने अपनी समग्र नीति मे विभिन्न प्रकार की योजनाओं और पहलों के माध्यम से देश में एक डिजिटल और हरित भविष्य का निर्माण करने का प्रयास कर रही है. इसी प्रयास का एक महत्वपूर्ण पहल है “प्रधानमंत्री ई-बस सेवा” जिसे भारत के विभिन्न हिस्सों में लागू किया गया है. दूरदर्शी मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय की अगुवाई में छत्तीसगढ़ भी इस क्रांति का हिस्सा बना है. इस योजना से छत्तीसगढ़ में परिवहन क्षेत्र में सुधार के साथ-साथ पर्यावरण को भी लाभ पहुंचाने की कोशिश की जा रही है.
छत्तीसगढ़ के छह नगर पालिका निगमों में कम्प्रेस्ड बायोगैस संयंत्र की स्थापना के लिए 17 जनवरी को होगा एमओयू, नगरीय ठोस अपशिष्ट से होगा बायोगैस का उत्पादन
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की उपस्थिति में 17 जनवरी को सवेरे 10 बजे मुख्यमंत्री निवास कार्यालय में छत्तीसगढ़ के छह नगर पालिका निगमों अम्बिकापुर, रायगढ़, कोरबा, बिलासपुर, राजनांदगांव और धमतरी में नगरीय ठोस अपशिष्ट से बायोगैस के उत्पादन हेतु कम्प्रेस्ड बायोगैस संयंत्र की स्थापना के लिए छत्तीसगढ़ बायो फ्यूल विकास प्राधिकरण (सीबीडीए), गेल इंडिया लिमिटेड (गेल) एवं भारत पेट्रोलियम कॉर्पोरेशन लिमिटेड (बीपीसीएल) के मध्य त्रिपक्षीय समझौते पर हस्ताक्षर किए जाएंगे। उप मुख्यमंत्री श्री अरूण साव भी कार्यक्रम में उपस्थित रहेंगे।
छत्तीसगढ़ को केंद्र से मिलेगा 1874 करोड़ रुपये अतिरिक्त आबंटन : पूंजीगत व्यय के सदुपयोग में छत्तीसगढ़ ने देश में बनाई अलग पहचान
वन मंत्री केदार कश्यप ने कहा लूट के असली सरगना भूपेश बघेल है और कवासी मोहरा : कवासी बने भूपेश बघेल के मोहरा,भूपेश ने एक आदिवासी को अपराध करने किया मजबूर
रायपुर। प्रदेश के वन और सहकारिता मंत्री केदार कश्यप ने पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा की गिरफ्तारी पर कहा है कि लखमा पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के षड्यंत्रों का शिकार हैं। श्री कश्यप ने कहा कि बघेल ने अपने घोटालों को अंजाम देने के लिए लखमा को मोहरे के तौर इस्तेमाल किया।
Chhattisgarh Breaking : शराब घोटाला मामला.! पूर्व मंत्री लखमा की गिरफ्तारी पर सीएम साय बोले- 'ईडी की जांच जारी है, दोषियों को नहीं बख्शा जाएगा'.
रायपुर. छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित 2 हजार करोड़ के शराब घोटाला मामले में पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा की गिरफ्तारी पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा है कि ईडी की जांच जारी है. जो भी दोषी है उन पर कार्रवाई होगी. बता दें कि शराब घोटाला मामले (Chhattisgarh liquor scam) में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने आज तीसरी बार पूर्व आबकारी मंत्री कवासी लखमा और बेटे हरीश लखमा से पूछताछ की. इसके बाद ED ने कवासी लखमा को गिरफ्तार कर जस्टिस अतुल श्रीवास्तव की कोर्ट में पेश किया. दोनों पक्षों की सुनवाई के बाद कवासी लखमा को 7 दिन की ईडी की रिमांड पर भेजा गया है।
सूरजपुर: नगरीय निकाय चुनाव को लेकर बैठकों का दौर शुरू “भाजपा नेताओं ने किया जीत का दावा….
छत्तीसगढ़ में नगरी निकाय चुनाव को लेकर राजनीतिक हलचल तेज हो गई है। इसी बीच नगर पालिका चुनाव को लेकर सूरजपुर में भाजपा ने एक अहम बैठक किया। इस दौरान पार्टी के सभी कार्यकर्ताओं के साथ आगामी चुनाव को लेकर चर्चा की गई
सूरजपुर के भाजपा कार्यालय में पार्टी ने एक बैठक का आयोजन किया। इस दौरान नगर पालिका के प्रभारी अंबिकेश केसरी ने चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों से बात की। साथ ही उन्हें एक होकर चुनाव लड़ने का मंत्र दिया। वहीं इस दौरान प्रभारी ने कहा कि, चुनाव होने में अब ज्यादा समय नहीं है आने वाले 20 जनवरी को पार्टी सभी पार्षदो और अध्यक्ष उम्मीदवारों की घोषणा कर देंगी। पार्टी जिसे भी टिकट देगी सभी मिलकर चुनाव लड़ेंगे। 2014 के चुनाव में 14 पार्षद के साथ हम अपनी सरकार बनाए थे। 24 में 18 पार्षदों के साथ अध्यक्ष पद पर भी जीत कर कब्जा जमाएंगे।
भाजपा नेताओं ने किया जीत का दावा
विधायक भूलन सिंह मरावी ने कहा कि, चुनाव के लिए हमारे सभी कार्यकर्ता तैयार हैं और जिले के सभी नगर पंचायत और नगर पालिका पर भाजपा की सरकार बनेगी। केंद्र राज्य और नगर पालिका में सभी जगह बीजेपी के सरकार होगी वहीं भाजपा जिला अध्यक्ष मुरली मनोहर सोनी ने कहा कि, हम सब मिलकर चुनाव लड़ेंगे और निश्चित ही इस बार पूरे जिले के सभी पंचयात नगर पालिका में भाजपा की सरकार बनेंगी।
युवा नेता शिवम की माँ शोभा आचार्य की दावेदारी से चुनावी सरगर्मी हुई तेज...
रायगढ़। जूटमिल क्षेत्र के वार्ड नंबर 35 में चुनावी माहौल गरमाने लगा है। इस बार क्षेत्र में चर्चा का केंद्र बनी हुई हैं श्रीमती शोभा आचार्य, जिनकी दावेदारी ने राजनीतिक समीकरणों को नया मोड़ दिया है। प्रतिष्ठित राजपुरोहित परिवार की बहू और पं. मनोहर आचार्य की धर्मपत्नी, श्रीमती आचार्य ने अपनी कर्मठता और सामाजिक जुड़ाव से क्षेत्रीय जनता के बीच एक अलग पहचान बनाई है।
ग्रामीण पृष्ठभूमि से ताल्लुक रखने वाली श्रीमती शोभा आचार्य न केवल शिक्षित हैं, बल्कि अपने अधिकारों और जिम्मेदारियों के प्रति पूरी तरह जागरूक हैं। समाज सेवा और महिलाओं के उत्थान में उनकी सक्रियता ने उन्हें जनता के दिलों में एक विशेष स्थान दिलाया है। वार्ड की समस्याओं को न सिर्फ उन्होंने करीब से समझा है, बल्कि उनके समाधान के लिए भी प्रयासरत रही हैं।
*पुत्र शिवम् आचार्य का मजबूत समर्थन…*
श्रीमती शोभा आचार्य को उनके पुत्र, शिवम् आचार्य का भी मजबूत राजनीतिक समर्थन प्राप्त है। शिवम् आचार्य, जो भाजपा युवा मोर्चा के मंत्री और अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के सक्रिय सदस्य रहे हैं, अपनी पार्टी और क्षेत्रीय राजनीति में प्रभावी पहचान रखते हैं। उनकी युवाओं के बीच लोकप्रियता और संगठनात्मक अनुभव निश्चित रूप से उनकी माता की दावेदारी को मजबूत आधार प्रदान करते हैं। पुत्र शिवम् आचार्य ने अपनी मां की दावेदारी को लेकर भाजपा संगठन और पार्टी के शीर्ष नेतृत्व को भी आवेदन दिया है।
*राजनीतिक समीकरणों में नई दिशा…*
जूटमिल क्षेत्र का प्रतिष्ठित राजपुरोहित परिवार, जिसकी सामाजिक और सांस्कृतिक गतिविधियों में गहरी जड़ें हैं, का समर्थन भी श्रीमती आचार्य को एक प्रबल उम्मीदवार बनाता है। क्षेत्रीय जनता की उम्मीदें और विश्वास उनके साथ खड़े हैं। उनकी सादगी, सेवा भावना और जनसंपर्क क्षमता उन्हें अन्य उम्मीदवारों से अलग खड़ा करती है।
*क्या शोभा आचार्य बनेंगी क्षेत्र की नई आवाज?…*
श्रीमती शोभा आचार्य की लोकप्रियता और जनहित के प्रति उनकी प्रतिबद्धता ने चुनावी परिदृश्य को पूरी तरह बदल दिया है। यदि पार्टी नेतृत्व ने उन्हें टिकट दिया, तो यह स्पष्ट है कि वार्ड नंबर 35 में चुनावी मुकाबला दिलचस्प और परिणामस्वरूप निर्णायक होगा।
*भाजपा का निर्णय और जनता की उम्मीदें….*
वार्ड नंबर 35 की जनता एक ऐसे प्रतिनिधि की उम्मीद कर रही है जो उनकी समस्याओं को न केवल समझे, बल्कि उन्हें समाधान की दिशा में ले जाए। श्रीमती शोभा आचार्य की दावेदारी इस दिशा में उम्मीद की किरण बनकर उभरी है। अब यह फैसला भाजपा संगठन और शीर्ष नेतृत्व पर निर्भर करता है कि वह इस सशक्त और जनप्रिय उम्मीदवार को जनता की सेवा का मौका देती है या नहीं। भाजपा नेतृत्व श्रीमती शोभा आचार्य की लोकप्रियता और उनकी समर्पित छवि पर कितना भरोसा जताता है। क्षेत्रीय जनता की मांग और समर्थन को देखते हुए ऐसा प्रतीत होता है कि यदि उन्हें टिकट मिलता है, तो वह चुनावी समीकरणों को नए सिरे से परिभाषित कर सकती हैं।
छत्तीसगढ़: पत्रकार की हत्या के बाद भाई ने मांगी पुलिस सुरक्षा, कहा – ‘लड़ने के लिए ज़िंदा रहना ज़रूरी है….
छत्तीसगढ़ के बीजापुर जिले में पत्रकार मुकेश चंद्राकर की हत्या के बाद, उनके भाई युकेश चंद्राकर ने अपने और अपने परिवार के लिए पुलिस सुरक्षा की मांग की है। उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स (पूर्व में ट्विटर) पर लिखा, “मुझे प्रोटेक्शन की ज़रूरत महसूस हो रही है। मुझे जीने का शौक नहीं है, लेकिन अब लड़ना है मुझे। लड़ने के लिए ज़िंदा रहना ज़रूरी है। मेरे और मेरे परिवार के लिए सुरक्षा मांग रहा हूं। कृपया सुरक्षा मुहैया करवाई जाए।” मुकेश चंद्राकर एक खोजी पत्रकार थे, जिन्होंने सड़क निर्माण परियोजनाओं में कथित भ्रष्टाचार को उजागर किया था। उनका शव 3 जनवरी 2025 को एक ठेकेदार के सेप्टिक टैंक में मिला था। इस मामले में मुख्य आरोपी ठेकेदार सुरेश चंद्राकर को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है।
इस घटना के बाद, छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने पत्रकार मुकेश चंद्राकर के परिवार को 10 लाख रुपये की आर्थिक सहायता प्रदान करने की घोषणा की है और उनके नाम पर एक पत्रकार भवन के निर्माण की भी बात कही है।
पत्रकारों की सुरक्षा और स्वतंत्रता के लिए यह घटना गंभीर चिंता का विषय बनी हुई है, और संबंधित अधिकारियों से मामले की गहन जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की जा रही है।
बलरामपुर: CM श्री साय 172 करोड़ 83 लाख रुपए के 197 विकास कार्यों का कल करेंगे लोकार्पण एवं भूमिपूजन….
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय कल 14 जनवरी को तातापानी महोत्सव में विभिन्न विकास कार्यां के लोकार्पण, शिलान्यास एवं भूमिपूजन कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय जिले में कुल 172 करोड़ 83 लाख रुपए के 197 विकास कार्यों का लोकार्पण एवं भूमिपूजन करेंगे। इसमें 43 करोड़ 14 लाख 78 हजार रुपए के 58 विकास कार्यों का लोकार्पण और 129 करोड़ 68 लाख रुपए के 139 कार्यों का भूमिपूजन/शिलान्यास शामिल है।
लोकार्पण अंतर्गत 43 करोड़ 14 लाख 78 हजार रुपए लागत राशि के 58 विकास कार्य शामिल है। जिसमें लोक निर्माण विभाग के 04 विकास कार्य लागत राशि 29 करोड़ 39 लाख 63 हजार रुपए, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग के 06 विकास कार्य लागत राशि 01 करोड 45 लाख 75 हजार रुपए, जनपद पंचायत राजपुर के 02 कार्य लागत राशि 40 लाख रूपये, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा विभाग के 45 विकास कार्य लागत राशि 7 करोड़ 58 लाख 40 हजार रुपए, पीएमजीएसवाई बलरामपुर के लागत राशि 04 करोड़ 31 लाख रूपये के 01 कार्य शामिल है
भूमिपूजन/शिलान्यास अंतर्गत 129 करोड़ 68 लाख रुपए लागत राशि के 139 विकास कार्य शामिल है। जिसमें ग्रामिण यांत्रिकी सेवा के 05 विकास कार्य लागत राशि 03 करोड़ 80 लाख रुपए 70 हजार, जल संसाधन विभाग रामानुजगंज के 12 विकास कार्य लागत राशि 46 करोड़ 36 लाख 83 हजार रुपए, जल संसाधन विभाग बलरामपुर के 05 विकास कार्य लागत राशि 14 करोड़ 33 लाख 52 हजार रूपये, पीएमजीएसवाई बलरामपुर के 14 विकास कार्य लागत राशि 23 करोड़ 35 लाख, पीएमजीएसवाई राजपुर के 26 विकास कार्य लागत राशि 37 करोड़ 04 लाख 25 हजार रूपये, ग्रामीण यांत्रिकी सेवा विभाग के 20 विकास कार्य लागत राशि 02 करोड़ 09 लाख 15 हजार रुपए, जनपद पंचायत बलरामपुर में राशि 02 करोड़ के 68 लाख 87 हजार के 23 विकास कार्य शामिल है।
मुख्यमंत्री श्री साय तातापानी में स्थित तपेश्वर महादेव मंदिर में पुजा-अर्चना पश्चात मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना अंतर्गत कराये जा रहे विवाह में सम्मलित होंगे। तत्पश्चात् विभिन्न विभागों के द्वारा लगाए गए विकास कार्याे के प्रदर्शनी का भी अवलोकन करेंगे। साथ ही राज्य सरकार के विभिन्न योजनाओं से लाभान्वित जिले के हितग्राहियों को सम्मानित करेंगे
रायपुर: भाजपा के प्रयासों से पिछड़ा वर्ग को मिल रहा अधिकतम 50 प्रतिशत आरक्षण,कांग्रेस इसे शून्य करवाना चाहती थी : अरुण साव
रायपुर: आज भाजपा प्रदेश कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए भाजपा प्रदेश अध्यक्ष किरण देव ने कहा कि हमने इस बात को सुनिश्चित करने का निर्णय लिया है कि अनारक्षित सीटों पर पिछड़े वर्ग को अधिक प्रतिनिधित्व देंगे। उन्होंने कहा कि इससे पहले की स्थिति बहाल रहेगी एवं पिछड़ा वर्ग के प्रतिनिधित्व में किसी प्रकार की कोई कमी नहीं आएगी।
प्रदेश अध्यक्ष देव ने कहा कि कांग्रेस केवल झूठ की राजनीति करती है, वह मुद्दों के अभाव से जूझ रही है राजनीतिक पतन की तरफ बढ़ रही है इसलिए केवल वर्ग संघर्ष की बात करना, प्रदेश में माहौल खराब करने का प्रयास करना, षड्यंत्र करना यही कांग्रेस का काम रह गया है।
प्रदेश भाजपाध्यक्ष ने कहा कि कांग्रेस ने तो वास्तव में ओबीसी आरक्षण के विरोध में कोर्ट जाने वाले और ओबीसी का आरक्षण रोकने वाले लोगों को पुरस्कृत करने का काम किया है। भाजपा कांग्रेस के सभी षडयंत्र उजागर करती रहेगी और कांग्रेस का झूठ अब चलने वाला नहीं है।
प्रेस वार्ता में उपमुख्यमंत्री अरुण साव ने विस्तार से आरक्षण के प्रावधानों की जानकारी देते हुए कहा कि कांग्रेस हमेशा से ओबीसी विरोधी रही है। श्री साव ने कहा कांग्रेस हमेशा पिछड़ा वर्ग का विरोधी रही है। वह आरक्षण के खिलाफ रही है। तब की कांगेस सरकार द्वारा ‘कालेलकर आयोग’ की अनुशंसा को ठंडे बस्ते में डाल देने के बाद आगे फिर ‘मंडल आयोग’ तक का इंतज़ार करना पड़ा।
पंडित नेहरू से लेकर राजीव गांधी तक के आरक्षण विरोधी वक्तव्यों के अनेक संदर्भ आपको गाहे ब गाहे दिख भी जायेंगे। मसलन 1961 में मुख्यमंत्रियों को लिखे पत्र में पंडित नेहरु ने कहा था कि आरक्षण से अक्षमता और दोयम दर्जे का मानक पैदा होता है। इंदिरा गांधी ने मंडल आयोग की संस्तुति से किनारा कर लिया था। राजीव गांधी ने तो यहां तक कह दिया था कि आरक्षण से हम बुद्धुओं को बढ़ावा देते हैं।
इस प्रकार बार-बार प्रमाणित हुआ है कि कांग्रेस पूरी तरीके से आरक्षण विरोधी रही है।
आरक्षण संबंधी सभी संवैधानिक प्रावधानों की विस्तृत जानकारी देते हुए श्री साव ने कहा कि देश के संसद में 73वां 74वां संविधान संशोधन अधिनियम के द्वारा सशक्त और जवाबदेह पंचायत एवं नगर पालिका बनाने का प्रावधान संविधान में किया गया और साथ ही अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति तथा पिछड़े हुए नागरिकों के किसी भी वर्ग के पक्ष में आरक्षण के लिए उपबंध (प्रावधान) करने का अधिकार राज्य के विधान मंडल को दिया गया है। साथ ही सभी वर्ग में महिलाओं के लिए भी आरक्षण से संबंधित उपबंध (प्रावधान) दिये हैं। अनुच्छेद 243 (घ) में पंचायतों के स्थानों के आरक्षण से संबंधित प्रावधान है, जिसमें 243(घ)(1) अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के आरक्षण का प्रावधान है। 243(घ)(2) में महिलाओं से संबंधित आरक्षण का प्रावधान और 243(घ)6 में पिछड़े हुए नागरिकों के लिए आरक्षण के संबंध में उपबंध है।
इस प्रकार नगर पालिकाओं में आरक्षण से संबंधित प्रावधान 243(न) में उपबंधित है, जिसमें 243(न) (1) में अनुसूचित जाति व अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षण के उपबंध है। 243(न)(2) में महिलाओं के आरक्षण से संबंधित उपबंध है एवं 243(न)(6) में कमजोर वर्गों से संबंधित आरक्षण के उपबंध है।
नगर पालिक निगम अधिनियम 1956 में धारा (11) स्थानों में आरक्षण से संबंधित उपबंध है, जिसमें धारा (11) (1) में अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षण का उपबंध करता है। धारा (11) (2) में अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षण का उपबंध करता है एवं धारा (11) (3) में महिलाओं के लिए आरक्षण का उपबंध करता है। इसी प्रकार नगर पालिका अधिनियम 1961 की धारा 29 (क) में स्थानों में आरक्षण से संबंधित उपबंध है। 29 (क)(1) अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजातियों से संबंधित आरक्षण का उपबंध करता है। 29 (क)(2) अन्य पिछड़ा वर्ग से संबंधित आरक्षण का उपबंध करता है। 29 (क)(3) में महिलाओं से संबंधित आरक्षण का उपबंध करता है।
इसी प्रकार छत्तीसगढ़ पंचायत राज अधिनियम 1993 की धारा 13 में ग्राम पंचायत के गठन से संबंधित उपबंध है, जिसमें धारा 13 (4)(1) अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षण का उपबंध करता है। 13 (4)(2) अन्य पिछड़ा वर्ग से संबंधित आरक्षण का उपबंध करता है एवं 13 (4)(5) महिलाओं के लिए आरक्षण का उपबंध करता है।
उक्त में पंचायत एवं नगर पालिकाओं में अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए आरक्षण का प्रावधान इस प्रकार थे कि अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति को मिलाकर 50% या 50% से आरक्षण कम होने पर अन्य पिछड़ा वर्ग को एकमुश्त 25%आरक्षण देने का प्रावधान था।
अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति एवं अन्य पिछड़ा वर्ग को मिलाकर कुल आरक्षण 50% से अधिक होने को माननीय सर्वोच्च न्यायालय में चुनौती दी गई थी, जिसमें किशोर कृष्ण राव गवली विरूद्ध महाराष्ट्र शासन आदेश दिनांक 04.01.2021 और सुरेश महाजन विरूद्ध मध्यप्रदेश शासन आदेश दिनांक 10.05.2022 के द्वारा सर्वोच्च न्यायालय ने कुल आरक्षण 50% तक सीमित करने एवं अन्य पिछड़ा वर्ग को आरक्षण देने के लिए ट्रिपल टेस्ट करने की अनिवार्यता प्रतिपादित किया।
उक्त प्रावधान के अनुपालन में राज्य सरकार नें 16.07.2024 के द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य पिछड़ा वर्ग कल्याण आयोग का गठन किया और आयोग ने प्रदेश के पिछड़े वर्ग की वर्तमान सामाजिक, शैक्षणिक तथा आर्थिक स्थिति का अध्ययन कर सुझाव एवं अनुशंसाए दिनांक 24.10.2024 को राज्य शासन को प्रस्तुत किया। उक्त प्रतिवेदन में आयोग द्वारा वर्तमान में पंचायत एवं स्थानीय निकायों में आरक्षण की एकमुश्त सीमा 25% को शिथिल कर अन्य पिछड़ा वर्ग की जनसंख्या के अनुपात में 50% की सीमा तक आरक्षण का प्रावधान किया जाये। उक्त प्रतिवेदन को मंत्रिपरिषद् द्वारा 28.10.2024 को स्वीकृति प्रदान की गई।
तदनुसार छत्तीसगढ़ पंचायत राज अधिनियम 1993, नगर पालिका निगम 1956 एवं नगर पालिका अधिनियम 1961 में सुसंगत धाराओं में संशोधन किया गया। उपरोक्त के अनुसार पंचायतों एवं नगरीय निकायों में आरक्षण किया गया।
माननीय सर्वोच्च न्यायालय के अनुपालन में किये गये आरक्षण में जनसंख्या के अनुपात में किये गये आरक्षण के कारण नगरीय निकाय के आरक्षण में विशेष अंतर नहीं पड़ा, परन्तु ग्रामीण क्षेत्र में 33 में से 16 जिले अधिसूचित जिले है तथा राज्य में अनुसूचित जाति की जनसंख्या 12.72% है। उस अनुपात में 4 सीटें अनुसूचित जाति वर्ग के लिए आरक्षित हुई है। इस तरह से कुल 33 में से 20 सीटें अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के लिए आरक्षित हुई, जोकि 50% से अधिक है। इसलिए अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए जिला पंचायत अध्यक्ष का कोई पद आरक्षित नहीं हो पाई है। जबकि जिला पंचायत सदस्य, जनपद पंचायत अध्यक्ष, जनपद पंचायत सदस्य, सरपंच, पंच के पदों में अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए नियमानुसार पद आरक्षित हुए है। इस प्रकार राज्य सरकार ने जो आरक्षण निर्धारित किया है, वह माननीय सर्वोच्च न्यायालय के नियमानुसार ही है।
माननीय सर्वोच्च न्यायालय के उक्त दोनों फैसले सभी राज्यों एवं केन्द्र शासित प्रदेशों में लागू है तथा अन्य पिछड़ा वर्ग को आरक्षण देने के लिए ट्रिपल टेस्ट करना अर्थात् आयोग का गठन करना एवं उसके अनुशंसा को राज्य सरकार द्वारा स्वीकार करना बंधनकारी है। इसी के पालन में मध्यप्रदेश, बिहार, उड़ीसा जैसे राज्यों ने भी अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए पंचायत एवं नगरीय निकायों में प्रावधान करके चुनाव कराया है, जबकि झारखण्ड जैसे राज्य हैं जहां पर आयोग का प्रतिवेदन प्रस्तुत नहीं होने के कारण अन्य पिछड़ा वर्ग को आरक्षण दिए बिना 2021-22 में राज्य निर्वाचन आयोग ने त्रिस्तरीय पंचायत संस्थाओं का चुनाव में अन्य पिछड़ा वर्ग के लिए कोई भी सीट आरक्षित किये बिना चुनाव संपन्न कराया है।
प्रेस वार्ता में मंत्री टंकराम वर्मा ,लक्ष्मी राजवाड़े,प्रदेश महामंत्री भरत वर्मा,भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी अमित चिमनानी,सह प्रभारी अनुराग अग्रवाल भी उपस्थित थे।
पत्रकार मुकेश चंद्रकार के परिजनों को हमारी सरकार द्वारा दस लाख रुपए की सहायता राशि दी जाएगी, साथ ही उनके नाम पर पत्रकार भवन का निर्माण कराया जाएगा.
BIG BREAKING RAIPUR:CM श्री साय की बड़ी घोषणा ” पत्रकार मुकेश चंद्राकर के परिजनों को देगी 10 लाख की सहायता राशि “पत्रकार मुकेश के नाम पत्रकार भवन का भी होगा निर्माण. मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय.
विकास की शंखनाद: जहां कभी गोलियों की गूंज थी, वहां अब सुनाई देता है विकास का शंखनाद – मुख्यमंत्री श्री साय
रायपुर: – माओवादी खून खराबे और आतंक के पक्षधर हैं, हम विकास और सद्भाव के लिए काम कर रहे हैं। अब बस्तर की तस्वीर तेजी से बदल रही है। जहां कभी गोलियों की गूंज थी, वहां अब विकास का शंखनाद सुनाई देता है। जहां कभी बेकारी और लाचारी थी, वहीं इस जिले के ग्रामीण युवाओं को उच्च शिक्षा और रोजगार उपलब्ध कराकर आत्मनिर्भर बनाया जा रहा है। हम माओवाद को जड़ से खत्म करके ही दम लेंगे। हमारे शहीद जवानों की शहादत बेकार नहीं जाने देंगे
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज दंतेवाड़ा जिले के किरंदुल बचेली में आयोजित विभिन्न विकास कार्यों के लोकार्पण शिलान्यास कार्यक्रम को संबोधित करते हुए यह बात कही।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि डबल इंजन की सरकार में विकास का पहिया तेजी से घूम रहा है। हमारे यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी के विकसित भारत के सपनों को साकार करने के लिए हम विजन 2047 छत्तीसगढ़ के अंतर्गत विकासशील छत्तीसगढ़ को विकसित छत्तीसगढ़ बनाने का प्रयास कर रहे हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आज दंतेवाड़ा जिले के किरंदुल, बड़े बचेली में हमने 160 करोड़ रूपये के 501 कार्यों का लोकार्पण-भूमिपूजन किया है। इनमें 49 करोड़ रूपये के 367 कार्यों का लोकार्पण और 112 करोड़ रूपये के 134 कार्यों का भूमिपूजन शामिल है। साथ ही इस मौके पर हमने 114 करोड़ रूपये के हितग्राही मूलक कार्यों का चेक और सामग्री का वितरण भी कर रहे हैं। आज जिन बड़े विकास कार्यों का लोकार्पण हुआ है, उनमें गीदम ब्लाक के छिन्दनार से बड़ेकरका मार्ग पर 33 करोड़ रूपये का पुल, जिले के सभी विकासखंडों में एक करोड़ रूपये से बने पुल-पुलिया, गीदम, कुआकोंडा, कटेकल्याण मार्ग का चौड़ीकरण और मजबूतीकरण शामिल है।इसके अलावा मोर मकान-मोर आवास के अंतर्गत सवा सात करोड़ रूपये की लागत से 321 हितग्राहियों के लिए बने पक्के मकानों की चाबी भी हमने सौंपी है। जलावर्धन और जलशोधन संयंत्र स्थापना के लिए किरंदुल में करीब 45 करोड़ और बारसूर में 15 करोड़, दंतेवाड़ा में अंतरराज्यीय बस स्टैंड और दंतेवाड़ा जिले के सभी विकासखंडों में आश्रम भवन निर्माण कार्यों के लिए हमने अभी भूमिपूजन किया है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि आप सबको पता है कि हमारी सरकार ने सुशासन के एक साल पूरे कर लिये हैं। इस एक साल के दौरान मोदी जी की गारंटी को हमने पूरी गारंटी के साथ पूरा किया है। हमारी सरकार ने पहली बार बस्तर ओलंपिक का आयोजन किया जिसमें करीब 1 लाख 65 हजार लोगों ने भाग लिया। इस आयोजन की सराहना यशस्वी प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी जी ने मन की बात में भी की। हमारी सरकार गांव-गरीब और किसानों के हित में लगातार काम कर रही है। तेंदूपत्ता संग्राहकों को हमारी सरकार 4 हजार रुपए से बढ़ाकर साढ़े 5 हजार रुपए प्रति मानक बोरा दे रही है। इससे वनवासियों के जीवन स्तर में बदलाव दिखने लगा है। नियद नेल्लानार योजना अंतर्गत जिले के चिन्हित सभी 765 किसानों को 48 लाख रूपये का पावर स्प्रेयर, 1 करोड़ 70 लाख रूपये की लागत से पॉवर ट्रिलर जल्द ही वितरण करने की तैयारी कृषि विभाग ने की है। नियद नेल्लानार योजना के तहत 1200 परिवारों को निःशुल्क मोबाइल फोन का वितरण किया जा रहा है। इससे दूरस्थ अंचल के ग्रामीण मुख्यधारा से जुड़ सकेंगे। सुदूर अंचल के क्षेत्रों में आवागमन की सुविधा सुनिश्चित करने के लिए जन सुविधा एक्सप्रेस अभियान के तहत करीब 4 करोड़ रूपये की लागत से 37 वाहन महिला समूहों और युवा संगठनों के माध्यम से संचालित हैं।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि यहां माता-बहनों की बड़ी संख्या में उपस्थिति है। यह इस बात का प्रमाण है कि इनके खाते में हर महीने एक-एक हजार रूपये सांय-सांय जा रहा है। अभी हाल ही में हमने इस साल के पहले दिन ही माता-बहनों के खाते में रूपये जमा कराया। इससे महिला सशक्तिकरण को बल मिला है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हमारी सरकार गांव-गरीब और किसानों के हित में लगातार काम कर रही है। पंडित दीनदयाल उपाध्याय जी ने अंत्योदय के विकास का जो सपना देखा था। उसे हम सब मिलकर पूरा करने में जुटे हैं। प्रधानमंत्री मोदी जी का सपना है कि कोई भी भारतीय खुले आसमान के नीचे नहीं सोएगा। हर नागरिक का पक्का मकान होगा। इसी कड़ी में हमारी सरकार बनते ही हमने 18 लाख से अधिक प्रधानमंत्री आवास की स्वीकृति दी। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय ग्रामीण विकास मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने 3 लाख 88 हजार आवासों की स्वीकृति पुनः प्रदान की है।
मुख्यमंत्री श्री साय ने आवास प्लस का जिक्र करते हुए कहा कि वर्ष 2024 में बहुत से लोग आवास योजना के लाभान्वित होने से वंचित हुए थे इसके साथ ही वाहन, आय और भूमि संबंधी अन्य संसाधनों होने के साथ ही वे आवास योजना के दायरे से बाहर में थे उनके लिए आवास प्लस योजना के तहत सर्वे कार्य प्रारंभ किया गया हैं। और शीघ्र ही उन्हें सूची में जोड़ा जाएगा। उन्होंने बताया कि वहीं 2.5 एकड़ सिंचित एवं 5 एकड़ असिंचित भूमि वाले किसान भी आवास योजना के लाभार्थी होंगे। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार शिक्षा, स्वास्थ्य, सिंचाई संसाधन और सड़कों के रखरखाव पर फोकस करते हुए अंतिम छोर के व्यक्ति तक सुशासन पहुंचाने प्रतिबद्ध है।
उन्होंने कहा कि दन्तेवाड़ा जिला खनिज सम्पदा और जैविक कृषि में अग्रणी जिला है। अतः क्षेत्र के सर्वांगीण विकास हेतु राज्य शासन प्रतिबद्ध है। शीघ्र ही जिले में वन्य प्राणी के संरक्षण और पर्यटन को बढ़ावा देने की दृष्टि से ’’जू पार्क” (चिड़ियाघर ) का निर्माण भी किया जाएगा। इसके अलावा जैविक कृषि को महत्व देने के लिए सभी लेम्पस और राशन दुकानों में जैविक खाद उपलब्ध किए जाएंगे। मुख्यमंत्री श्री साय ने दान-पुण्य के महापर्व छेरछेरा और मकर संक्रांति की सभी को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दी।
वनमंत्री श्री केदार कश्यप ने कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए अपने संबोधन में कहा कि सरकार के एक वर्ष के नेतृत्व में दन्तेवाड़ा जिला प्रगति के पथ पर अग्रसर है । जिले में कई योजनाएं संचालित किए जा रही है जो राज्य और राष्ट्रीय स्तर पर मिसाल साबित होगी। आमसभा में सांसद बस्तर श्री महेश कश्यप एवं क्षेत्र के विधायक श्री चैतराम अटामी द्वारा भी जिले के विकास कार्यो पर प्रकाश डाला गया। इस अवसर पर डीआईजी श्री कमलोचन कश्यप, कलेक्टर श्री मयंक चतुर्वेदी, एसपी श्री गौरव राय, डीएफओ श्री सागर जाधव तथा जिला प्रशासन के अन्य अधिकारी एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित थे।
रायपुर: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय आज इन कार्यक्रमों में लेंगे हिस्सा.
रायपुर:- मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के मुख्य आतिथ्य में 14 जनवरी को दोपहर 12 बजे तीन दिवसीय भव्य तातापानी महोत्सव संक्रांति परब का शुभारंभ होगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री श्री साय बलरामपुर-रामानुजगंज जिले को 167.25 करोड़ रूपए के विकास कार्याें की सौगात देंगे, जिसमें 124.10 करोड़ रूपए की लागत से निर्मित होने वाले 134 निर्माण कार्याें का भूमिपूजन और 43.14 करोड़ रूपए की लागत से निर्मित 58 कार्याें का लोकार्पण शामिल हैं। बलरामपुर-रामानुजगंज जिले के तातापानी में आयोजित इस तीन दिवसीय महंोत्सव के दौरान सांस्कृतिक संध्या में छत्तीसगढ़ी, बॉलीवुड और भोजपुरी के कलाकारों द्वारा शानदार कार्यक्रमों की प्रस्तुति दी जाएगी। महोत्सव के प्रथम दिन मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय की मौजूदगी में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के अंतर्गत 300 जोड़े परिणय सूत्र में आबद्ध होेंगे।
तातापानी महोत्सव संक्रांति परब के शुभारंभ कार्यक्रम की अध्यक्षता आदिम जाति कल्याण एवं कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम करेंगे। इस अवसर पर महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े, सांसद श्री चिंतामणि महाराज, विधायक श्रीमती उद्धेश्वरी पैकरा एवं श्रीमती शकुन्तला सिंह पोर्ते, जिला पंचायत अध्यक्ष सुश्री निशा नेताम, उपाध्यक्ष श्रीमती राधा देवी सिंह देव, जनपद अध्यक्ष श्री विनय पैकरा एवं श्रीमती शारदा देवी सिंह विशिष्ठ अतिथि होंगे। सांस्कृतिक कार्यक्रमों के अंतर्गत छत्तीसगढ़ी गायिका गरिमा दिवाकर एवं उनकी टीम द्वारा छत्तीसगढ़ी गीतों की प्रस्तुति एवं छात्र-छात्राओं द्वारा सांस्कृतिक कार्यक्रम की प्रस्तुति दी जाएगी।
तातापानी महोत्सव के दूसरे दिन कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम के मुख्य आतिथ्य में किसान संगोष्ठी एवं पंच-सरपंच सम्मेलन का आयोजन होगा। सांस्कृतिक संध्या के अंतर्गत 15 जनवरी को बॉलीवुड के कम्पोजर एवं सिंगर मिथुन एवं स्थानीय छात्र-छात्राओं द्वारा ट्राईबल फैशन वॉक की प्रस्तुति दी जाएगी। तातापानी महोत्सव का समापन 16 जनवरी को महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती लक्ष्मी राजवाड़े की मौजूदगी में संध्या 4 बजे होगा। इससे पूर्व सांस्कृतिक कार्यक्रम के अंतर्गत भोजपुरी अभिनेत्री एवं गायिका अक्षरा सिंह, स्कूली छात्र-छात्राओं और इंडियन रोलर म्यूजिक बैंड भिलाई द्वारा कार्यक्रमों की प्र्रस्तुति दी जाएगी।
गौरतलब है कि अपने गर्म जल स्त्रोत एवं धार्मिक महत्व के कारण देश भर में विख्यात तातापानी में मकर संक्रांति पर्व के अवसर पर 14 से 16 जनवरी तक भव्य मेले का आयोजन किया जा रहा है। यहां छत्तीसगढ़ के साथ-साथ पड़ोसी राज्यों के लोग बड़ी संख्या में शामिल होते हैं।
रायपुर: फ्लोरा मैक्स मामले में माननीय उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन का बड़ा बयान…. पढ़िए पूरी खबर
फ्लोरा मैक्स के मामले में पुलिस ने सरगना समेत सभी प्रमुख लोगों को पुलिस ने जेल भेज दिया हैं। विस्तृत जाँच चल रही है। ठगराज भूपेश बघेल जिस फोटो को वायरल कर आरोप लगा रहे हैं वह उत्कर्ष बैंक की हैं ना की फ्लोरा मैक्स की। कल आंदोलनकारियों में भी बहुत सारी ऐसी महिलाएं शामिल होने का पता चल रहा है जो फ्लोरा मैक्स से पीड़ित नहीं हैं। शासन प्रशासन महिलाओं की समस्या का हल निकाल रही है।
मंत्री देवांगन ने स्पष्ट किया कि उन्होंने कभी किसी महिला का अपमान नहीं किया। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य केवल प्रशासनिक व्यवस्था बनाए रखना था, ताकि रास्ता साफ हो सके। वनवासी कल्याण आश्रम में दूर दराज गांवों से आए महिलाओं और बच्चे कई घंटे से फंसे हुए थे। उन्होंने इस पूरे मामले को अनावश्यक विवाद बताते हुए इसे सियासी चाल करार दिया।
कोरबा : फ्लोरा मैक्स चिटफंड कंपनी ने लिया राजनीतिक मोड़; शुरू हुआ आरोप-प्रत्यारोप का खेल ?…
कोरबा:- फ्लोरा मैक्स कंपनी का यह मामला छत्तीसगढ़ में निवेशकों के साथ होने वाले चिटफंड घोटालों का एक और उदाहरण है, जिसने कई महिलाओं की मेहनत की कमाई को धोखे से हड़प लिया। इस घटना ने न केवल वित्तीय बल्कि सामाजिक स्तर पर भी गहरी चोट पहुंचाई है।
भाजपा और कांग्रेस के बीच आरोप-प्रत्यारोप से यह मामला और भी राजनीतिक रंग ले चुका है। भाजपा जिला अध्यक्ष मनोज शर्मा ने इसे कांग्रेस शासन से जोड़ते हुए आरोप लगाए हैं, जबकि कांग्रेस के मंत्री लखनलाल देवांगन का वीडियो वायरल होने से उनकी छवि पर सवाल उठ रहे हैं। वीडियो में मंत्री का रवैया आलोचनात्मक बना हुआ है, जो सरकार के प्रति जनता की नाराजगी को और बढ़ा रहा है।
प्रभावित महिलाओं का प्रदर्शन और उनका लोन माफी की मांग करना यह दर्शाता है कि वे अपने अधिकारों और न्याय के लिए संघर्षरत हैं। पुलिस द्वारा कार्रवाई की जा रही है, लेकिन इसे तेजी और पारदर्शिता से आगे बढ़ाने की जरूरत है ताकि पीड़ितों को न्याय मिल सके और दोषियों को सख्त सजा दी जा सके।
यह मामला राजनीतिक और प्रशासनिक स्तर पर यह सवाल खड़ा करता है कि चिटफंड कंपनियों पर निगरानी और नियंत्रण को और अधिक प्रभावी कैसे बनाया जा सकता है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।
धार्मिक : पटेल समाज सावनी ने मनाया धूम धाम से शाकंभरी जयंती.
रायपुर: पाटन में वर्षों बाद शाकंभरी जयंती की शुरुआत की पहल को लेकर पटेल समाज सावनी ने मिलकर इस तिथि को अपनाया ,साथ ही साथ शाकंभरी जयंती के अवसर पर साग सब्जियों से भरी माता शाकंभरी की मंदिर तैयार कर गांव में रैली निकाली गई जिसमें गांव के सभी पटेल वासी सब्जियों से सजा कलश यात्रा का आयोजन किया गया ।
माता शाकंभरी की पूजा अर्चना के साथ सामुदायिक भवन निर्माण की पूजन का कार्यक्रम किया गया। रात्रि कालीन कार्यक्रम के दौरान रामायण कथा का आयोजन पटेल समाज सावनी ने धूम धाम से किया ,और प्रसाद के रूप में सभी प्रकार सब्जियों के प्रसाद बनाकर सभी को वितरण किया गया ।
इस कार्यक्रम में उपस्थित अतिथि संजय यदु और गांव के प्रमुख लोग गंगाधर पटेल, हरीश पटेल, प्रभात पटेल, सुनील पटेल, यशवंत पटेल,श्याम लाल पटेल, द्वारिका पटेल, जशपाल पटेल,फेकू पटेल,प्रकाश पटेल, टोमन पटेल, महेंद्र पटेल, सुखीत पटेल,फिरता पटेल,वेणीराम पटेल, अशोक पटेल,शिलूराम पटेल, मुरारी पटेल,हरिशंकर पटेल, टिकेश्वर पटेल,खुमान पटेल,रवि पटेल, प्रेम प्रकाश पटेल, राजू पटेल, दिलेश्वर पटेल, नागेश पटेल, विक्कू पटेल समस्त पटेल ग्रामवासी के सहयोग से यह कार्यक्रम संपन्न हुआ ।