छत्तीसगढ़
कृषि मंत्री श्री रामविचार नेताम ने विभागों के लिए 59702 करोड़ रुपए से अधिक की अनुदान मांगा
रायपुर: कृषि एवं आदिम जाति कल्याण मंत्री श्री रामविचार नेताम के विभागों से संबंधित 59702 करोड़ 28 लाख 57 हजार रूपए की अनुदान मांगें आज छत्तीसगढ़ विधानसभा में चर्चा के बाद सर्वसम्मति से पारित कर दी गई। इनमें अनुसूचित जाति उपयोजना के अंतर्गत त्रिस्तरीय पंचायती राज संस्थाओं को वित्तीय सहायता के लिए 214 करोड़ 35 लाख 5 हजार रूपए, आदिम जाति कल्याण के लिए 7292 करोड़ 8 लाख 76 हजार रूपए, अनुसूचित जनजाति उपयोजना के लिए 31,724 करोड़ 95 लाख 39 हजार रूपए, अनुसूचित जनजाति उपयोजना से संबंधित लोक निर्माण कार्य (सड़कें और पुल) के लिए 1516 करोड़ 65 लाख 2 हजार रूपए, अनुसूचित जाति कल्याण के लिए 2 करोड़ 85 लाख 90 हजार रूपए, अनुसूचित जाति उपयोजना अंतर्गत नगरीय निकायों को वित्तीय सहायता के लिए 130 करोड़ 79 लाख 39 हजार रूपए, अनुसूचित जाति उपयोजना के लिए 10,206 करोड़ 73 लाख 23 हजार रूपए, पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक विकास के लिए 305 करोड़ 91 लाख 32 हजार रूपए, अनुसूचित जनजाति उपयोजना से संबंधित लोक निर्माण कार्य (भवन) के लिए 287 करोड़ 97 लाख 9 हजार रूपए, अनुसूचित जनजाति उपयोजना के अंतर्गत त्रिस्तरीय पंचायती राज संस्थाओं को वित्तीय सहायता के लिए 453 करोड़ 41 लाख 24 हजार रूपए, अनुसूचित जनजाति उपयोजना के अंतर्गत नगरीय निकायों को वित्तीय सहायता के लिए 165 करोड़ 93 लाख 63 हजार रूपए, कृषि विभाग के लिए 6980 करोड़ 47 लाख 55 हजार रूपए तथा कृषि अनुसंधान एवं शिक्षा से संबंधित व्यय के लिए 420 करोड़ 15 लाख 20 हजार रूपए की राशि शामिल है। सदन में चर्चा के दौरान सदस्यों ने अपने-अपने क्षेत्रों की मांग रखा और सुझाव
कृषि एवं आदिम जाति कल्याण मंत्री श्री रामविचार नेताम ने अनुदान मांगों पर चर्चा का जवाब देते हुए कहा कि छत्तीसगढ़ सरकार कृषि और किसानों के कल्याण के लिए लगातार बेहतर करने के लिए प्रतिबद्ध है। हमारी सरकार ने किसानों को 2 वर्षों के बकाया बोनस की राशि का भुगतान शपथ लेने के दो सप्ताह के भीतर ही किया है। हम 3100 रूपए की दर से प्रति एकड़ किसानों से 21 क्विंटल धान खरीद रहे हैं। बहुत ही कम समय में हमारी सरकार ने किसानों के लिए बड़ा काम किया है। उन्होंने कहा कि राज्य को आगे बढ़ाने के लिए उद्योगों के साथ ही कृषि क्षेत्र का भी विकास जरूरी है।
छत्तीसगढ़ में अच्छी जमीन, पानी और कृषि के अनुकूल जलवायु है। इस क्षेत्र में भी अपार संभावनाएं हैं। किसानों की आमदनी बढ़ाने के लिए हमें प्रसंस्करण के क्षेत्र में जाना चाहिए। उन्होंने बताया कि राष्ट्रीय बागवानी मिशन में छत्तीसगढ़ के 24 जिले शामिल हैं। इसके अंतर्गत अधिसूचित क्षेत्रों में कोल्ड स्टोरेज की स्थापना के लिए 2 करोड़ रूपए तक की सहायता दी जाती है। सरगुजा क्षेत्र में शक्कर कारखाना की स्थापना से वहां के किसानों की आय बढ़ी है। कृषि के साथ ही उद्यानिकी फसलों का विस्तार भी जरूरी है। श्री नेताम ने कहा कि हमने अगले वर्ष के बजट में प्याज, मसाला, फूल और चाय की खेती का रकबा बढ़ाने का प्रावधान रखा है। हम जशपुर से सामरी तक 5585 एकड़ में चाय बगानों का विस्तार करेंगे। हमने कटहल के प्रसंस्करण के लिए भी बजट प्रावधान रखा है।
आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास मंत्री श्री नेताम ने बताया कि वर्ष 2024-25 के बजट में आबादी के अनुसार विभिन्न वर्गों के लिए पर्याप्त राशि का प्रावधान किया गया है। हमने अनुसूचित जनजाति उपयोजना की राशि में करीब 31 प्रतिशत और अनुसूचित जाति उपयोजना की राशि में 28 प्रतिशत की वृद्धि की है। विभागीय अनुदान मांगों की चर्चा का उत्तर देते हुए उन्होंने सदन में पथरिया में पोस्ट मैट्रिक छात्रावास, मुंगेली में अनुसूचित जाति छात्रावास और तखतपुर में उद्यानिकी महाविद्यालय खोलने की घोषणा की। उन्होंने ऐसे सभी जिला और विकासखण्ड मुख्यालय जहां पोस्ट मैट्रिक छात्रावास नहीं है, वहां पोस्ट मैट्रिक छात्रावास खोलने की घोषणा की। उन्होंने ऐसे जिला मुख्यालय जहां महाविद्यालय हैं, वहां कन्या छात्रावास खोलने की भी घोषणा की। श्री नेताम ने कहा कि प्रदेश के आश्रम-छात्रावासों, प्रयास स्कूलों और एकलव्य संस्थानों में सुविधाएं विकसित कर उन्हें देश में मॉडल के रूप में स्थापित किया जाएगा। उन्होंने आश्रमों और छात्रावासों का उन्नयन कर सीटों की संख्या बढ़ाने की बात कही। श्री नेताम ने भवनविहीन आश्रमों और छात्रावासों के नए भवन प्राथमिकता के साथ बनाने की बात भी कही।
श्री नेताम ने विशेष पिछड़ी जनजातियों और उनकी बसाहटों को विकास की मुख्य धारा से जोड़ने के लिए प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी की पहल के लिए उनके प्रति आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री की पहल से राज्य के विशेष पिछड़ी जनजातियों तक बुनियादी सुविधाएं, बेहतर अधोसंरचना और जनसुविधाएं पहुंच रही हैं। उन्होंने बताया कि वर्ष 2024-25 के बजट में राज्य में पीवीटीजी बसाहटों को मुख्य मार्ग से जोड़ने के लिए 300 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है।
बीजेपी विधायक का सरगुजा जिले में अपराधों पर सवाल
रायपुर: विधानसभा में बीजेपी विधायक रामकुमार टोप्पो ने सरगुजा जिले में हुए अपराधों को लेकर सवाल उठाया. पूछा. इसके साथ ही उन्होंने हत्या के एक मामले में दुष्कर्म की आशंका जताते हुए उच्च स्तरीय जांच की मांग की. इस पर मंत्री ने IG रेंज के अधिकारी से घटना की जांच कराने की घोषणा की.
बीजेपी विधायक रामकुमार टोप्पो ने सवाल किया कि सरगुजा जिले में पिछले 3 वर्षों में बलात्कार , हत्या, चोरी, डकैती, मानव तस्करी व हरिजन अत्याचार के कितने प्रकरण दर्ज था? गृहमंत्री विजय शर्मा की गैर मौजूदगी में मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने जवाब देते हुए कहा कि इस दौरान जिले में बलात्कार के 468, हत्या के 175, चोरी के 1512, डकैती के 07, मानव तस्करी के 08 और अनुसूचित जाति, जनजाति, अत्याचार निवारण अधिनियम के अंतर्गत 50 प्रकरण दर्ज है.
रामकुमार टोप्पो ने हत्या के एक मामले में दुष्कर्म की आशंका जताते हुए कहा कि व्यक्ति विशेष का शव संदेहास्पद स्थित में मिला था. परिजनों के साथ भी पुलिस का व्यवहार ठीक नहीं था. इस पूरे प्रकरण की उच्च स्तरीय जांच हो. इस पर मंत्री ने IG रेंज के अधिकारी से घटना की जांच कराने की घोषणा की.
सड़क निर्माण पर भाजपा विधायकों का सदन में मुद्दा
रायपुर: सदन में भाजपा विधायकों ने प्रधानमंत्री सड़क एवं मुख्यमंत्री सड़क योजना का मामला उठाया. भाजपा विधायक धर्मजीत सिंह ने कहा कि सड़क स्वीकृत होने के बाद भी सड़कें नहीं बन पाई हैं. इस पर मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि ईई स्तर के अधिकारी ले जाकर भौतिक सत्यापन करायेंगे. सड़क निर्माण में गड़बड़ी हुई होगी तो उसकी जांच भी कराई जाएगी.
विधानसभा में भाजपा विधायक धरमलाल कौशिक ने प्रधानमंत्री सड़क एवं मुख्यमंत्री सड़क निर्माण मामला उठाया. पंचायत मंत्री की अनुपस्थिति में मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने जवाब देते हुए कहा कि टेंडर की निश्चित समय सीमा होती है. समयसीमा में पूर्ण कर लिया जाएगा. धरमलाल कौशिक ने कहा कि गांव वाले सड़क नहीं बनने से नाराज हैं. समय सीमा होनी चाहिए.
भाजपा विधायक धर्मजीत सिंह ने कहा कि सड़क स्वीकृत होने के बाद भी सड़के नहीं बन पाई हैं. मुरम बिछाई का ब्यौरा दिया गया है, जबकि बाकी काम प्रगति पर होने की जानकारी दी गई है. जवाब बता रहा है कि डीएमएफ मद की अफरा-तफरी का मामला दिख रहा है.
उन्होंने कहा कि तीस-तीस लाख की सड़क दो सालों में ना बन सके तो बड़ी सड़कों का क्या होगा? दस सड़कों का मुझे ले जाकर भौतिक सत्यापन करायेंगे क्या? मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल ने कहा कि जिले के ईई स्तर के अधिकारी ले जाकर भौतिक सत्यापन करायेंगे. सड़क निर्माण में गड़बड़ी हुई होगी तो उसकी जांच भी कराई जाएगी.
"2047 के विकसित भारत का विकसित रेल" थीम पर स्कूली प्रतियोगिताओं का आयोजन
रायपुर रेल मंडल क्षेत्राधिकार के 75 स्कूलों में आयोजित किया गया स्कूली बच्चों के मध्य अनेक प्रतियोगिताएं 828 छात्र-छात्राओं को किया जाएगा पुरस्कृत
रायपुर : “2047 के विकसित भारत का विकसित रेल “ के अंतर्गत देश में रेल विकास के लिए किये जा रहे प्रयासों के महत्वपूर्ण कड़ी में 26 फरवरी 2024 को माननीय प्रधानमंत्री श्रीनरेंद्र मोदी जी द्वारा अमृत भारत स्टेशन स्कीम के तहत 554 महत्वपूर्ण स्टेशनों के पुनर्विकास कार्य का शिलान्यास तथा 1500 रेल ओवरब्रिज/अंडरब्रिज का लोकार्पण/शिलान्यास वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से किया जाएगा । साथ ही पूरे देश में रेल्वे की 40 हज़ार करोड़ से अधिक परियोजनाओं के कार्यों की भी शुरुआत की जाएगी । अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत पहली कड़ी में 508 स्टेशनों के पुनर्विकास की आधारशिला पहले ही अगस्त 2023 में रखी जा चुकी है ।
इसी संदर्भ में “2047 के विकसित भारत का विकसित रेल” थीम पर पूरे देश में स्कूली बच्चों के मध्य विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया जा रहा है | इन प्रतियोगिताओं में देश भर के चार हज़ार स्कूलों के 4 लाख बच्चों ने भाग लिया जिसमे से अलग अलग विधाओं में चुनकर 46000 बच्चों को अलग अलग जगह पुरस्कृत किया जाएगा ।
इसी कड़ी में दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, रायपुर मंडल के क्षेत्राधिकार के अंतर्गत 2047 के विकसित भारत का विकसित रेल थीम पर स्कूली बच्चों के मध्य पेंटिंग, कविता, भाषण, निबंध, कहानी लेखन, यात्रा वृतांत जैसे विभिन्न प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया | रायपुर मंडल क्षेत्राधिकार के 75 विद्यालयों में आयोजित विभिन्न प्रतियोगिताओं में लगभग 4620 बच्चों ने उत्साह के साथ भाग लिया | स्कूली बच्चों ने अपनी पेंटिंग कला, कविता शैली, वाक-पटुता, लेखन कला और यात्रा वृतांत को अपनी बेहतरीन कला तथा विकसित भारत में विकसित रेल की कल्पनीय संकल्पना को अनेक रूपों में प्रस्तुत किया | इस दौरान बच्चों में अति उत्साह का माहौल देखा गया| सभी की संकल्पना है कि विकसित रेलवे सुगमता, सुरक्षा, तकनीकी उन्नति और पर्यावरणीय संरक्षण पर विशेष ध्यान केंद्रित करेगा ।
इस प्रतियोगिता के विजेता बच्चों को 26 फरवरी 2024 को माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा अमृत भारत स्टेशन स्कीम के तहत 554 महत्वपूर्ण स्टेशनों के पुनर्विकास कार्य का शिलान्यास/लोकार्पण समारोह के दौरान मंडल के विभिन्न स्टेशनों में आयोजित कार्यक्रम में पुरस्कृत किया जाएगा |
छत्तीसगढ़ विधानसभा में सीएसआर कार्यों का मुद्दा चर्चा में
रायपुर: विधानसभा में सीएसआर के अंतर्गत होने वाले कार्यों का मुद्दा गूंजा. पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने सवाल किया कि क्या राज्य सरकार केंद्र से आग्रह करेंगे कि पूर्व की तरह राज्य सरकार के नियंत्रण में हो. मंत्री लखनलाल देवांगन ने कहा कि इस संबंध में केंद्र सरकार को पत्र लिखेंगे.
इसके पहले भाजपा विधायक भावना बोहरा ने पूछा कि सीएसआर मद के तहत कौन से कार्य किए जाते हैं. मंत्री लखनलाल देवांगन ने जानकारी दी कि सीएसआर मद केंद्र सरकार के अधीन है. केंद्र सरकार की गाइडलाइन के अनुसार ही कार्रवाई की जाती है.
अनुज शर्मा ने कहा कि उद्योग अपनी मर्जी से राशि खर्च करते हैं, क्या कार्रवाई होगी. इस पर मंत्री लखनलाल देवांगन ने जानकारी दी कि केंद्र सरकार को ही इसके संबंध में निर्णय का अधिकार है. भाजपा विधायक धर्मजीत सिंह ने कहा कि किस माध्यम से काम किया जा रहा है, इसकी जानकारी दें. मंत्री ने कहा कि उद्योग सीधे स्थानीय जनप्रतिनिधि से बात कर काम करते हैं.
सदन में बिलासपुर जिले में सीएसआर मद से दी गई राशि का मामला भी उठा. भाजपा विधायक सुशांत शुक्ला ने वर्षवार दी गई राशि की जानकारी मांगी. मंत्री लखन लाल देवांगन ने बताया कि सीआरएस मद केंद्र सरकार के अधीन है. 2022 में राज्य से अधिकार ले लिया गया था, इसलिए इसकी जानकारी दे नही पाऊंगा.
सुशांत शुक्ला ने कहा कि आपकी ही सरकार के अधिकारी ने जानकारी दी है. सीएसआर मद में कलेक्टर के माध्यम से बंदरबांट की गई है. यह किस अधिकार से हुआ. इस पर मंत्री लखन लाल देवांगन ने कहा कि हम भारत सरकार से मांग करेंगे कि सीएसआर मद का अधिकार राज्य को दिया जाए, जिससे व्यवस्थाओं के साथ मद का उपयोग हो सके.
राजधानी रायपुर में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह का आत्मीय स्वागत
केंद्रीय गृह मंत्री श्री अमित शाह का राजधानी रायपुर के स्वामी विवेकानंद विमानतल में मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आत्मीय स्वागत किया।
इस अवसर पर छत्तीसगढ़ के गृहमंत्री श्री विजय शर्मा ने भी केंद्रीय गृहमंत्री का स्वागत किया।
33 हजार शिक्षकों की भर्ती की तैयारियों में तेजी, टीईटी परीक्षा का आयोजन जल्द
रायपुर: स्कूल शिक्षा मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल ने SCERT संचालक श्री राजेंद्र कटारा को राज्य में जल्द शिक्षक पात्रता परीक्षा (TET) आयोजित कराने के निर्देश दिए है।
शिक्षा मंत्री श्री अग्रवाल के निर्देश के बाद SCERT ने व्यावसायिक परीक्षा मंडल (व्यापमं) को पत्र लिखकर राज्य में जल्द से जल्द टीईटी परीक्षा के आयोजन के लिए कहा है।
श्री अग्रवाल का कहना है कि उन्होंने विधानसभा में राज्य में 33 हजार शिक्षकों की भर्ती की घोषणा की थी। उसी क्रम में राज्य में टीईटी की परीक्षा के आयोजन की तैयारी की जा रही। हमारी सरकार में किसी भी युवा के साथ अन्याय नहीं होगा। ज्यादा से ज्यादा युवा भर्ती प्रक्रिया में शामिल हो सके इसके लिए टीईटी परीक्षा के आयोजन की तैयारी की जा रही है। उन्होंने कहा कि परीक्षा को पूरी पारदर्शिता के साथ आयोजित किया जाएगा।
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में करीब 3 साल से टीईटी परीक्षा का आयोजन नहीं हुआ है, जिसके कारण शिक्षक बनने का सपना देखने वाले युवाओं में काफी निराशा है, जिसके चलते युवा अभ्यर्थी शिक्षा मंत्री श्री बृजमोहन अग्रवाल को राज्य में टीईटी परीक्षा आयोजित करने के लिए ज्ञापन सौंपा था।
तीन नगरीय निकायों को मेला आयोजन के लिए 45 लाख रुपए जारी
उप मुख्यमंत्री श्री अरुण साव के निर्देश पर नगरीय प्रशासन विभाग ने जारी की राशि
रायपुर: उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन एवं विकास मंत्री श्री अरुण साव के निर्देश पर विभाग ने मेलों के आयोजन के लिए 45 लाख रुपए जारी किए हैं। नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग द्वारा रतनपुर नगर पालिका को माघी पूर्णिमा मेला के लिए 15 लाख रुपए तथा राजिम कुंभ मेला आयोजन के लिए राजिम नगर पंचायत को 15 लाख रुपए एवं गोबरा नवापारा नगर पालिका को 15 लाख रुपए जारी किए गए हैं।
छत्तीसगढ़ चैम्बर और कैट सी.जी. चैप्टर के पदाधिकारियों का मुख्यमंत्री से मुलाकात करना
छत्तीसगढ़ चेम्बर एवं कैट सी.जी.चेप्टर के पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री माननीय श्री विष्णुदेव साय जी से मुलाकात कर जन्म दिन की बधाई दी
छत्तीसगढ़ चेम्बर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज के प्रदेश अध्यक्ष अमर पारवानी, महामंत्री अजय भसीन, कोषाध्यक्ष उत्तमचंद गोलछा, कार्यकारी अध्यक्ष राजेन्द्र जग्गी,विक्रम सिंहदेव, राम मंधान, मनमोहन अग्रवाल एवं कैट सीजी चेप्टर के प्रदेश अध्यक्ष जितेन्द्र दोशी,महामंत्री सुरिन्दर सिंह, कोषाध्यक्ष अजय अग्रवाल ने बताया कि प्रदेश के मुख्यमंत्री माननीय श्री विष्णुदेव साय जी के जन्म दिन के अवसर पर छत्तीसगढ़ चेम्बर एवं कैट सी.जी.चेप्टर के पदाधिकारियों ने संयुक्त रूप से मुख्यमंत्री जी से मुलाकात कर उन्हें जन्मदिन की बधाई एवं शुभकामनायें देते हुए उनके दीर्घायु एवं उज्ज्वल भविष्य की कामना की।
इस अवसर पर चेम्बर प्रदेश अध्यक्ष अमर पारवानी, कार्यकारी अध्यक्ष राजेन्द्र जग्गी, उपाध्यक्ष भरत जैन, मंत्री-नीलेश मूंधड़ा, शंकर बजाज, राजेंद्र खटवानी, जयराम कुकरेजा, दीपक विधानी, अमर ध्ंिागानी, युवा चेम्बर महामंत्री कांति पटेल, उपाध्यक्ष जयेश पटेल, तथा कैट सीजी चेप्टर के प्रदेश अध्यक्ष जितेन्द्र दोशी, युवा कैट अध्यक्ष अवनीत सिंह, परविंदर सिंह तथा नागेन्द्र तिवारी प्रमुख रूप से उपस्थित थे।
बिलासपुर: तोरवा क्षेत्र में चोरी के मामलों में दो शातिर चोर और एक महिला की गिरफ्तारी
बिलासपुर: तोरवा क्षेत्र में कोयला व्यापारी के घर हुई चोरी समेत कुल 4 मामलों का पुलिस ने खुलासा किया है. पुलिस ने 2 शातिर चोर और चोरी का सामान खपाने वाली महिला को गिरफ्तार किया है. साथ ही पुलिस ने चोरी के रकम से खरीदी गई एक स्कूटी और करीब 15 लाख रूपये के सोने चांदी के जेवर भी बरामद किया है.
जानकारी के अनुसार, बीते 16 फरवरी की रात देवरीखुर्द थाना तोरवा निवासी आकाश सिंघल के मकान में हुई चोरी सहित कुल 04 मकानों में चोरी करने वाले शातिर चोर पका उर्फ प्रकाश जेम्स और उसके साथी ओम प्रकाश को पुलिस ने गिरफ्तार किया है. आरोपी प्रकाश जेम्स से चोरी के सोने, चांदी के आभूषणों को बाजार में खपाने में मां इंदू साहू का सहारा लेता था. इसलिए उसकी मां को भी इस मामले में आरोपी बनाया गया है. चोरी से प्राप्त रकम से आरोपी प्रकाश जेम्स ने एक होंडा एक्टिवा स्कूटी खरीदा था, जिसे जब्त कर लिया गया है. पुलिस ने 4 मामलों में चोरी किये गये सोने, चांदी के आभूषण जब्त किये गये हैं, जिसकी कीमत लगभग 15 लाख रूपये है.
दरअसल, देवरीखुर्द अटल आवास निवासी पका उर्फ प्रकाश जेम्स और ओम प्रकाश के बारे में मुखबिरों से सूचना मिल रही थी, कि दोनों संदिग्धों के जीवन शैली में काफी बदलाव देखा जा रहा है, जो मंहगे-मंहगे कपड़ों का उपयोग और खाने-पीने में पैसा खर्च कर रहें है. इसी बीच दिनांक 16-17 फरवरी की दरमियानी रात देवरीखुर्द थाना तोरवा निवासी आकाश सिंघल के घर में चोरी हुई. इस मामले के जांच दौरान सीसीटीव्ही फुटेज के आधार पर 02 संदेहियों पका उर्फ प्रकाश जेम्स निवासी देवरीखुर्द और ओम प्रकाश निवासी देवरीखुर्द के रूप में पहचान हुई. पुलिस ने संदेहियों को हिरासत में लेकर पूछताछ किया. जिसमें उन्होंने कबूल किया कि 4 मकानों में ताला तोड़कर चोरी किया है. चोरी से प्राप्त सोने-चांदी के आभूषण को बाजार में खपाने के लिए आरोपी प्रकाश जेम्स अपनी मां इंदू साहू को दिया था. पुलिस ने चोरी के जेवर और उससे खरीदे गए गए सामान को जब्त कर लिया है.
बीजेपी नेताओं का जांजगीर-चांपा में कार्यक्रम: अमित शाह लोकसभा चुनाव प्रचार में शामिल होंगे
जांजगीर-चांपा: जांजगीर-चांपा जिला में गुरुवार को बीजेपी नेताओं का कुम्भ लगने जा रही है. केंद्रीय मंत्री अमित शाह जांजगीर से लोकसभा चुनाव प्रचार का शंखनाद करेंगे. कार्यक्रम की तैयारी का जायजा लेने प्रदेश के वित्त मंत्री और जांजगीर-चाम्पा जिला के प्रभारी मंत्री ओपी चौधरी जांजगीर पहुंचे.
वित्त मंत्री ओपी चौधरी ने जांजगीर के सर्किट हॉउस में कार्यकर्ताओ से मुलाक़ात की. आयोजन को लेकर दिशा-निर्देश देने के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए ओपी चौधरी ने कहा कि डबल इंजन की सरकार आने के बाद प्रदेश का लगातार विकास हो रहा है.
पूर्व सरकार को आड़े हाथ लेते हुए उन्होंने कहा कि कांग्रेस कि सरकार ने गांव, गरीब और किसानों के साथ प्रदेश की जनता के साथ छलावा किया. प्रदेश में लूट मचा कर रखा था. अब बीजेपी की सरकार आने के बाद लोगों को केंद्र और राज्य सरकार की योजना का सीधा लाभ मिलने लगा है.
बता दें कि भारतीय जनता पार्टी ने जांजगीर-चाम्पा जिला मुख्यालय को लोकसभा चुनाव के लिए जनता से सीधे संवाद के लिए चुना है. जिले में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह और प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णु देव साय का पहली बार आगमन हो रहा है. आयोजन को सफल बनाने भाजपा के पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं उत्साह से जुटे हुए हैं.
नगर निगम रायपुर ने 57 लाख 71 हजार के लाभ वाला बजट पेश किया
रायपुर: नगर निगम रायपुर में अपने कार्यकाल का अंतिम बजट महापौर एजाज ढेबर ने बुधवार को निगम मुख्यालय में पेश किया। पेश किए गए बजट 1901 करोड़ 31 लाख 93 हजार रुपयों को फायदे वाला बताते हुए निगम को 57 लाख 71 हजार रुपये का लाभ होने वाला बजट बताया है। महापौर ने शहर में पब्लिक ट्रांसपोर्ट को गतिशील बनाने के लिए मेट्रो लाइट ट्रेन परियोजना की घोषणा करते हुए कहा कि इस परियोजना पर 500 करोड़ रुपये खर्च होंगे और इस परियोजना को पीपीपी मोड के माध्यम से पूरा किए जाने का प्रस्ताव बजट में रखा। महापौर ने बजट को युवा और महिलाओं पर केंद्रित करार दिया है।
विकासों की सौगात देते हुए पेश बजट में महापौर ने शहर के विकास, प्रदूषण कम करने का पुख्ता इंतजाम तथा शहर में कला और संस्कृति को एक नया आयाम देने जैसी घोषणाएं की है। साथ ही शहर में बढ़ रहे आवारा कुत्तों के गैंग को लेकर प्रत्येक जोन में डॉग स्कैचर उपलब्ध कराने का प्रावधान करते हुए बजट में 10.15 करोड़ की लागत से वर्ल्ड स्किल सेंटर खोलने की घोषणा भी की जिसमें कि युवाओं को कौशल प्रशिक्षण दिया जाएगा। बजट पेश करने से पूर्व महापौर एजाज ढेबर बजट ब्रीफकेस लेकर आकाशवाणी स्थित काली मंदिर में देवी का दर्शन कर आर्शीवाद लिया और सीधे नगर निगम मुख्यालय पहुंचे जहां अपना आखिरी बजट आमसभा में पेश किया।
रायपुर नगर निगम क्षेत्र में 10.15 करोड़ रुपए की लागत से वर्ल्ड स्किल सेंटर तैयार किया जाएगा इसके अंतर्गत युवाओं को कौशल प्रशिक्षण प्रदान करने के साथ ही साथ रोजगार मूलक कार्यक्रमों से उन्हें जोड़ा जाएगा। युवाओं को उनकी नैसर्गिक प्रतिभा के अनुरूप रोजगार के अवसर मिले, योग्यता के अनुरूप काम मिले और अर्जित कौशल से वे सम्मान के साथ अपने करियर का चयन कर सकें यह सुविधा प्रदान की जाएगी। शहर में बढ़ रहे आवारा कुत्तों के रहवास के लिए 50 लाख रुपए की लागत से डॉग शेल्टर तैयार किया जाएगा। इस सेंटर में केन्द्र व राज्य सरकार के अधिनियम, नियमों व उपबंधों के अनुरूप पशु चिकित्सकों की देखरेख में यहां बीमार कुत्तों को रखने घायलों के उपचार बधियाकरण आदि की व्यवस्था होगी।
प्रधानमंत्री आवासीय परिसरों में सामुदायिक भवनों की आवश्यकता महसूस की जा रही है। रहवासियों की अपेक्षा के अनुरूप सामुदायिक भवनों का निर्माण की योजना तैयार की गई है। इसके अलावा इन परिसरों के रख-रखाव हरीतिमा बढ़ाने के प्रबंध भी किए जाएंगे। नगर निगम द्वारा 5 करोड़ रुपए की लागत से कौशल प्रशिक्षण केन्द्र सह योगा सेंटर, जिम उद्यान और खेल प्रक्षेत्र निर्धारित करते हुए व्यवसायिक परिसर तैयार करने की योजना तैयार की जा रही है।
आस्था और पौराणिक महत्व के लिए प्रतिष्ठित महादेव घाट क्षेत्र के विकास के लिए कार्य योजना तैयार की जा रही है। इसके अंतर्गत इस स्थल में आगन्तुकों के लिए बुनियादी सुविधाओं का विस्तार व सौंदर्यीकरण कर इसे रमणीक स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा। इस हतु 5 करोड़ की राशि निर्धारित की गई है। आगामी वित्तीय वर्ष में 6 करोड़ की लागत से तीन मिनी स्टेडियम निर्माण की योजना है। इसके निर्माण से छोटे व मध्यम आयोजनों के लिए सभी आयु वर्ग को उपयुक्त स्थल प्राप्त होगा और रचनात्मक गतिविधियों से नई प्रतिभाएं आगे आएगी।
रायपुर आगमन को विशेष पहचान देने के लिए 4 करोड़ की लागत से 7 स्थलों पर आकर्षक प्रवेश द्वार बनाए जाएंगे। आवागमन को सुव्यवस्थित करने और लघु पथ विक्रेताओं को सुविधाएं प्रदान करने नगर निगम क्षेत्र में 10 वेंडिंग जोन तैयार किए जाएंगे। रायपुर नगर निगम क्षेत्र में कला व संस्कृति के साधकों व नवोदित कलाकारों को मंच प्रदान करने 5 करोड़ रुपए की लागत से कला व संस्कृति केन्द्र की स्थापना की जाएगी। इसके अंतर्गत परंपरागत कला, सगीत के प्रशिक्षकों की अगुवाई में नवोदित कलाकारों को प्रशिक्षण प्राप्त होगा, साथ ही परंपरागत व आधुनिक प्रचारतंत्रों से जुड़ी गतिविधियों जैसे- रिकॉर्डिंग स्क्रिप्टिंग, प्रोडक्शन संबंधी प्रशिक्षण व कार्य के लिए उपयुक्त स्थल प्रदान किया जाएगा।
स्थानीय युवाओं को स्वरोजगार से जोडऩे व स्टार्ट-अप व सहकार्यता से जोडऩे के लिए 5 करोड़ की लागत से स्टार्ट-अप स्टूडियो और को-वर्किंग सेंटर का निर्माण किया जाएगा। इस जगह पर स्थानीय युवा अपने आइडिया आपस में शेयर करेंगे और अपने करियर से जुड़े विचार विमर्श कर रोजगार के नए साधनों की दिशा में आगे बढ़ेंगे। रायपुर की लाइफ लाइन माने जाने वाले जीई रोड को 15 करोड़ रुपए की लागत से आकर्षक स्वरूप देकर भव्यता प्रदान की जाएगी। शहर के प्रवेश द्वार पर 7 करोड़ रुपए की लागत से प्रदूषण नियंत्रण के लिए बफर क्लीन कॉरिडोर तैयार किया जाएगा।
शहर के समीप से गुजरने वाले एक्सप्रेस वे के नीचे 1 करोड़ की लागत से मल्टी-प्ले तैयार किए जाएंगे। शहर के भीतर 8 करोड़ रुपए की लागत से स्मार्ट स्ट्रीट तैयार की जाएगी, जिसमें विशिष्ट रंगों की एकरूपता, भूमिगत केबल, चौड़ी सड़कें, ढंकी नालियों की व्यवस्था के साथ वेंडिंग प्वाइंट विकसित किए जाएंगे। रायपुर शहर में 10 करोड़ रुपए की लागत से उद्यानों के मरम्मत संधारण इत्यादि का कार्य किया जाएगा। बच्चों के आमोद-प्रमोद के लिए उचित स्थल प्रदान करने अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन करने नगर निगम रायपुर द्वारा प्रस्तावित अप्पू घर के निर्माण एवं संचालन इस वर्ष से शुरू किये जाने का निर्णय लिया गया है।
रायपुर शहर के प्रगति मैदान का उन्नयन किया जायेगा और स्वदेशी मेला और दूसरी गतिविधियों के आयोजन के लिए उसे विकसित करेंगे। रायपुर में इस वर्ष खेल अकादमी का निर्माण किया जाएगा। इस अकादमी में अंचल के खिलाडिय़ों को प्रशिक्षण प्राप्त होगा और इनडोर वेट लिफ्टिंग खेलों के खिलाडिय़ों को उपयुक्त अवसर प्राप्त होगा। कुत्तों की बढ़ती आबादी और नागरिकों को होने वाले नुकसान को देखते रखते हुए हर जोन में डॉग कैचर उपलब्ध कराए जाने का प्रावधान किया जा रहा है। आवारा पशुओं से होने वाली दुर्घटनाओं से नागरिकों को बचाने के लिए नगर निगम रायपुर निरंतर प्रयास करता है। इस वित्तीय वर्ष में सभी जोन में आवारा पशुओं की धरपकड़ के लिए अलग से मानव बल कराए जाने का प्रावधान किया गया है।
शहर में पब्लिक ट्रांसपोर्ट को गति देने के लिए मेट्रो लाइट ट्रेन की व्यवस्था की जाएगी। इसके लिए करीब 500 करोड़ की इस परियोजना को पीपीपी मोड से पूरा किए जाने का प्रस्ताव तैयार होगा। आमतौर पर निर्माण के बाद परियोजना का मेंटेनेंस व्यापक स्तर पर किए जाने के सुझाव मिलते रहे हैं। इसे ध्यान में रखकर हाई लेवल मॉनिटरिंग कमेटी गठन करने का फैसला लिया गया है। यह कमेटी हो चुके कामों के मेंटेनेंस और संचालन कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग की समीक्षा करेगी। इस कमेटी में महापौर, आयुक्त समेत अन्य जनप्रतिनिधियों को शामिल किया जाएगा।
रायपुर शहर में मच्छर उन्मूलन के लिए 3 करोड़ का प्रावधान। शहर की सभी सब्जी मंडियों में ऑर्गेनिक कम्पोस्ट पीट का निर्माण कार्य कराया जाएगा। रायपुर शहर के लिए इस वित्तीय वर्ष में 100 नग इलेक्ट्रिक बसों का संचालन प्रारंभ कराया जाना है। उद्यानों के रख-रखाव के लिए सुरक्षा कर्मियों की नियुक्ति होगी। रायपुर शहर के तेलीबांधा/एनआईटी/सिटी कोतवाली से जय स्तंभ चौक के मध्य 8 करोड़ रु की लागत से मिनी टाइम स्क्वॉयर का निर्माण होगा। सभी बड़े तालाबों का जैविक उपचार किया जाएगा। तालाबों के किनारे 10 करोड़ की लागत से हाई स्ट्रीट डेवलपमेंट कार्य किए जाएंगे। मेयर एजाज ढेबर ने कहा कि, शहर के अंदर पिकनिक स्पॉट की जरूरत महसूस हो रही है, इसलिए 5 करोड़ की लागत से सिटी पिकनिक पॉइंट का निर्माण किया जाएगा। जहां बोटिंग, प्ले जोन, कुकिंग जोन, रिलैक्स जोन आदि तैयार किए जाएंगे। इंदिरा स्मृति उद्यान सिटी पिकनिक पॉइंट के रूप में विकसित करने की योजना है। मेयर एजाज ढेबर ने बताया कि इस बार रायपुर नगर निगम में राजस्व वसूली का अनुमानित लक्ष्य 241 करोड़ 74 लाख 30 हजार रुपए निर्धारित किया गया है।
छत्तीसगढ़ वन सेवा भर्ती: सुशांत शुक्ला ने उठाए सवाल, हाईकोर्ट में होगी सुनवाई
रायपुर: छत्तीसगढ़ वन सेवा परीक्षा में असफल अभ्यर्थियों को शारीरिक परीक्षा का दोबारा मौका देने का मामला युवा BJP विधायक सुशांत शुक्ला प्रश्नकाल में उठाया। इस मुद्दे पर वनमंत्री केदार कश्यप ने विभाग की ओर से जो जवाब दिया वह संतोषजनक नहीं था, जिसके चलते इस मुद्दे को विधायक शुक्ला ने ध्यानाकर्षण के माध्यम से उठाने की बात कही है।
PSC के जरिये हुई है भर्ती परीक्षा
दरअसल सन् 2020 में वन विभाग के विभिन्न पदों के लिए छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग ने लिखित परीक्षा ली थी। इसके बाद की प्रक्रिया वन विभाग ने शुरू की। पीएससी ने 3 जून 2023 को परीक्षा परिणाम जारी किया। चयनित अभ्यर्थियों के दस्तावेज का परीक्षण करने के बाद शारीरिक दक्षता की परीक्षा 12 सितंबर को ली गई। इसमें 4 घंटे के भीतर 26 किलोमीटर की दूरी पैदल तय करनी थी। इस प्रक्रिया में 20 अभ्यर्थी विफल रहे। इसके बाद प्रतीक्षा सूची में शामिल अभ्यर्थियों को चयन के लिए अवसर दिया जाना था लेकिन वन विभाग ने शारीरिक परीक्षा में विफल अभ्यर्थियों को फिर से मौका देने का निर्णय लिया। इस बात की जानकारी मिलने पर पूरक सूची में शामिल अभ्यर्थियों ने अधिकारियों के समक्ष आपत्ति दर्ज कराई, पर उस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। यह मामला काफी परवान चढ़ा और आखिरकार प्रभावितों ने हाई कोर्ट की शरण ली है।
विधायक सुशांत शुक्ला ने उठाया सवाल…
इस मुद्दे पर भाजपा विधायक सुशांत शुक्ला ने सवाल पूछा कि क्या वन मंत्री यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) उत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग द्वारा छत्तीसगढ़ वन सेवा (संयुक्त) परीक्षा, 2020 में चयनित कितने अभ्यर्थियों की सूची विभाग को प्रदान की गई तथा कितने अभ्यर्थियों को प्रतीक्षा सूची में रखा गया? जानकारी उपलब्ध करावें। (ख) प्रश्नांश “क” के चयनित अभ्यर्थियों में से कितने अभ्यर्थी शारीरिक क्षमता परीक्षण में सम्मिलित हुए तथा उनमें कितने असफल रहे ? असफल अभ्यर्थियों के नाम सहित जानकारी उपलब्ध करावें। (ग) क्या विभागीय भर्ती नियम में शारीरिक क्षमता परीक्षण में असफल अभ्यर्थियों को दुबारा अवसर देने का प्रावधान है ? यदि हां तो नियम की प्रति उपलब्ध करावें। यदि नहीं तो क्या असफल अभ्यर्थियों को नियम विरुद्ध दूसरा अवसर दिया गया अथवा देने हेतु प्रक्रिया अपनाई जा रही है ? (घ) क्या प्रश्नांश ‘ग’ की प्रक्रिया हेतु सामान्य प्रशासन विभाग से अभिमत लिया गया ? यदि हो तो अभिमत क्या था? अभिमत की प्रति उपलब्ध करावें । (ङ) क्या सामान्य प्रशासन से प्राप्त अभिमत अनुसार असफल रहे अभ्यर्थियों हेतु दुबारा शारीरिक क्षमता परीक्षण आयोजित की जा रही है ? यदि हां तो किसकी अनुमति एवं अनुमोदन से? ? विस्तृत ब्यौरा प्रदान करें।
वनमंत्री ने दिया ये जवाब
वन मंत्री केदार कश्यप ने बताया कि PSC के माध्यम से छ.ग. वन सेवा (संयुक्त) परीक्षा, 2020 अंतर्गत सहायक वन संरक्षक एवं वनक्षेत्रपाल के विज्ञापित कुल 211 पदों के विरूद्ध अंतिम चयन परिणाम के मुख्य सूची में सहायक वन संरक्षक के पद पर 34 एवं वनक्षेत्रपाल के पद पर 177, कुल 211 अभ्यर्थियों की सूची जारी की गई है तथा सहायक वन संरक्षक के पद हेतु 15 अभ्यर्थी एवं वनक्षेत्रपाल के पद हेतु 77 अभ्यर्थी को अनुपूरक सूची में प्रेषित की गई।
फिजिकल टेस्ट में 27 परीक्षार्थी रहे असफल
वनमंत्री ने बताया कि चयनित अभ्यर्थियों में से सहायक वन संरक्षक पद हेतु कुल 34 एवं वनक्षेत्रपाल पद हेतु कुल 158 अभ्यर्थी शारीरिक क्षमता परीक्षण (पैदल चाल) में सम्मिलित हुए, उनमें से सहायक वन संरक्षक पद हेतु 03 एवं वनक्षेत्रपाल पद हेतु 24, कुल 27 अभ्यर्थी असफल रहे। असफल अभ्यर्थियों के नाम सहित जानकारी पुस्तकालय में रखे प्रपत्र-ब’अनुसार है।
परीक्षण में असफल अभ्यर्थी को दोबारा मौके का प्रावधान नहीं
छ.ग. (वन) राजपत्रित सेवा भर्ती नियम् 2015 के कंडिका क्रमांक 11(11) में शारीरिक मापदण्ड हेतु नियम प्रावधानित है, जिसमें शारीरिक क्षमता परीक्षण में असफल अभ्यर्थियों को दुबारा अवसर देने अथवा नहीं देने के संबंध में कोई उल्लेख नहीं है। पैदल चाल में सम्मिलित सभी अभ्यर्थी छ.ग. लोक सेवा आयोग के माध्यम से आयोजित प्रतियोगी परीक्षा उत्तीर्ण कर चयनित हुए है। चूंकि पैदल चाल परीक्षण कोई प्रतियोगिता (competition) नहीं है, अपितु अर्हकारी (Qualifying) परीक्षण है। अतः छ.ग. वन (राजपत्रित) सेवा भर्ती नियम 2015 के नियम 21 (शिथिलीकरण)- “इन नियमों में दी गई किसी बात का यह अर्थ नहीं लगाया जायेगा कि वह किसी ऐसे व्यक्ति के मामले में जिस पर ये नियम लागू होते है, ऐसी रीति से कार्यवाही करने की राज्यपाल की शक्ति को, जो उसे न्यायसंगत एवं उचित प्रतीत हो, सीमित या कम करती है।” के अनुसार ही उपरोक्त कुल 27 असफल अभ्यर्थियों को पुनः एक अवसर प्रदान किये जाने हेतु विभाग द्वारा प्रक्रिया अपनाई जा रही है। छ.ग. (वन) राजपत्रित सेवा भर्ती नियम, 2015 की प्रति पुस्तकालय में रखे प्रपत्र ‘स’ अनुसार है।
नियम नहीं, फिर भी विभाग ने दी अनुमति
वनमंत्री ने बताया कि इस मामले में सामान्य प्रशासन विभाग (GAD) से अभिमत लिया गया है। सामान्य प्रशासन विभाग के द्वारा अभिमत दिया गया कि प्रकरण वांछित अभिमत/ मार्गदर्शन के संबंध में लेख है कि प्रशासकीय विभाग के भर्ती नियमों में शारीरिक दक्षता (पैदल चाल) हेतु अवसर प्रदान किये जाने का प्रावधान नहीं होने के कारण सामान्य प्रशासन विभाग का कोई अभिमत नहीं है। अभिमत की प्रति पुस्तकालय में रखे प्रपत्र- द’ अनुसार है। सामान्य प्रशासन विभाग से प्राप्त अभिमत अनुसार असफल रहे अभ्यधियों हेतु दुबारा शारीरिक क्षमता परीक्षण आयोजित नहीं की जा रही है। अपितु प्रशासकीय विभाग द्वारा प्रकरण के विचारोपरांत अपात्र अभ्यर्थियों को पुनः पैदल चाल हेतु अवसर दिये जाने की अनुमति प्रदान की गई है। जो कि वर्तमान में न्यायालय में विचाराधीन है।
हाई कोर्ट ने भर्ती प्रक्रिया पर दिया है स्टे
दरअसल इस मामले में बस्तर के योगेश बघेल सहित 6 अन्य अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट मे याचिका दायर की है। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने वन सेवा भर्ती प्रक्रिया में गड़बड़ी को लेकर दायर याचिका पर सुनवाई की। इस दौरान जस्टिस अरविंद सिंह चंदेल की बेंच ने आगे की प्रक्रिया रोकते हुए शासन को जवाब दाखिल करने को कहा है।
वन विभाग की इस भर्ती प्रक्रिया में शारीरिक परीक्षा में विफल अभ्यर्थियों के स्थान पर प्रतीक्षा सूची में शामिल अभ्यर्थियों को चयन के लिए अवसर दिया जाना था, लेकिन वन विभाग ने शारीरिक परीक्षा में विफल अभ्यर्थियों को फिर से मौका देने का निर्णय लिया। इस बात की जानकारी मिलने पर पूरक सूची में शामिल अभ्यर्थियों ने अधिकारियों के समक्ष आपत्ति दर्ज कराई, मगर उस पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। अभ्यर्थियों के अनुसार नियमों में यह स्पष्ट उल्लेख है कि शारीरिक परीक्षा में असफल होने पर अभ्यर्थियों को दोबारा मौका नहीं दिया जाएगा लेकिन कुछ विशेष उम्मीदवारों को लाभ देने के लिए नियम के विरुद्ध अवसर दिया जा रहा है। सुनवाई नहीं होने पर बस्तर के योगेश बघेल सहित 6 अन्य अभ्यर्थियों ने हाईकोर्ट मे याचिका दायर की है।
भर्ती प्रक्रिया में हुई है गड़बड़ी : MLA शुक्ला
इस मुद्दे पर TRP न्यूज़ से चर्चा करते हुए MLA सुशांत शुक्ला ने कहा कि उनके प्रश्न पर सदन में जो जवाब दिया गया है, वह काफी गोलमोल है, और यह तय है कि अधिकारियों ने गड़बड़ी की है। शुक्ला ने बताया कि अब यह मामला ध्यानाकर्षण में उठाएंगे, ताकि इस पर ठोस चर्चा हो और गड़बड़ी पर कार्रवाई को लेकर सरकार की ओर से कोई जवाब मिल सके।
रायपुर: बिरनपुर मामले की सीबीआई जांच का ऐलान
रायपुर: विधानसभा में बुधवार को बिरनपुर में हुई हत्या का मामला उठा. ध्यानाकर्षण के जरिए भाजपा विधायक ईश्वर साहू ने मामला उठाते हुए कहा कि घटना के वक्त सीबीआई जांच की बात कही गई थी. क्या सीबीआई जांच कराई जाएगी? इस पर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने सदन में घोषणा की कि बिरनपुर मामले की सीबीआई से जांच कराई जाएगी.
ईश्वर साहू ने सदन में कहा कि 8 अप्रैल को हुई घटना में भुवनेश्वर साहू की हत्या में 34 आरोपी के नाम सामने आये थे, इनमें 12 आरोपियों की गिरफ़्तारी हुई, बाकी आरोपी गिरफ़्तार क्यों नहीं हुए? इस पर उप मुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि एक समाज के चार स्कूली बच्चों के बीच विवाद की स्थिति के बाद समाज ने सुलह के लिए बैठक रखी थी. इस बैठक के बाद भुवनेश्वर साहू की हत्या कर दी गई थी.
उप मुख्यमंत्री ने कहा कि भागीरथी साहू की शिकायत पर अपराध पंजीबद्ध किया गया. मामले की गंभीरता को देखते हुए विशेष अनुसंधान टीम का गठन किया गया था. 8 अप्रैल को 11 आरोपियों की गिरफ़्तारी की गई. एक अन्य की गिरफ़्तारी बाद में की गई. अभियोग पत्र 5 जुलाई को कोर्ट में प्रस्तुत किया गया है. मामले की विवेचना जारी है. इस पर भाजपा विधायक ने कहा कि अंजोर यदु ने घटना की शुरुआत की थी, लेकिन आज तक उस पर कार्रवाई नहीं की गई.
विजय शर्मा ने कहा कि मैने स्पष्ट किया है गांव में जो घटना हुई भुनेश्वर साहू की हत्या हुई. न्याय की लड़ाई लड़ते-लड़ते उनके पिता आज सदन में अपनी बात कह रहे हैं, यह अद्भुत संयोग है. मैं आपसे कहना चाह रहा हूं, कि इस प्रकरण में सेक्शन 173 सीआरपीसी के तहत विवेचना जारी. जिस संदर्भ में बातचीत हुई उचित प्रमाण मिले वह जेल में है, परंतु जिनके संदर्भ में ऐसा नहीं हुआ, उनकी विवेचना जारी है. 40 लोगों के नाम दिए गए थे, उसमें 12 लोग के नाम FIR थे उन सभी के संबंध में विवेचना जारी है आगे भी करवाई जारी रहेगी.
ईश्वर साहू ने कहा कि विशेष समुदाय के लोगों के पास सैकड़ो हथियार हथियार थे उसे समय अधिकारियों ने कहा था कि उसे जप्त करेंगे लेकिन अभी तक जब तक क्यों नहीं हुए? इस पर विजय शर्मा ने कहा कि इसमें संबंध में जो भी हथियार उपयोग किया गया था, उन सब को जमा किया गया है कुछ हथियारों को एफएसएल रिपोर्ट के लिए भेजा गया है. गांव में पुलिस चौकी है, और यह निर्धारित किया जा रहा है कि गांव में कोई बड़ा हथियार नहीं है.
ईश्वर साहू ने कहा कि मैं जानना चाहता हूं कि अवैध हथियार कब तक जप्त किया जाएगा? इस पर विजय शर्मा ने कहा कि एक बार गांव में सभी घरों में बातचीत चर्चा गांव के माध्यम से करके और जहां आवश्यकता हुई वहां तलाशी के माध्यम से सुनिश्चित करेंगे कि कोई बड़ा हथियार किसी की घर में ना, हो या सुनिश्चित करेंगे.
ईश्वर साहू ने इस पर कहा कि मैं स्वयं मृतक का पिता हूं मैं सदन से जानना चाहता हूं मुझे न्याय मिल पाएगा या नहीं? और मिलेगा तो कब तक मिलेगा? विजय शर्मा ने जवाब में कहा कि उनके प्रश्न और विषयों को लेकर के मैं अभिभूत हूं. हर हाल में हम सब मिलकर उनको न्याय मिले, उनको और उनके मन में जो बातें हैं, वह सारी बातें ठीक हो. उन सारे विषय को ठीक हो वह सारी जानकारी हो जाए. मैं भी चाहता हूं, इसके लिए जैसी आवश्यकता होगी वह पूरा करेंगे.
ईश्वर साहू ने इस पर कहा कि घटना के समय अधिकारियों द्वारा सीबीआई जांच करवाने का आश्वासन मिला था करवाएंगे कि नहीं? विजय शर्मा ने कहा कि जांच जारी है SIT बनाकर जांच की जा रही है, फिर भी एक पराक्रमी पिता के हृदय का दर्द है, इसलिए मैं आज सदन में घोषणा करता हूं कि इस विषय में सीबीआई जांच करवाई जाएगी. ईश्वर साहू ने कहा कि मैं जनप्रतिनिधि होने के नाते मुझे अभी तक न्याय नहीं मिल पाया, तो मैं क्या अपने विधानसभा क्षेत्र के जनता को क्या न्याय दिला पाऊंगा.
अजय चंद्राकर ने इस पर सवाल किया कि सीबीआई जांच करेंगे, क्या उसमें एक एंगल और है. इस घटना के बाद एक समुदाय विशेष के दो लोगों की भी हत्या हो गई. हत्या किन परिस्थितियों में हुई, वह हत्या प्रतिक्रिया के स्वरूप है, या किसी दल विशेष में चुनाव सामने था, इसलिए षडयंत्रपूर्वक उन दोनों की हत्या करवाई गई. क्या इस विषय को भी इस एंगल से भी क्या इस विषय को भी सीबीआई जांच में शामिल करेंगे. हत्या प्रतिज्ञा शुरू हुई, किसने की, क्या यह विषय भी आप सीबीआई जांच में शामिल करेंगे.
इस पर विजय शर्मा ने कहा कि 11 अप्रैल को FIR दर्ज की गई मामला न्यायालय में है. चालन प्रस्तुत हो चुका है. 17 लोगों की गिरफ्तारी भी हो चुकी है, इसलिए न्यायालय के निर्णायक प्रतीक्षा करें. ईश्वर साहू ने जो बात रखी, उसे विषय में सीबीआई जांच कराई जाएगी. इसमें हर विषय का सीबीआई जांच नहीं कराई जा सकती, अब सदन का निर्णय है.
अजय चंद्राकर ने इस पर कहा कि छत्तीसगढ़ में ऐसी घटनाएं बहुत रेयर है. मैं इस एंगल से बात नहीं कर रहा हूं कि मर्डर है. 17 लोग गिरफ्तार किए गए हैं. मतलब है कि दो लोगों की हत्या हुई वह साजिश थी कि हत्या की घटना है, सिर्फ इसी मुद्दे को सीबीआई में शामिल करेंगे क्या. इसके साथ विधायक गजेंद्र यादव ने सवाल किया कि कवर्धा के लालपुर में सदाराम की भी हत्या की गई है. उस पर भी कुछ होगा क्या?
इस पर विजय शर्मा ने कहा कि कवर्धा में को घटना हुई. साधराम गौशाला में काम करते थे. उनकों चार लोगों ने पीछे से पकड़ा और किसी ने बाल पकड़ के धीरे-धीरे गला काटा है. यह हत्या हथियार से नहीं, विचार से है. इसमें UAPA का एक्ट लगा है. मैं खुद गया था, और 5 लाख रुपए की राशि मैंने दी है, जो मेरे से हो सकता था. मैंने मुख्यमंत्री से बात की है और जो आर्थिक सहायता है वो परिवार को मिलेगी.
"गांजा संग आरोपी गनी खान गिरफ्तार: रायपुर पुलिस का कार्रवाई में सफलता"
रायपुर पुलिस: वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक महोदय श्री संतोष सिंह के दिशा निर्देश पर रायपुर पुलिस द्वारा निजात अभियान के तहत नशे के विरूद्ध विशेष अभियान चलाया जा रहा है, जिसमें समस्त थाना एवं एण्टी क्राईम एण्ड साईबर यूनिट की टीम द्वारा लगातार कार्यवाही की जा रहीं है। नारकोटिक्स एक्ट पर प्रभावी कार्यवाही करने हेतु एण्टी क्राईम एण्ड साईबर यूनिट की विशेष टीम का गठन किया गया है साथ ही समस्त थाना प्रभारियों को नशे की सामाग्री बिक्री करने वालों एवं सप्लाई करने वालों पर कठोर कार्यवाही करने निर्देशित किया गया है।
इसी तारतम्य में दिनांक 20.02.2024 को एण्टी क्राईम एण्ड साईबर यूनिट अंतर्गत गठित नारकोटिक्स सेल को सूचना प्राप्त हुई कि थाना सरस्वती नगर क्षेत्रांतर्गत बी.एस.यू.पी कॉलोनी स्थित एक मकान में एक व्यक्ति गांजा रखा है तथा ब्रिकी करने की फिराक में है। जिस पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पश्चिम श्री जय प्रकाश बढ़ई, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक अपराध श्री पीताम्बर सिंह पटेल, नगर पुलिस अधीक्षक आजाद चौक श्री मयंक गुर्जर (भा.पु.से.) एवं उप पुलिस अधीक्षक क्राईम श्री दिनेश सिन्हा द्वारा प्रभारी एण्टी क्राईम एण्ड साईबर यूनिट तथा थाना प्रभारी सरस्वती नगर को सूचना की तस्दीक कर आरोपी को गांजा के साथ रंगे हाथ पकड़ने निर्देशित किया गया। जिस पर वरिष्ठ अधिकारियों के निर्देशन में एण्टी क्राईम एण्ड साईबर यूनिट तथा थाना सरस्वती नगर पुलिस की संयुक्त टीम द्वारा उक्त स्थान पर जाकर मुखबीर द्वारा बताये मकान को चिन्हांकित कर मकान में रेड कार्यवाही किया गया।
रेड कार्यवाही के दौरान मकान में 01 व्यक्ति उपस्थित था। जिसने पूछताछ में अपना नाम गनी खान निवासी सरस्वती नगर होना बताया। टीम के सदस्यों द्वारा मकान की तलाशी लेने पर मकान में गांजा रखा होना पाया गया। जिस पर आरोपी गनी खान को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से लगभग 50 किलोग्राम गांजा तथा घटना से संबंधित 01 नग मोबाईल फोन जुमला कीमती लगभग 5,00,000/- रूपये जप्त कर आरोपी के विरूद्ध थाना सरस्वती नगर में अपराध क्रमांक 53/2024 धारा 20बी नारकोटिक्स एक्ट का अपराध पंजीबद्ध कर कार्यवाही किया गया।
आरोपी पूर्व में भी गांजा तस्करी के प्रकरण में हरियाणा एवं मध्यप्रदेश राज्य में भी जेल निरूद्ध रह चुका है।
गिरफ्तार आरोपी - गनी खान पिता अली असगर उम्र 42 साल सा. ब्लाक नं-26 म.नं-01 बी.एस.यू.पी.कालोनी थाना सरस्वती नगर रायपुर
कार्यवाही में निरीक्षक लालमन साव थाना प्रभारी सरस्वती नगर, एण्टी क्राईम एण्ड साईबर यूनिट से प्रभारी निरीक्षक वीरेन्द्र चन्द्रा, सउनि किशोर सेठ, प्र.आर. गुरूदयाल सिंह, अनिल पाण्डेय, आर. भूपेन्द्र मिश्रा, कमल धनगर, प्रदीप साहू तथा थाना सरस्वती नगर से सउनि उमाशंकर वर्मा की महत्वपूर्ण भूमिंका रही।
"शिवरीनारायण मठ: गद्दी महोत्सव का आयोजन 22 फरवरी को"
महानदी के त्रिवेणी संगम तट पर युग युगांतर से विराजित भगवान नर -नारायण की पावन धरा शिवरीनारायण में गद्दी महोत्सव का पावन पर्व माघ शुक्ल पक्ष त्रयोदशी तदनुसार दिनांक 22 फरवरी दिन गुरुवार को सायंकालीन बेला में संपन्न होगा। इस कार्यक्रम में महामंडलेश्वर राजेश्री महन्त रामसुन्दर दास जी महाराज उपस्थित रहेंगे।
उल्लेखनीय है कि शिवरीनारायण मठ में वर्ष में दो बार गद्दी महोत्सव मनाने की परंपरा है, यह विजयदशमी अर्थात दशहरा उत्सव के समय आश्विन शुक्ल पक्ष दशमी तथा माघ शुक्ल पक्ष त्रयोदशी को मनाया जाता है। महोत्सव की तैयारी पूर्ण हो चुकी है, उल्लेखनीय है कि माघी पूर्णिमा के पावन अवसर पर 24 फरवरी को सायंकालीन बेला में चित्रोत्पला गंगा महाआरती का कार्यक्रम भी आयोजित होगा, इसकी तैयारी भी चल रही है।
"छत्तीसगढ़: वाणिज्य, उद्योग, और श्रम सेक्टर के लिए अनुदान की मांगें पारित, नई औद्योगिक नीति 2024-29 तैयार होगी"
रायपुर: वाणिज्य एवं उद्योग तथा श्रम मंत्री श्री लखन लाल देवांगन के विभागों से संबंधित 773 करोड़ 28 लाख 42 हजार रूपए की अनुदान मांगें आज छत्तीसगढ़ विधानसभा में चर्चा के बाद पारित कर दी गई। इनमें वाणिज्य एवं उद्योग विभाग से संबंधित व्यय के लिए 530 करोड़ 29 लाख 69 हजार रूपए तथा श्रम विभाग के लिए 242 करोड़ 98 लाख 73 हजार रूपए की राशि शामिल है।
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने अनुदान मांगों पर हुई चर्चा पर जवाब देते हुए कहा कि प्रदेश की वर्तमान औद्योगिक नीति 31 अक्टूबर 2024 तक प्रचलन में है। राज्य की आवश्यकता के अनुरूप इसकी समीक्षा कर नई औद्योगिक नीति 2024-2029 जारी की जाएगी। नई नीति में राज्य में उपलब्ध कृषि उत्पादों, वनोपजों, खनिज सम्पदा एवं रोजगारमूलक उद्योगों की स्थापना को दृष्टिगत रखते हुए नये उद्योगों को प्रोत्साहित किया जाएगा। उन्होंने कहा कि नई औद्योगिक नीति के लिए सभी हितधारकों के साथ बात करके तथा अन्य राज्यों की नीतियों का अध्ययन कर एक श्रेष्ठ नीति बनाएंगे, ताकि औद्योगिक विकास में तेजी आए और प्रदेश में रोजगार के नये अवसर सृजित हो सके।
उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री श्री देवांगन ने सदन में बताया कि नये औद्योगिक क्षेत्रों की स्थापना के लिए 60 करोड़ रूपए, कृषि एवं खाद्य प्रसंस्करण उद्योगों को प्रोत्साहित करने पृथक औद्योगिक पार्क की स्थापना के लिए 50 करोड़ रूपए, लागत पूंजी अनुदान के लिए 200 करोड़ रूपए एवं ब्याज अनुदान के लिए 50 करोड़ रूपए का प्रावधान नए बजट में किया गया है। उन्होंने बताया कि युवाओं को स्वरोजगार उपलब्ध कराने के लिए छत्तीसगढ़ उद्यम क्रांति योजना प्रारंभ की जाएगी। साथ ही प्रदेश में अत्याधुनिक इन्फ्रास्ट्रक्चर से युक्त कोरबा-बिलासपुर इंडस्ट्रियल कोरिडोर के लिए राष्ट्रीय राजमार्ग के निकट के क्षेत्रों में शासकीय भूमि पर औद्योगिक क्षेत्र विकसित किए जाएंगे। इसके लिए प्रारंभिक कार्ययोजना तैयार करने के लिए 5 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है।
श्री देवांगन ने सदन में अनुदान मांगों पर चर्चा का जवाब देते हुए कहा कि कोरबा जिले में एल्यूमिनियम पार्क की बहुप्रतीक्षित मांग को पूरा करने के लिए आगामी बजट में आरंभिक तौर पर 5 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है। वन संसाधनों से परिपूर्ण बस्तर और सरगुजा संभाग में लघु वनोपज आधारित प्रसंस्करण उद्योगों की स्थापना एवं छत्तीसगढ़ खाद्य प्रसंस्करण मिशन योजना के अंतर्गत खाद्य प्रसंस्करण सहायता अनुदान के लिए 13 करोड़ रूपए की राशि प्रावधानित है। उन्होंने बताया कि युवाओं में स्टार्ट-अप, इनोवेशन एवं रिसर्च को बढ़ावा देने के लिए पंडित रविशंकर शुक्ल विश्वविद्यालय रायपुर में सेंट्रल इन्स्टूमेंटेशन फैसिलिटी का उन्नयन किया जाएगा। इसके लिए 2 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है।
वाणिज्य एवं उद्योग मंत्री श्री देवांगन ने सदन में कहा कि राज्य में औद्योगिक अधोसंरचना के विकास हेतु सड़क, पानी, बिजली इत्यादि के संधारण एवं नवीन परियोजनाओं के साथ ही नवा रायपुर में आईटी आधारित ‘‘प्लग एवं प्ले‘‘ मॉडल का विकास किया जाएगा। इसके लिए अधोसंरचना विकास उन्नयन कार्य अंतर्गत 35 करोड़ रूपए प्रावधानित है। उन्होंने कहा कि राज्य में निवेश को बढ़ावा देने के लिए इन्वेस्ट इंडिया की तर्ज पर इन्वेस्ट छत्तीसगढ़ सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा। इसके आयोजन के लिए प्रारंभिक तौर पर 5 करोड़ रूपए की राशि का प्रावधान किया गया है। छत्तीसगढ़ स्टार्ट-अप हब और नॉलेज प्रोसेस आउटसोर्सिंग इकाईयां स्थापित करने एवं राज्य में एक समृद्ध नवाचार पारिस्थितिक तंत्र तैयार करने के लिए छत्तीसगढ़ स्टार्ट-अप समिट का भी आयोजन किया जाएगा।
श्रम मंत्री श्री लखन लाल देवांगन ने श्रम विभाग से जुड़ी अनुदान मांगों पर चर्चा के जवाब में बताया कि छत्तीसगढ़ असंगठित कर्मकार राज्य सामाजिक सुरक्षा मण्डल के तहत अधिसूचित 56 प्रवर्ग के 17 लाख 54 हजार पंजीकृत असंगठित श्रमिकों के लिए विभिन्न योजनाओं हेतु आगामी बजट में 123 करोड़ 98 लाख रूपए से अधिक की राशि का प्रावधान किया गया है। अटल श्रम सशक्तिकरण योजना के अंतर्गत असंगठित श्रमिकों को कल्याणकारी योजनाओं का लाभ एक स्थान में प्राप्त हो सके, इसके लिए शासन द्वारा श्रमेव जयते वेबपोर्टल बनाया जा रहा है। इसके लिए बजट में 2 करोड़ रूपए का प्रावधान रखा गया है। छत्तीसगढ़ भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण मण्डल के अंतर्गत पंजीकृत श्रमिकों के लिए वर्ष 2024-25 के बजट में 505 करोड़ रूपए से अधिक की राशि का व्यय प्रस्तावित है। औद्योगिक क्षेत्र के संगठित श्रमिकों के लिए छत्तीसगढ़ श्रम कल्याण मण्डल द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं के लिए 6 करोड़ रूपए का प्रावधान किया गया है।
श्री देवांगन ने सदन में बताया कि आगामी वित्तीय वर्ष में श्रमिकों के लिए संचालित शहीद वीर नारायण सिंह श्रम अन्न योजना का विस्तार किया जाएगा। इस योजना के तहत श्रमिकों को मात्र 5 रूपए में गरम भोजन, दाल, चावल, सब्जी, अचार प्रदान किया जाता है। वर्तमान में इस योजना के तहत सात जिलों रायपुर, दुर्ग, राजनांदगांव, बिलासपुर, रायगढ़, महासमुन्द और सूरजपुर में 21 केन्द्र संचालित हो रहे हैं। इन केन्द्रों के माध्यम से प्रतिदिन करीब 3200 श्रमिकों को गरम भोजन मिल रहा है। अगले वित्तीय वर्ष में इस योजना के अंतर्गत 9 जिलों में 24 नये केन्द्र खोले जाएंगे। उन्होंने बताया कि नये बजट में श्रम कानूनों के क्रियान्वयन के लिए 32 करोड़ रूपए और औद्योगिक स्वास्थ्य एवं सुरक्षा के लिए 6 करोड़ रूपए से अधिक का प्रावधान किया गया है। साथ ही कर्मचारी राज्य बीमा सेवाओं के अंतर्गत श्रमिकों के लिए 61 करोड़ रूपए प्रावधानित है।
श्री देवांगन ने बताया कि कर्मचारी राज्य बीमा सेवाओं के अंतर्गत प्रदेश के 10 जिलों में 42 औषधालय संचालित है। श्रमिक बाहुल्य क्षेत्रों तिल्दा, उरला, लारा और खरसिया में नये औषधालय खोलने की कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। उन्होंने बताया कि पंजीकृत श्रमिकों को अंतः रोगी तथा विशेषज्ञ चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए कर्मचारी राज्य बीमा निगम द्वारा रायपुर और कोरबा में 100-100 बिस्तरों का चिकित्सालय बनाया गया है। भिलाई और रायगढ़ में 100-100 बिस्तरों के चिकित्सालय का काम प्रगति पर है। कर्मचारी राज्य बीमा निगम द्वारा बिलासपुर में भी 100 बिस्तरों के अस्पताल के निर्माण की मंजूरी दी गई है।
श्रम मंत्री श्री देवांगन ने सदन में बताया कि दूसरे राज्यों मंे प्रवास करने वाले छत्तीसगढ़ के श्रमिकों के सहयोग एवं मार्गदर्शन के लिए वहां ‘‘मोर चिन्हारी भवन‘‘ की स्थापना की जाएगी। इसके पहले चरण में पांच राज्यों उत्तर प्रदेश, तेलंगाना, ओडिशा, गुजरात और महाराष्ट्र में जहां राज्य के श्रमिक अधिक संख्या में प्रवास करते हैं, मोर चिन्हारी भवन बनाए जाएंगे। इसके माध्यम से प्रवासी श्रमिकों को समय-समय पर सहयोग और मार्गदर्शन प्रदान किया जाएगा। उन्होंने सदन में बताया कि पंजीकृत श्रमिक परिवारों के बच्चों को उत्कृष्ट निजी शालाओं में निःशुल्क पढ़ाने के लिए शीघ्र नई योजना प्रारंभ की जाएगी। उन्होंने बताया कि पंजीकृत श्रमिकों के द्वारा आर्थिक गतिविधि के लिए बैंक से लिए गए ऋण पर लगने वाले ब्याज में अनुदान देने की भी योजना जल्दी शुरू की जाएगी। इससे श्रमिक आत्मनिर्भर बन सकेंगे और वे स्वयं मालिक बनने की दिशा में अग्रसर हो सकेंगे।