छत्तीसगढ़ /

प्रदेश स्तरीय बूढ़ादेव महोत्सव, तैयारी बैठक

छत्तीसगढ़ संवाददाता कोंडागांव, 12 अक्टूबर। कोंडागांव के केशकाल स्थित गांडा भवन में सर्व गांडा समाज की संभागीय स्तर की बैठक आयोजित की गई, जिसमें समाज के प्रदेश स्तरीय पदाधिकारी शामिल हुए। बैठक में लिए गए निर्णय के अनुसार, इस वर्ष प्रदेश स्तरीय बूढ़ादेव महोत्सव का आयोजन 16 और 17 नवंबर को कोंडागांव जिले में किया जाएगा। समाज के पदाधिकारियों ने बताया कि गांडा जाति मूलत: गोंडवाना परंपरा और प्रकृति पूजक संस्कृति से जुड़ी है। इस समाज के लोग कई गांवों में गायता के रूप में धार्मिक व पारंपरिक दायित्व निभाते हैं। गांडा समाज के प्रमुख आराध्य देव बूढ़ादेव हैं, जिनकी आराधना और सम्मान में हर वर्ष यह महोत्सव बड़े पैमाने पर आयोजित किया जाता है। राजा-महाराजाओं के समय से ही यह जाति पारंपरिक वाद्य यंत्र बजाने और ग्राम देवी-देवताओं की पूजा-अर्चना में अपनी सक्रिय भूमिका निभाती आ रही है। इसी परंपरा के तहत कोतवाल के रूप में भी इनका पारंपरिक योगदान रहा है, और इनके वाद्य यंत्रों के बिना ग्राम देवी की पूजा-अर्चना अधूरी मानी जाती है। इस दो दिवसीय प्रदेश स्तरीय महोत्सव को भव्य रूप देने के लिए समाज के सभी प्रतिनिधियों ने व्यापक तैयारियां शुरू कर दी हैं।

Leave Your Comment

Click to reload image