प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना: मोदी सरकार ने गरीब परिवारों के सब्सिडी वाले सिलेंडर की संख्या घटाई, इन्हें भी अंतरराष्ट्रीय महंगाई की परिभाषा समझाई
09-Jun-2026
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के तहत गरीब परिवारों को सब्सिडी में मिलने वाले एलपीजी सिलेंडर की संख्या मोदी सरकार ने घटा दी है। उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को अब साल में सिर्फ 4 ही सब्सिडी वाले सिलेंडर मिलेंगे। मोद सरकार ने गरीबों को मिलने वाली एलपीजी सिलेंडर की संख्या 5 कम कर दी है। ऐसा करने के पीछे मोदी सरकार ने गरीबों को अंतरराष्ट्रीय महंगाई की परिभाषा समझाई है।
बता दें कि उज्ज्वला योजना के तहत देश में 10.60 करोड़ एलपीजी कनेक्शन दिए गये हैं। शुरुआत में लाभार्थियों को साल में 12 सब्सिडी वाले 14.2-kg सिलेंडर मिलते थे। पिछले साल सब्सिडी वाले सिलेंडर का कोटा घटाकर नौ कर दिया गया था। अब अंतरराष्ट्रीय महंगाई का हवाला देकर इसे चार सिलेंडर कर दिया गया है।
प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना (PMUY) मई 2016 में शुरू की गई थी ताकि गरीब परिवारों की वयस्क महिलाओं को बिना डिपॉजिट वाले LPG कनेक्शन दिए जा सकें. यह फैसला पश्चिम एशिया संकट की वजह से देश में एलपीजी की बढ़ती लागत होने के कारण लिया गया है. शुरुआत में साल में 12 सब्सिडी वाले 14.2-kg सिलेंडर मिलते थे. अभी तक इनको साल में नौ सिलिंडर (300 रुपये प्रत्येक सिलिंडर पर सब्सिडी) पर दिये जाते थे. सरकार का तर्क है कि अभी भी उज्ज्वला और गैर-उज्ज्वला एलपीजी ग्राहकों को 700 रुपये प्रति सिलिंडर की सब्सिडी मिल रही है. यानी चार सिलिंडर 642 और बाकी के 942 रुपये पर मिलेंगे.
PM Ujjwala Yojana: उज्ज्वला योजना के लाभार्थियों को लगा बड़ा झटका, सरकार ने घटाई सब्सिडी वाले सिलेंडरों की संख्या, अब 9 की जगह केवल 4 मिलेंगे | The ...
पेट्रोलियम एवं प्राकृतिक गैस मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव प्रवीण मल खनूजा ने कहा कि संशोधित सीमा उज्ज्वला लाभार्थियों की औसत वार्षिक गैस खपत के करीब है. सरकार का उद्देश्य लाभार्थियों की जरूरत को ध्यान में रखते हुए समर्थन देना है.उन्होंने कहा कि बदली हुई सीमा मोटे तौर पर PMUY परिवारों की औसत सालाना खपत को दिखाती है. उन्होंने कहा कि यह बढ़ोतरी रोजाना 1 रुपये के बराबर है. उन्होंने आगे कहा कि पांच लोगों वाले परिवार के लिए यह बढ़ोतरी रोजाना 20 पैसे के बराबर है.
प्रवीण मल खानूजा ने बताया कि फरवरी के आखिर में पश्चिम एशिया में युद्ध शुरू होने के बाद इंटरनेशनल कीमतों में उछाल आया, जिससे घरेलू LPG सिलेंडर की सप्लाई की लागत बढ़कर 1,600 रुपये से ज़्यादा हो गई है, क्योंकि होर्मुज जलडमरूमध्य से जुड़ी रुकावटों के कारण खाड़ी क्षेत्र से सप्लाई कम हो गई है.