छत्तीसगढ़
"रायपुर: चुनावी तैयारियों के साथ आचार संहिता का पालन, कलेक्टर का मतदान केंद्रों की सुरक्षा के बारे में बयान"
रायपुर: विधानसभा चुनाव के मद्देनजर आदर्श आचार संहिता लागू होने के बाद चुनाव की तैयारियों को लेकर कलेक्टर सर्वेश्वर भूरे ने प्रेसवार्ता में जानकारी साझा की. उन्होंने कहा, रायपुर जिले में 7 विधानसभा हैं. पिछले चुनाव से जिले में 2 लाख 60 हजार वोटर बढ़े हैं. जिले में 1869 मतदान केंद्र हैं. शहरी मतदान केंद्र ज्यादा हैं. एक मतदान केंद्र में औसत 1006 मतदाता हैं. जिले में 6 संवेदनशील मतदान केंद्र हैं. जिले में 18 वर्ष वाले 45 हजार मतदाता हैं. वहीं 22 साल वाले 1 लाख 10 हजार मतदाता हैं.
कलेक्टर भूरे ने बताया, 1869 मतदान केंद्र में से 934 में सीसीटीवी से मॉनिटरिंग होगी. जिले में 72 संगवारी मतदान केंद्र बनाए गए हैं. 69 फ्लाइंग स्कार्ट की टीम होगी. जिले में 140 लोगों की एक टीम है, जो राजनीतिक दलों की खर्च का आकलन करेगी. सर्वेश्वर भूरे ने बताया, इस बार जितनी भी मतदान केंद्र में रेड कोस्टिंग होगा, वह केंद्र सीसीटीवी से लैस रहेगा. 7 मतदान केंद्र आदर्श मतदान केंद्र 7 होंगे. जिले में पर्याप्त संख्या में ईटीवीएम उपलब्ध है. इस बार 69 स्टेरिक्स टीम बनेगी और घेरा बंदी करेंगे. नामांकन परिसर में फोम लिए जायेंगे. 7 विधानसभा के फोम करेंटर परिसर में लिए जाएंगे.
उन्होंने बताया, मतदान दल और एमर्जेसी सर्विसेज को पोस्टर बैलेट के माध्यम से मतदान कराया जाएगा. इसकी नई व्यवस्था है. बुजुर्गों के लिए 80 प्लस वाले लोगों के लिए दो लोगों का पोलिंग दल बनेगा. वीडियो ग्राफर, सुरक्षा कर्मी के साथ शेड्यूल दिया जाएगा. 935 मतदान केंद्रों में वेब कास्टिंग की जाएगी. CO ऑफिस में मॉनिटरिंग की जाएगी.
चुनाव में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर रायपुर एसएसपी प्रशांत अग्रवाल ने कहा, 1869 बूथ हैं. 6 बूथ को हमने संवेदनशील माना है. 144 प्रभावशील रहेगी. सभा के लिए जिला प्रशासन की अनुमति आवश्यक रहेगी. 1800 लाइसेंस हथियार को जमा करने के निर्देश दिए हैं. कल से चार सरहद पर नाके प्रभावशील कर दिए हैं. चुनाव में पर्याप्त सुरक्षा की व्यवस्था रहेगी. गुंडे बदमाश की लिस्ट अपडेट किया गया है. नए लोग जो पिछले कई समय से अपराधी है, कई लोगों काे जिला बदर भी किया जाएगा. स्थानीय वारंटी को पकड़कर जेल भेजने की कार्यवाही की जाएगी.
"बीजेपी के उम्मीदवारों की दूसरी सूची पर हमला, कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष ने उठाया सवाल"
बस्तर: छत्तीसगढ़ विधानसभा के तारीखों के ऐलान होते ही चंद घंटों में बीजेपी ने अपनी 64 प्रत्याशियों की दूसरी लिस्ट जारी कर दी है. ऐसे में अब कुल 90 में से 85 कैंडिडेट तय हो चुके हैं, जो विधानसभा चुनाव लड़ने वाले हैं. केवल 5 सीट ही ऐसी है जहां प्रत्याशियों की घोषणा करना बाकी है. वहीं अब पीसीसी चीफ दीपक बैज ने बीजेपी के प्रत्याशियों की सूची पर हमला बोला है. बैज ने कहा, भारतीय जनता पार्टी ने हारे हुए प्रत्याशियों को एक बार फिर टिकट देकर कांग्रेस की जीत पक्की कर दी है.
बता दें कि, भारतीय जनता पार्टी ने विधानसभा चुनाव को लेकर उम्मीदवारों की दूसरी सूची जारी कर दी है. एक दर्जन से अधिक सीटों पर भाजपा ने पूर्व मंत्रियों विधायकों पर विश्वास जताते हुए टिकटों का ऐलान किया है. भाजपा द्वारा जारी की गई उम्मीदवारों की सूची पर प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष दीपक बैज ने निशाना साधा है. दीपक बैज ने कहा, भारतीय जनता पार्टी ने हारे हुए प्रत्याशियों को एक बार फिर टिकट देकर कांग्रेस की जीत पक्की कर दी है.
पीसीसी अध्यक्ष दीपक बैज ने भाजपा पर निशाना साधते हुए कहा, 2018 में हुए विधानसभा चुनाव में जनता ने भाजपा के इन प्रत्याशियों को रिजेक्ट कर दिया था. एक बार फिर भाजपा ने उन्हीं उम्मीदवारों को मैदान में उतारा है. जनता एक बार फिर भाजपा के प्रत्याशियों को रिजेक्ट करेगी और कांग्रेस पार्टी एक बार फिर जीत दर्ज कर प्रदेश में सरकार बनाएगी.
"नेताओं के पोस्टरों को ढकने के साथ ही दीवारों के लेखन मिटाने की कार्य रायपुर में शुरू"
रायपुर: चुनावी बिगुल बजने के बाद नेताजी आसमान से नीचे उतर आए हैं। आचार संहिता लागू होते ही निगम प्रशासन ने शहरभर में लगे राजनीतिक पोस्टर और बैनरों को उतार दिया। चौक-चौराहों पर लगे नेताओं के पोस्टर ढंकने के साथ ही दीवार लेखन को मिटाने सहित अन्य सभी प्रकार की चुनावी सामग्री हटाने की कवायद शुरू हो गई है।
कलेक्टर डा. सर्वेश्वर नरेंद्र भुरे ने इस संदर्भ में बैठक लेकर जिले में धारा 144 लागू कर दी है तथा अस्त्र-शस्त्र धारण करने पर प्रतिबंध लगा दिया है, ताकि विधानसभा निर्वाचन 2023 के दौरान चुनाव प्रक्रिया में असामाजिक तत्वों द्वारा भय और आतंक का वातावरण निर्मित कर शांतिपूर्ण एवं निष्पक्ष चुनाव में बाधा खड़ी न की जा सके तथा मतदाताओं में किसी भी प्रकार का भय पैदा न हो। वे भयमुक्त वातावरण में निर्भय होकर अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकें।
जुलूस, आमसभा के लिए अनुमति जरूरी
निर्वाचन कार्यक्रम के साथ ही जुलूस आमसभा और धरना इत्यादि के लिए सक्षम अधिकारी से अनुमति लेनी होगी। जिले के भीतर कोई भी व्यक्ति या व्यक्तियों का समूह बिना सक्षम अधिकारी की अनुमति के न तो कोई सभा करेगा, न ही कोई रैली या जुलूस निकाल सकेगा तथा न ही कोई धरना देगा। इस आदेश का उल्लंघन करने वाले समूह/व्यक्ति के विरुद्ध धारा 188 भारतीय दण्ड संहिता के अंतर्गत कार्रवाई होगी।
विधानसभा चुनाव की आचार संहिता लगते ही पुलिस अलर्ट
विधानसभा चुनाव की आचार संहिता लगते ही पुलिस अलर्ट हो गई है। एसएसपी के निर्देश के बाद जिले के समस्त थाना क्षेत्रों में फिक्स चेकिंग पाइंट लगाकर सभी प्रकार के वाहनों की जांच की जा रही है। अवैध रूप से शराब परिवहन, चुनाव से संबंधित सामग्री सहित अन्य संदिग्ध वस्तुओं की सघन चेकिंग करने के साथ ही रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड में भी संदिग्ध व्यक्तियों के साथ सामान की चेकिंग की जा रही है।
इसके साथ ही विजिबल पुलिसिंग के अंतर्गत पैदल पेट्रोलिंग, वाहनों में पेट्रोलिंग, क्राइम प्रिवेंशन पेट्रोलिंग सहित 112 की टीमों द्वारा भीड़-भाड़ वाले स्थान, सार्वजनिक स्थान, सूने स्थान में जमवाड़ा लगाकर नशा करने वालों, गुटबाजी, अड्डेबाजी करने वालों, संदिग्ध व्यक्तियों, असामाजिक तत्वों की जांच की जा रही है। संदिग्ध व्यक्तियों के वाहनों की डिक्की की जांच, धारदार, बटनदार चाकू रखकर घूमने वालों सहित आम स्थानों पर शराब पीने, शराब पीने के लिए स्थान उपलब्ध कराने, सार्वजनिक मैदान, पार्क, चौक-चौराहों में चारपहिया वाहन के अंदर बैठकर शराब पीने वालों की भी चेकिंग की गई।
अधिकारी-कर्मचारियों के अवकाश पर प्रतिबंध
कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी डा. भुरे ने आदेश जारी कर समस्त अधिकारी-कर्मचारियों के अवकाश पर प्रतिबंध लगा दिया है। बिना कलेक्टर या जिला निर्वाचन अधिकारी के पूर्वानुमति न तो अवकाश पर रहेंगे और न ही मुख्यालय छोड़ेंगे। जिला स्तर पर तथा जिले अंतर्गत समस्त शासकीय और राज्य शासन की विभागीय इकाइयों/उपक्रमों के अमले के अवकाशों की स्वीकृति जिला कलेक्टर एवं जिला निर्वाचन अधिकारी करेंगे।
"आचार संहिता के प्रारम्भ होते ही केंद्रीय प्रशासनिक अधिकारी रायपुर में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने के लिए पहुंचे"
रायपुर: भारत निर्वाचन आयोग ने छत्तीसगढ़ समेत पांच राज्यों में होने वाले विधानसभा चुनाव 2023 की घोषणा कर दी है. जिसमें पहला चरण 7 नवंबर और दूसरे चरण की वोटिंग 17 नवंबर को होगी. छत्तीसगढ़ में दो चरणों में मतदान होना है. जिसमें पहले चरण में 20 सीटों पर और दूसरे चरण में 70 सीटों पर वोटिंग की जाएगी. पांचों राज्यों के चुनाव नतीजे एक साथ 3 दिसंबर को घोषित किए जाएंगे. अब चुनाव आयोग के ऐलान के साथ ही पांचों चुनावी राज्यों में आचार सहिंता लागू हो गई है. आचार संहिता लागू होते ही केंद्रीय प्रशासनिक अधिकारी सुरक्षा व्यवस्था को पुख्ता करने के लिए रायपुर पहुंचे हैं.
बता दें कि, छत्तीसगढ़ में आचार संहिता लगने के बाद प्रशासनिक गतिविधियां बढ़ गई है. केंद्रीय प्रशासनिक अधिकारियों का आना जाना शुरू हो गया है. इसी क्रम में आईबी के 2JD, 1AD और SPG के 1 DIG स्तर के अधिकारी रायपुर पहुंचे हैं. जहां वे राज्य पुलिस और चुनाव अधिकारियों समेत पैरा मिलिट्री के अधिकारियों के साथ बैठक में शामिल होंगे और आगामी विधानसभा चुनाव में सुरक्षा व्यवस्था पर चर्चा करेंगे.
"सीतापुर के गांवों को विद्युतीकरण के लिए 68.12 लाख रुपये की मंजूरी"
रायुपर: मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की मंशानुरूप सरगुजा जिले के दूरस्थ क्षेत्रों में विद्युत सुविधा उपलब्ध कराये जाने के लिए वर्ष 2023-24 हेतु मुख्यमंत्री मजराटोला विद्युतीकरण योजना के अंतर्गत 68.12 लाख राशि का अनुमोदन प्राप्त हुआ है, जिसकी तकनीकी स्वीकृति मिल चुकी है।
मुख्यमंत्री मजराटोला विद्युतीकरण के अंतर्गत सरगुजा जिले के विधानसभा क्षेत्र सीतापुर के अंतर्गत ग्राम नानदमाली के मजराटोला खरटिया, रापापारा, गंगझोर एवं बकरलोटा के विद्युतीकरण किया जाएगा। इन गांवों में मजराटोला के विद्युतीकरण हेतु 9.40 कि.मी. 11 के व्ही. लाईन, 5.25 कि.मी. निम्नदाब लाईन, 04 नग वितरण ट्रांसफार्मर स्थापना के कार्य किए जाएंगे। साथ ही पारा-टोलों के 54 नग अविद्युतीकृत आवासीय घरों को विद्युत कनेक्शन प्रदाय किया जायेगा।
"60 टन विस्फोटक सामग्री के साथ 3 आरोपी गिरफ्तार, पुलिस ने की बड़ी कार्रवाई,देखे...."
बलरामपुर: जिले में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए 60 टन विस्फोटक सामग्री के साथ 3 आरोपी गिरफ्तार करने में सफलता हासिल की है. जब्त विस्फोटक की कीमत 25 लाख 50 हज़ार बताई जा रही है. पुलिस मामला दर्ज कर मामले की बारीकी से जांच में जुट गई है. जल्द ही बड़े खुलासे होने के आसार हैं.
बता दें कि, 60 टन विस्फोटक सामग्री के साथ गिरफ्तार 2 आरोपी झारखंड पलामू और एक आरोपी सोनभद्र उत्तर प्रदेश के हैं. जानकारी के अनुसार, 2 ट्रकों में अमोनियम नाइट्रेट का अवैध तरीके से परिवहन किया जा रहा था. एक ट्रक बेमेतरा से सिंगरौली और दूसरा विशाखापत्तनम से सिंगरौली जा रहा था.
वहीं जब पुलिस ने आरोपियों से वैध दस्तावेज पेश करने कहा तो उनके पास कोई भी दस्तावेज मौजूद नहीं था. जिसके बाद पुलिस ने दोनों ट्रक को जब्त कर लिया है.
"छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव भाजपा का 90 में 85 सीटों का पूरा समीकरण,जानिए कौन-कौन से विधायक और पूर्व विधायक लड़ेंगे चुनावी जंग"
रायपुर: छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के लिए तारीखों का ऐलान आज हुआ है. तारीखों के ऐलान के साथ ही 64 सीटों पर भाजपा प्रत्याशियों का ऐलान भी हो गया. आज जारी हुई सूची के साथ ही भाजपा ने 90 में से 85 सीटों पर अपने उम्मीदवारों की घोषणा कर दी है. अब सिर्फ 5 सीट शेष रहे गए हैं, जहां प्रत्याशी अब घोषित नहीं है.
भाजपा ने उम्मीदवारों की पहली सूची 17 अगस्त को जारी की थी. चुनाव तारीख के ऐलान से करीब 2 महीने पहले. इस तरह से दूसरी सूची जारी करने में भाजपा ने गहन चिंतन और मंथन किया होगा यह दो महीने के लंबे अंतराल को देखकर लग रहा है. हालांकि पहली सूची आने के साथ कई सीटों पर पार्टी में भारी विरोध के स्वर भी उठे थे. वहीं दूसरी सूची आने से पहले वायरल हुई लिस्ट के साथ ही भारी बवाल भी मचा था. अब अधिकृत रूप से घोषणा के बाद विरोध, प्रदर्शन और बवाल भाजपा में और खुलकर सामने आएगा या सबकुछ पार्टी ने मैनेज कर लिया है इसके लिए थोड़ा इंतजार करना होगा.
फिलहाल 90 में 85 सीटों का पूरा समीकरण समझिए
छत्तीसगढ़ में 2003 से लेकर 2018 में हुए चुनाव में 43 उम्मीदवार ऐसे हैं, जो पहली बार विधानसभा का चुनाव लड़ेंगे. वहीं शेष 42 प्रत्याशी पूर्व में चुनाव लड़ चुके हैं.
पूर्व में चुनाव लड़ चुके 42 उम्मीदवारों में 31 ऐसे हैं, जिनमें से वर्तमान में 12 विधायक हैं, जबकि 19 पूर्व विधायक हैं. इनमें 15 ऐसें जो कि रमन सरकार में मंत्री रह चुके हैं.
11 वर्तमान विधायक– 1. डॉ. रमन सिंह (तीन बार के मुख्यमंत्री रह चुके हैं), 2. बृजमोहन अग्रवाल (मंत्री रह चुके हैं), 3. ननकीराम कंवर (मंत्री रह चुके हैं ), 4. अजय चंद्राकर (मंत्री रह चुके हैं), 5. पुन्नूलाल मोहले (मंत्री रह चुके हैं), 6. कृष्णमूर्ति बांधी ( मंत्री रह चुके हैं), 7. नारायण चंदेल (नेता-प्रतिपक्ष हैं), 8. धरमलाल कौशिक (पूर्व में विधानसभा अध्यक्ष रह चुके हैं), 9 शिवरतन शर्मा, 10. रंजना दीपेन्द्र साहू, 11. सौरभ सिंह.
इनके साथ ही वर्तमान विधायकों में 12. धर्मजीत सिंह भी हैं, जो 2018 में जोगी कांग्रेस से जीतकर आए थे. इस बार भाजपा की टिकट से लड़ रहे हैं.
पूर्व विधायकों में-
रेणुका सिंह ( वर्तमान में सरगुजा से सांसद और केंद्रीय राज्य मंत्री हैं, रमन सरकार में भी मंत्री रह चुकी हैं), 2. प्रेम प्रकाश पाण्डेय( विधानसभा अध्यक्ष रह चुके हैं ), 3. भैय्यालाल राजवाड़े ( मंत्री रह चुके हैं), 4. अमर अग्रवाल (मंत्री रह चुके हैं), 5. केदार कश्यप( मंत्री रह चुके हैं), 6. महेश गागड़ा (मंत्री रह चुके हैं ), 7. विक्रम उसेंडी( मंत्री रह चुके हैं), 8 राजेश मूणत (मंत्री रह चुके ), 9. दयालदास बघेल ( मंत्री रह चुके हैं) 10. लता उसेंडी (मंत्री रह चुकी हैं), 11. खिलावन साहू, 12. गोवर्धन मांझी, 13. डोमन लाल कोरसेवाड़ा, 14. विनोद खांडेकर, 15. वीरेन्द्र साहू, 16. श्रवण मरकाम, 17. संजीव साहा, 18. विष्णुदेव साय ( केन्द्र में मंत्री रह चुके हैं)
इनके साथ ही पूर्व विधायकों में 19.रामदयाल उइके भी हैं, जो कि 2018 के चुनाव के ठीक पहले कांग्रेस छोड़ भाजपा में लौट आए थे. 1998 में भाजपा की टिकट से मरवाही से विधायक बने थे, बाद में तीन बार पाली तानाखार से कांग्रेस पार्टी से विधायक रहे.
महिला फैक्टर
85 में कुल 14 महिला उम्मीदवार हैं. भरतपुर सोनहत- रेणुका सिंह, चंद्रपुर संयोगिता सिंह, पत्थलगांव- गोमती साय, लैलूंगा- सुनीति राठिया, जशपुर- रायमुनि भगत, सारंगगढ़- शिवकुमारी चौहान, धमतरी- रंजना दीपेन्द्र साहू, कोंडागाँव- लता उसेंडी, भटगाँव- लक्ष्मी राजवाड़े, प्रतापुर- शंकुतला पोर्ते, सरायपाली- सरला कोसरिया, खुज्जी- गीता घासी साहू, खल्लारी- अल्का चंद्रकार, सामरी- उधेश्वरी पैकरा शामिल हैं.
इस तरह महिला फैक्टर की बात करे तो भाजपा भले ही महिला आरक्षण कानून केंद्र में पास कराने का वाहवाही लूट रही हो, लेकिन छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव में इसका असर नहीं दिख रहा है. 90 सीटों में वाले छत्तीसगढ़ में घोषित 85 में सिर्फ 14 सीटों पर महिलाओं को मौका पार्टी ने दिया है. चर्चा देश भर में 33 फीसदी की भले हो रही है, लेकिन यहाँ 15 प्रतिशत ही आंकड़ा जा रहा है. जबकि छत्तीसगढ़ में महिला आबादी पुरूषों के अनुपात में भी ज्यादा है. कहा जाता है कि मतदान करने में महिलाएं ज्यादातर सीटों में आगे रहती है. चुनाव में महिला मतदाता जीत-हार में अहम भूमिका निभाती हैं.
युवा फैक्टर
भाजपा अध्यक्ष अरुण साहू के मुताबिक 85 सीटों में से 34 सीटों पर युवाओं को मौका दिया गया.
छत्तीसगढ़ युवा मतदाताओं की बात करे तो 65 फीसदी से अधिक है. ऐसे में आधी सीटों में भी युवाओं को मौका भाजपा नहीं दे पाई है. जबकि बात नए चेहरों अधिक-अधिक युवा को राजनीति में आगे लाने की बात पार्टी की ओर से हर अवसर पर कही जरूर जाती है. इस चुनाव में युवा मतदाता निर्णायक भूमिका में हैं, क्योंकि युवाओं से जुड़ा मुद्दा चुनाव के केंद्र बिंदू में है.
सामाजिक फैक्टर
85 सीटों में 29 अनुसूचित जनजाति और 10 अनुसूचित जाति वर्ग की सीटें शामिल हैं. इस तरह से आरक्षित 39 सीट के साथ ही एक सामान्य सीट प्रेमनगर से भी आदिवासी वर्ग से भूलन सिंह मरावी उम्मीदवार हैं, जबकि शेष 45 सीटों का सामाजिक फैक्टर क्या है जानिए.
अन्य पिछड़ा वर्ग से कुल 29 उम्मीदवार हैं. इनमें-
साहू समाज से 10 :- लोरमी- अरुण साव, गुंडरदेही- वीरेन्द्र साहू, साजा- ईश्वर साहू, धमतरी- रंजना दीपेन्द्र साहू, सक्ती- खिलावन साहू, रायपुर ग्रामीण- मोतीलाल साहू, खरसिया- महेश साहू, अभनपुर- इंद्रकुमार साहू, राजिम- रोहित साहू, खुज्जी- गीता घासी साहू.
कुर्मी समाज से 8 : – पाटन- विजय बघेल, कुरुद- अजय चंद्राकर, बिल्हा- धरमलाल कौशिक, जांजगीर- नारायण चंदेल, दुर्ग ग्रामीण- ललित चंद्राकर, बलौदाबजार- टंकराम वर्मा, जैजैपुर- कृष्णकांत चंद्रा, खल्लारी- अल्का चंद्राकर
राजवाड़े समाज से 2 :- बैंकुठपुर- भैय्यालाल राजवाड़े, भटगाँव- लक्ष्मी राजवाड़े
यादव समाज से 2 :- दुर्ग शहर- गजेन्द्र यादव, बालोद- राकेश यादव
कलार समाज से 2 :- मनेन्द्रगढ़- श्याम बिहारी जयसवाल, महासमुंद- योगेश्वर राजू सिन्हा
लोधी समाज से 1 :- डोंगरगांव- भरत वर्मा
मरार समाज से 1 :- कटघोरा- प्रेमचंद्र पटेल
देवांगन समाज से 1:- कोरबा- लखन देवांगन
अघरिया समाज से 1 :- रायगढ़- ओपी चौधरी
सेन समाज से 1 :- वैशाली नगर- रिकेश सेन
शामिल हैं.
सामान्य वर्ग से 16 उम्मीदवार हैं. इनमें-
राजपूत(ठाकुर) समाज से 7 :- राजनांदगांव- डॉ. रमन सिंह, अकलतरा- सौरभ सिंह, तखतपुर- धर्मजीत सिंह, कोटा- प्रबल प्रतात सिंह जूदेव, चंद्रपुर- संयोगिता सिंह जूदेव, जगदलपुर- किरण देव, खैरागढ़- विक्रांत सिंह
ब्राम्हण समाज से 5 :- भिलाई नगर- प्रेम प्रकाश पाण्डेय, भाटापारा- शिवरतन शर्मा, धरसींवा- अनुज शर्मा, कवर्धा- विजय शर्मा, रायपुर उत्तर- पुरंदर मिश्रा (उड़िया समाज से)
अग्रवाल समाज से 3 :- रायपुर दक्षिण- बृजमोहन अग्रवाल, बिलासपुर- अमर अग्रवाल, बसना- संपत अग्रवाल
जैन समाज 1 :- रायपुर पश्चिम- राजेश मूणत शामिल हैं.
सामाजिक फैक्टर को देखकर लग रहा है कि भाजपा ने सभी वर्गों को साधने की कोशिश की है. लेकिन जिस तरह से देश भर में जातिगत जनगणना का मुद्दा गरमाया है उसमें पार्टियों की ओर से जातियों को किस तरह से साधा जा रहा यह भी मतदाता जरूर देख रहे होंगे. कांग्रेस इस मुद्दे को जोर-शोर से उठाने में कहीं कोई कोर कसर नहीं छोड़ रही है.
परिवारवाद फैक्टर
85 में 4 सीटें ऐसी हैं, जिससे भाजपा पर परिवारवाद का आरोप लगेगा. कांग्रेस इसे मुद्दे को उठाती रही और इस चुनाव में भी उठा सकती है.
डॉ. रमन सिंह के परिवार से दो उम्मीदवार हैं. एक डॉ. रमन सिंह और दूसरे उनके भांजे विक्रांत सिंह. इसी तरह से जूदेव परिवार से दो उम्मीदवार हैं. एक संयोगिता सिंह जूदेव और दूसरे प्रबल प्रताप सिंह जूदेव.
कहीं जनता और कार्यकर्ताओं की नाराजगी भारी न पड़ जाए- राम अवतार तिवारी
वरिष्ठ पत्रकार राम अवतार भाजपा की दूसरी सूची को देखकर हैरान हैं. उनका कहना है कि भाजपा की जैसी तैयारी दिख रही थी, जिस तरह की मेहनत जमीन पर जाकर वरिष्ठ नेताओं ने किया था, रायपुर से लेकर दिल्ली के स्तर पर कई सर्वे और छानबीन हुए उसके बाद ऐसी टिकट की उम्मीद पार्टी के कार्यकर्ता शायद नहीं कर रहे थे. और शायद उन मतदाताओं को भी ये उम्मीद नहीं थी, जिन्होंने 15 साल वाली भाजपा को 2018 के चुनाव में 15 सीटों पर ढकेल दिया था. क्योंकि 15 साल की सरकार के बाद जनता के बीच रमन सरकार में मंत्री रहे कई वरिष्ठ नेताओं को लेकर नाराजगी रही है. ये नाराजगी आज भी पूरी तरह से खत्म नहीं हो पाई है. यहाँ तक कि पार्टी के कार्यकर्ताओं के बीच से भी.
85 सीटों में देखा जाए तो रमन सरकार में जितने भी मंत्री रहे हैं उन सभी को पार्टी की ओर से फिर से मौका दिया गया है, सिवाए रामसेवक पैकरा और रमशीला साहू को छोड़कर. रमशीला साहू को तो 2018 में भी टिकट नहीं दिया गया था. वहीं कई ऐसे भी नेता इस लिस्ट में शामिल हैं, जो दो-दो बार चुनाव हार चुके हैं. वहीं कुछ ऐसे भी जो दूसरी पार्टी को छोड़कर आए हैं. वहीं कई सीटें ऐसी भी हैं, जहां खुलकर कार्यकर्ताओं का विरोध दिखाई पड़ रहा है. इन स्थितियों के बीच भाजपा को कहीं 2023 विधानसभा चुनाव में जनता और कार्यकर्ताओं की नाराजगी भारी न पड़ जाए. हालांकि इस बीच भाजपा यह उम्मीद जरूर कर रही होगी कि जिस तरह से सभी दिग्गजों को मैदान में उतारा गया उससे पार्टी को बड़ा फायदा होगा. केंद्रीय मंत्री, पूर्व केंद्रीय मंत्री, तीन बार के मुख्यमंत्री, 4 सांसद सहित कई पूर्व मंत्री खुद तो चुनाव जीतेंगे, बल्कि अपने आस-पास की सीटों को भी जीतवाएंगे. फिलहाल समीकरणों की स्थिति अगले सप्ताह स्पष्ट हो पाएगी, जब कांग्रेस की भी सूची आ जाएगी.
"चुनाव पर नजर रखने के लिए हर जिले में आयकर की टीम तैनात, टोल फ्री नंबर भी किया जारी"
रायपुर : चुनाव पर निगरानी रखने के लिए हर जिले में आयकर की टीम तैनात…
प्रदेश के प्रत्येक जिले के लिए बनाई गई अलग-अलग टीम..
जिले के सभी विधानसभाओं पर नजर रखेगी आयकर की टीम..
आयकर विभाग में टोल फ्री नंबर भी किया जारी..
18002337009 पर कॉल कर की जा सकती हैं शिकायत.
नया रायपुर के आयकर कार्यालय में स्थापित किया गया केंद्रीय नियंत्रण कक्ष.
"CM भूपेश बघेल ने BJP की दूसरी सूची पर तंज कसा, कहा - 'भाजपा हारे हुए लोगों पर लगा रही दांव'"
रायपुर: मुख्यमंत्री भूपेश बघेल दिल्ली दौरे से वापस रायपुर लौटे. इस दौरान रायपुर एयरपोर्ट पर सीएम बघेल ने पत्रकारों से चर्चा किया. इस दौरान उन्होंने सीडब्ल्यूसी की बैठक को लेकर जानकारी साझा की. वहीं कांग्रेस की सूची को लेकर कहा हमने सभी सीटों पर रणनीति बना ली है. सीईसी की बैठक के बाद जल्द सूची जारी होगी. साथ ही भाजपा की दूसरी सूची पर अपना बयान दिया है.
सीएम भूपेश बघेल ने दिल्ली में हुई सीडब्ल्यूसी की बैठक को लेकर कहा कि CWC की चार घंटा चर्चा चली है. राहुल गांधी, प्रियंका गांधी और मल्लिकार्जुन खड़गे ने जाती जनगणना की बात कही थी. उसी पर सभी सदस्यों ने मुहर लगाया है. जाती जनगणना से सभी वर्गों का विकास होता है. उनके लिए योजना बनाने के लिए ऐसा निर्णय लेना जरूरी है. जाति के हिसाब से आर्थिक, शैक्षणिक के हिसाब से योजना बनाने को लेकर चर्चा हुई.
भाजपा की दूसरी सूची पर सीएम बघेल ने कहा कि जिनको जनता ने पहले ही नकार दिया. उनके सारे चेहरों को टिकट दिया गया है. भाजपा के पास चुनाव लड़ाने के लिए चेहरे नहीं है. बीजेपी लाख कोशिश कर ले. उन्हें जीत नहीं मिलनी है.
बीजेपी की लीक सूची पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि भाजपा की सूची रणनीति के तहत लीक कराया गया है. हमने पहले भी कहा था. बीजेपी की सूची असल में लीक होती तो अब तक ईडी आईटी के छापे पढ़ने लगते.
डॉ. रमन सिंह को टिकट मिलने पर कहा सीएम बघेल ने कहा कि बीजेपी में डॉ. रमन सिंह की चल रही है. भले ही अरुण साव को बाजू में बैठा लिए है. भाजपा की लीक सूची कहा से निकली सब जानते है.
केंद्रीय मंत्री, सांसदों को टिकट देने पर सीएम भूपेश बघेल ने कहा, केंद्रीय राज्य मंत्री को दूसरे लोकसभा से टिकट दिए है. रेणुका सिंह सांसद सरगुजा से है, लेकिन टिकट कोरबा से दिए है. विष्णुदेव साय को कुनकुरी, ओपी चौधरी खरसिया से पलायन कर गए. भाजपा हारे हुए लोगों पर दांव लगा रही है.
कांग्रेस की सूची पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि हमारी तैयारी पूरी है. हमने सभी सीटों पर रणनीति बना ली है. सीईसी की बैठक के बाद जल्द सूची जारी हो जाएगी.
भाजपा ने बीरनपुर हिंसा में मृतक के परिजन को टिकट दिए जाने और सांप्रदायिकता को मुद्दा बनाने को लेकर सीएम बघेल ने कहा कि लाख कोशिश कर ले सांप्रदायिक मुद्दा नहीं हो सकता. भाजपा किसे टिकट देते हैं ये उनका नजरिया है. लेकिन भाजपा के सजा में और भी कार्यकर्ता थे. ये विशुद्ध रूप से अराजनीतिक व्यक्ति हैं, यह उनका लुक आउट है.
"अरुण साव: छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के लिए भाजपा के प्रत्याशी और उनकी राजनीतिक सफर"
रायपुर: छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव 2023 के लिए भाजपा ने 90 सीटों में से 85 सीटों के लिए प्रत्याशियों के नाम का ऐलान कर दिया है. जिसमें से पार्टी ने बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष और बिलासपुर सांसद अरुण साव को भी चुनावी मैदान पर उतारा है. अरुण साव को भाजपा ने लोरमी विधानसभा क्षेत्र से उम्मीदवार बनाया है. आइये अरुण साव की राजनीतिक सफर के बारे में जानते हैं.
राजनीतिक सफर की शुरूआत
अरुण साव राजनीति में आने से पहले वकालत के पेशे से जुड़े हुए थे. अरुण साव ने बी.कॉम के बाद एलएलबी की शिक्षा हासिल की. इस दौरान वे नियमति राष्ट्रीय स्वयंसेवक (आरएसएस) की शाखा में जाते रहे. कॉलेज के दिनों में वे अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद से छात्र राजनीति से सामाजिक जीवन की शुरुआत की. नगर अध्यक्ष, विभाग प्रमुख, संभाग प्रमुख, प्रदेश सहमंत्री, राष्ट्रीय कार्य समिति सदस्य जैसे अनेक महत्वपूर्ण दायित्वों का निर्वहन किया. वहीं छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय में एक कुशल अधिवक्ता के रूप में अपनी विशेष पहचान बनाई. वे छत्तीसगढ़ उच्च न्यायालय में उप महाधिवक्ता भी रहे.
पार्टी में ऐसे बढ़ा कद
अरुण साव ने अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद के प्रदेश पदाधिकारी होने के बाद भी बूथ स्तर के कार्यकर्ता के रूप में कार्य किया. भारतीय जनता युवा मोर्चा में मण्डल अध्यक्ष, जिला महामंत्री, जिला उपाध्यक्ष, प्रदेश महामंत्री, प्रदेश उपाध्यक्ष जैसे अनेक महत्वपूर्ण दायित्वों का निर्वहन किया. पार्टी के प्रति निष्ठा को देखते हुए उन्हें भाजपा प्रदेश अध्यक्ष की जिम्मेदारी दी गई.
भारी मतों से जीते लोकसभा चुनाव
अरुण साव को भाजपा ने सत्रहवीं लोक सभा (2019) में बिलासपुर लोकसभा सीट से उम्मीदवार घोषित किया. जिसमें वह चुनाव लड़े और रिकार्ड मतों से विजयी हुए. इसके साथ ही साव संसद में अपने लोकसभा बिलासपुर के साथ-साथ सम्पूर्ण छत्तीसगढ़ की समस्याओं को सदन में मुखरता के साथ उठाए.
"छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव: बीजेपी द्वारा दूसरी सूची जारी, नेता प्रतिपक्ष ने कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा,कहाँ - पूर्ण बहुमत से बीजेपी की सरकार बनेगी"
जांजगीर-चांपा: छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव की तिथि घोषणा के साथ ही बीजेपी ने अपने प्रत्याशियों की दूसरी लिस्ट जारी कर दी है. बीजेपी की दूसरी लिस्ट में जांजगीर-चांपा सीट से विधायक और नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल, अकलतरा विधानसभा से सौरभ सिंह और पामगढ़ की अनुसूचित जाति के लिए रिजर्व सीट से संतोष कुमार लहरे को बीजेपी ने अपना प्रत्याशी बनाया है. प्रत्यशियों की घोषणा के बाद नारायण चंदेल और संतोष लहरे जांजगीर के प्रसिद्ध नहरिया बाबा हनुमान मंदिर में दर्शन करने पहुंचे और संध्या आरती में शामिल होकर आशीर्वाद लिया. इस दौरान नारायण चंदेल ने कांग्रेस पर जमकर निशाना साधा, वहीं पूर्ण बहुमत से बीजेपी की सरकार बनाने का भी दावा किया है.
जनता के आशीर्वाद से इस बार बनेगी बीजेपी की सरकार – चंदेल
मंदिर में दर्शन के बाद मीडिया से चर्चा करते हुए जांजगीर-चांपा से विधायक और नेता प्रतिपक्ष नारायण चंदेल ने छत्तीसगढ़ में बीजेपी की दूसरी सूची का स्वागत किया और पार्टी के शीर्ष नेताओं को धन्यवाद दिया. उन्होंने कहा कि आज हमारी दूसरी सूची जारी हुई है, बीजेपी ने बहुत सोच समझ कर अपने प्रत्याशियों को चुनाव में उतारा है. मै भारतीय जनता पार्टी के केंद्रीय नेतृत्व को धन्यवाद करता हूं कि उन्होंने मुझे एक बार फिर चुनाव लड़ने का मौका दिया. इस दौरान चंदेल ने भूपेश सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि मुझे भरोसा नहीं बल्कि पूरा विश्वास है कि छत्तीसगढ़ में परिवर्तन की बयार बह रही है. प्रदेश में मौजूदा भूपेश सरकार से जनता हताश और निराश हो चुकी है. आज छत्तीसगढ़ में नित नए तरह के भ्रष्टाचार हो रहें है. छत्तीसगढ़ अपराधगढ़ बन गया है. पूरे प्रदेश में विकास शून्य हो गया है इसलिए जनता उम्मीद के साथ बीजेपी की ओर देख रही है. मैं आपको विश्वास दिलाता हूं कि हम अटल विहारी वाजपेयी के सपनों के छत्तीसगढ़ को बनाने का सपना पूरा करेंगे और विकास की नई इबारत लिखेंगे. इसी उम्मीद के साथ हमें पूरा विश्वास है कि प्रदेश की जनता के आशीर्वाद से इस बार बीजेपी की सरकार बनेगी.
इस बार पामगढ़ में खिलेगा बीजेपी का कमल – संतोष लहरे
बीएसपी का गढ़ मानी जानें वाली जांजगीर की पामगढ़ विधानसभा से विधायक प्रत्याशी संतोष लहरे ने कहा कि बीजेपी हर चुनाव को चुनौती के रूप में लेती है. पामगढ़ की सीट को भी हम चुनौती के तौर पर ले रहे है, यहां हमारी जीत निश्चित है. पामगढ़ में बीजेपी का कमल खिलेगा. भारतीय जनता पार्टी ने यहां हमेशा कड़ी चुनौती दी है, हम कुछ वोटों से हार जाते थे लेकिन आज बहुजन समाज पार्टी का पूरे देश में ग्राफ गिरा है. पामगढ़ की जनता भी बसपा से नाखुश है. इस बार सतनामी समाज के लगों ने मन बना लिया है कि वो किसी पार्टी या हाथी को देखकर वोट नहीं करेंगे, बल्कि विकास को देखकर वोट करेंगे. प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में पिछले 15 सालों के दौरान बीजेपी ने जो काम किया है, उससे क्षेत्र के लोगों को तुलनात्मक अध्ययन करने का मौका मिला है. पूर्व सीएम रमन सिंह के कार्यकाल में छत्तीसगढ़ और प्रधानमंत्री ने जो देश में काम किया है उससे लोग प्रभावित है, इसे देखकर ही जनता बीजेपी को वोट करेगी.
"कांग्रेस संचार प्रमुख का भाजपा पर तंज, दूसरी सूची में पुराने चेहरे शामिल: छत्तीसगढ़ चुनाव"
रायपुर: छत्तीसगढ़ कांग्रेस संचार विभाग ने राजीव भवन में प्रेसवर्ता आयोजित की. प्रेसवर्ता के दौरान संचार प्रमुख सुशील आनंद शुक्ला ने भाजपा की दूसरी सूची जारी पर तंज कसा है. उन्होंने कहा कि बीजेपी के सूची में पंद्रह साल पुराने घिसे-पिटे चेहरे हैं. इसके साथ ही बीजेपी पर निशाना साधा है.
सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि भाजपा उम्मीदवारों की दूसरी सूची आज जारी हुई है. भाजपा ने पंद्रह साल पुराने कमिश्नखोरों को सूची में शामिल किया है. वायरल सूची के लगभग सभी नाम उसमें शामिल है. बीजेपी में सिर फुटव्वल की स्थिति बनी हुई है. भाजपा की पहली सूची में भी विरोध की स्तिथि देखने को मिली थी. दूसरी सूची के बाद भाजपा नेताओं के पोस्टर पर कालिख पोती गई. नेताओं के कपड़े फाड़े गए हैं. प्रदेश अध्यक्ष को कमरे में बंद रहकर प्रदर्शन देखना पड़ा. केंद्रीय मंत्री दिल्ली जाकर बीजेपी की बदतर स्थिति बताते है.
उन्होंने आगे कहा कि नान घोटाला के आरोपी डॉ. रमन सिंह को प्रत्याशी बनाया गया है. आंख फोड़वा कांड के आरोपी बृजमोहन अग्रवाल, स्काई वॉक के आरोपी राजेश मूणत को प्रत्याशी बनाया गया है. भाजपा प्रत्याशियों की सूची को लेकर सुशील आनंद ने कहा कि अमित शाह आकर रात गुजारते थे. इसके बाद टिकट जारी कर दिया.
चुनाव आयोग ने तारीखों का एलान कर दी है. हम चुनाव आयोग के निर्णय का स्वागत करते है. हमारा एक-एक कार्यकर्ता चुनावी रण में उतरने को तैयार है. कांग्रेस ने पिछले पांच सालों में प्रदेश का चेहरा बदला है.
इसके साथ ही कांग्रेस ने बीजेपी पर निशाना साधते हुए कहा कि भाजपा को वोट देने का मतलब है, धान खरीदी को बंद करना, राजीव गांधी किसान न्याय योजना को बंद करना, सिंचाई के दाम खत्म करना और भजपा नेताओं से कब्जे करवाना, चिटफंड कंपनियों को बुलाकर प्रदेश को ठगना, युवाओं के बेरोजगारी भत्ते को बंद करना, छत्तीसगढ़ की संस्कृति को खत्म करना है.
कांग्रेस ने इस बार के अपने चुनावी मुद्दे को लेकर कहा कि इस चुनाव के लिए हमारा सबसे मजबूत हथियार 5 सालों में किया गया विकास कार्य है. छत्तीसगढ़ में बीजेपी को वोट देने का मतलब है समर्थन मुल्क धान खरीदी रोकना,राजीव गांधी किसान न्याय योजना बंद करना, चिटफंड घोटाले के लोगों को वापस बुलाना. बीजेपी ने एक बार फिर इन्हें अपना उम्मीदवार बनाने 2018 के जनादेश का अपमान किया है. इसलिए हमें भरोसा है कि छत्तीसगढ़ की जनता फिर से कांग्रेस को वोट देगी.
"छत्तीसगढ़ और अन्य राज्यों में चुनाव से पहले आदर्श आचार संहिता लागू, निर्वाचन प्रक्रिया में कई प्रतिबंध और निर्देश"
रायपुर: छत्तीसगढ़ समेत 5 राज्यों में चुनाव की तारीखों का ऐलान हो चूका है. इसी के साथ ही सभी राज्यों में आदर्श आचार संहिता लागू हो गई है. निर्वाचन आयोग ने संविधान के अनुच्छेद 324 के अधीन राजनीतिक दलों की सहमति से कुछ नियम बनाए गए हैं. सत्तारूढ़ पार्टी समेत सभी राजनैतिक दलों और उम्मीदवारों को इसका पालन करना अनिवार्य होता है. आदर्श आचार संहिता चुनाव संपन्न होने तक लागू रहेगी.
छत्तीसगढ़ की मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी रीना बाबासाहेब कंगाले ने सोमवार को राजधानी रायपुर स्थित मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय में प्रेस कॉन्फ्रेंस की. इस बार छत्तीसगढ़ में दो चरणों में चुनाव होगा. जिसमें पहला चरण 7 नवंबर और दूसरे चरण की वोटिंग 17 नवंबर को होगी. जिसमें छत्तीसगढ़ में दो चरणों में मतदान होना है. जिसमें पहले चरण में 20 सीटों पर और दूसरे चरण में 70 सीटों पर वोटिंग की जाएगी. पांचों राज्यों के चुनाव नतीजे एक साथ 3 दिसंबर को घोषित किए जाएंगे.
इन कार्यो पर रहेगी रोक –
- सरकारी विमान, बंगला, गाड़ी समेत अन्य संसाधनों का इस्तेमाल चुनाव प्रचार या किसी भी तरह की गतिविधियों के लिए नहीं किया जा सकता.
- नेता अब सरकारी घोषणा, लोकार्पण, उद्घाटन और शिलान्यास आदि कार्यक्रमों पर चुनाव प्रक्रिया संपन्न होने तक रोक रहेगी, चुनावी रैली में जाति-धर्म के आधार पर वोट मांगने पर रोक रहेगी.
- किसी भी राजनीतिक दल, प्रत्याशी, राजनेता या समर्थकों को रैली करने से पहले पुलिस से अनुमति लेनी होगी.
- धार्मिक स्थान यथा मंदिर, मस्जिद, चर्च, गुरूद्वारा या पूजा के अन्य स्थानों का निर्वाचन प्रचार के मंच के रूप में प्रयोग नहीं किया जाएगा.
- हथियार रखने के लिए नया आर्म्स लाइसेंस नहीं बनेगा. BPL के पीले कार्ड नहीं बनाए जाएंगे.
- मत प्राप्त करने के लिए जाति या सांप्रदायिक भावनाओं के आधार पर कोई अपील नहीं की जाएगी.
- निर्वाचन के आयोजन से प्रत्यक्ष या अप्रत्यक्ष रूप से जुड़े हुए सभी अधिकारियों या पदाधिकारियों के स्थानांतरण और तैनाती पर प्रतिबंध होगा. यदि किसी अधिकारी का स्थानांतरण या तैनाती आवश्यक मानी जाती है तो इसके लिए पहले निवार्चन आयोग की अनुमति लेना अनिवार्य होगा.
- मतदान के दिन मतदान केंद्र से सौ मीटर के दायरे में चुनाव प्रचार पर रोक और मतदान से एक दिन पहले किसी भी बैठक पर रोक लग जाएगी.
- चुनाव प्रक्रिया पूरी होने तक सरकारी कोष की लागत पर पार्टी की उपलब्धियों के संबंध में विज्ञापन और सरकारी जनसंपर्क मीडिया के दुरुपयोग पर रोक रहेगी.
- राजनीतिक दलों की ओर से प्रदार्शित किए गए सभी होर्डिंग, विज्ञापन इत्यादि संबंधित प्राधिकारियों द्वारा तुरंत हटा दिए जाएंगे.
- मंत्री या अन्य प्राधिकारी निर्वाचन प्रक्रिया पूरी होने तक विवेकाधीन कोष से कोई अनुदान/भुगतान नहीं कर सकते हैं.
- आदर्श आचार संहिता का अगर कोई आम नागरिक उल्लंघन करता हुआ पाया जाता है तो उसपर भी कार्रवाई की जाएगी. उसे हिरासत में भी लिया जा सकता है.
इन कार्यो पर रोक नहीं
- राज्य के मंत्री सरकारी वाहन का इस्तेमाल अपने आधिकारिक निवास से अपने कार्यालय तक शासकीय कार्यों के लिए जाने-आने के लिए कर सकते हैं.
- आपातकालिक स्थिति या अप्रत्याशित आपदाओं और सूखे, बाढ़, महामारी, अन्य प्राकृतिक आपदाओं से निपटने या फिर वृद्धजनों और निशक्त लोगों के लिए कल्याणकारी उपाय करना हो तो सरकार निर्वाचन आयोग की अनुमति लेकर ऐसा कर सकती है.
- रेस्ट हाउस, डाक बंगला या अन्य सरकारी निवासों पर सत्ताधारी दल या इसके अभ्यर्थियों द्वारा एकाधिकार नहीं रखा जाएगा. ऐसे निवास स्थान के लिए अन्य दलों या अभ्यर्थियों को भी प्रयोग करने की अनुमति होगी.
- चुनाव प्रक्रिया संपन्न होने तक अब कोई नई घोषणाएं तो नहीं की जा सकती और न ही नए विकास कार्य शुरू किए जा सकते हैं, लेकिन यदि कोई काम वास्तव में शुरू कर दिया गया है तो उसे जारी रखा जा सकता है.
जानिए कब हुई थी आचार संहिता की शुरुआत
गौरतलब है कि आदर्श आचार संहिता की शुरुआत सबसे पहले साल 1960 में केरल विधानसभा चुनाव में हुई थी, निर्वाचन आयोग ने साल 1962 के लोकसभा चुनाव में सभी राजनितिक दलों को इसके बारे अवगत कराया था. इसके बाद साल 1967 के लोकसभा और विधानसभा चुनाव में आदेश आचार संहिता की व्यवस्था लागू हुई. तब से अब तक यह सिलसिला जारी है, निर्वाचन आयोग की अनुशंसा पर समय-समय पर इसके दिशा निर्देशों में बदलाव होते रहा है.
"भाजपा ने छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के लिए 14 महिला प्रत्याशियों को उतारा"
छत्तीसगढ़ विधानसभा समेत 5 राज्यों में चुनाव का ऐलान हो गया है. वहीं भाजपा ने छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव के लिए 85 विधानसभा सीटों के प्रत्याशियों की घोषणा कर दी है. इन 85 प्रत्याशियों में बीजेपी ने 14 महिलाओं को प्रत्याशी बनाया है. जिसमें 2 महिला सांसदों के नाम भी शामिल हैं. रेणुका सिंह सरगुजा से लोकसभा सांसद हैं और केन्द्रीय जनजाति विकास राज्यमंत्री हैं. वहीं गोमती साय रायगढ़ लोकसभा से सांसद हैं.
देखिये 14 भाजपा महिला प्रत्याशियों के नाम
- भरतपुर सोनहत (अजजा) – रेणुका सिंह, सांसद
- सामरी (अजजा) – उद्धेश्वरी पैकरा
- जशपुर (अजजा) – रायमुनि भगत
- पत्थलगांव (अजजा) – गोमती साय, सांसद
- लैलूंगा (अजजा) – सुनीति सत्यानंद राठिया
- सारंगढ़ (अजा) – शिवकुमारी चौहान
- चंद्रपुर – संयोगिता सिंह जूदेव
- धमतरी- रंजना दीपेंद्र साहू
- कोंडागांव (अजजा) – लता उसेंडी
- भटगांव – लक्ष्मी राजवाड़े
- प्रतापपुर (अजजा) – शकुंतला सिंह पोर्थे
- सरायपाली (अजा) – सरला कोसरिया
- खल्लारी – अलका चंद्राकर
- खुज्जी – गीता घासी साहू
"छत्तीसगढ़ चुनाव: भाजपा के 85 प्रत्याशियों की घोषणा, अरुण साव ने किया ऐतिहासिक बढ़त का दावा"
रायपुर: छत्तीसगढ़ प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सांसद अरुण साव ने विधानसभा चुनाव की तारीखों का ऐलान और भाजपा प्रत्याशियों की दूसरी सूची जारी होने के बाद भाजपा कार्यालय में आयोजित संवाददाता सम्मेलन में कहा कि चुनाव आयोग ने चुनाव की अधिसूचना जारी कर दी है। छत्तीसगढ़ की जनता चुनाव की तारीखों की प्रतीक्षा कर रही थी। छत्तीसगढ़ की जनता और भाजपा परिवर्तन के लिए तैयार है।
उन्होंने कहा कि भाजपा ने पहली सूची में 21 प्रत्याशियों का ऐलान किया था। आज 64 प्रत्याशियों का ऐलान भाजपा ने किया है। कुल मिलाकर 90 में से 85 विधानसभा क्षेत्र में भाजपा ने अपने प्रत्याशियों की घोषणा कर दी है। और कांग्रेस से बड़ी बढ़त बना ली है।85 प्रत्याशियों में कुल मिलाकर आदिवासी समाज से 30 प्रत्याशी मैदान में होंगे, 10 प्रत्याशी अनुसूचित जाति से है ,31 प्रत्याशी पिछड़ा वर्ग से हैं और सूची में अब तक 14 महिलाओं को भाजपा ने प्रत्याशी बनाया गया है। 43 ऐसे प्रत्याशियों को मैदान में उतारा गया है जो पहली बार भाजपा के चुनाव चिन्ह पर विधानसभा चुनाव लड़ेंगे। 50 वर्ष से कम आयु के 34 युवा प्रत्याशी हैं। भाजपा की सूची में एक तरफ जहां बड़े पैमाने पर युवा और नए प्रत्याशी हैं, वहीं अनुभवी और दिग्गज नेताओं को भी पार्टी ने मैदान में उतारा है।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष अरुण साव ने कहा कि निश्चित रूप से आज छत्तीसगढ़ में जो स्थितियां हैं, जो दुर्दशा राज्य की कांग्रेस की सरकार ने की है, प्रदेश को भ्रष्टाचार का गढ़ बना दिया है, अपराध का गढ़ बना दिया है, माफिया का गढ़ बना दिया है, धर्मांतरण का गढ़ बना दिया है, विकास को पूरी तरह अवरुद्ध कर दिया है। धोखा देने का काम किया है। ऐसे में आज यह चुनाव छत्तीसगढ़ को बचाने का चुनाव है। परिवर्तन की हवा चल रही है।
उन्होंने कहा कि जिस प्रकार से भाजपा की परिवर्तन यात्रा से प्रदेश में सकारात्मक वातावरण तैयार हुआ है। परिवर्तन की हवा चल रही है। जिस प्रकार से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सभा में भीड़ उमड़ी है, अपार जन समूह एकत्र हुआ है , वह यह बताता है कि छत्तीसगढ़ की जनता इस सरकार को उखाड़ फेंकने के लिए तैयार है। जनता मतदान की तिथि का इंतजार कर रही थी। आज मतदान की तिथि का ऐलान हो गया है तो निश्चित रूप से छत्तीसगढ़ की खुशहाली, छत्तीसगढ़ की तरक्की, छत्तीसगढ़ की बेहतरी के लिए, माता बहनों की सुरक्षा के लिए, किसानों की तरक्की के लिए, अनुसूचित जाति- जनजाति समाज, पिछड़ा वर्ग समाज, युवाओं की तरक्की और बेहतरी के लिए भाजपा सरकार काम करेगी।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अरुण साव ने कहा कि जिस तरह से युवाओं के साथ अत्याचार हुआ, पीएससी घोटाला हुआ, ऐसे में छत्तीसगढ़ के नौजवानों में आक्रोश है, नाराजगी है।
अरुण साव ने कहा छत्तीसगढ़ में कांग्रेस सरकार में हैं। आज 5 वर्ष पूर्ण हो चुके हैं और कांग्रेस के पास एक भी उपलब्धि नहीं हैं जनता की बताने के लिये ।छत्तीसगढ़ के विकास के लिए आखिर कांग्रेस ने किया क्या हैं? उपलब्धि विहीन कांग्रेस आज जनता के बीच जाने की स्तिथि में नहीं हैं इस लिए अब तक एक टिकिट की घोषणा नहीं कर पा रहे। कांग्रेस में आपस में अंतर कलह हैं सिर फुटव्वल की स्थिति हैं यह सब बताता हैं कि छत्तीसगढ़ में कांग्रेस पहले ही हार मान चुकी हैं । उन्होंने कहा भाजपा का कार्यकर्ता लगातार 5 वर्षो से कुशासन के खिलाफ लड़ाई लड़ रहा हैं और कांग्रेस को उखाड़ फेंकने तैयार हैं। भाजपा का एक एक कार्यकर्ता सभी 24 हजार बूथों में कांग्रेस को उखाड़ फेंकने के संकल्प के साथ चुनाव में जुट चुका हैं,इसलिए खुशहाल, विकसित,समृद्ध छत्तीसगढ़, जहां छत्तीसगढ़ के लोगों की आकांक्षाओं के अनुरूप छत्तीसगढ़ आगे बढ़े, अटल जी के सपनों के अनुरूप छत्तीसगढ़ का निर्माण हो, इसके लिए भाजपा पूरी ताकत से चुनाव मैदान में उतरेगी। छत्तीसगढ़ में निश्चित रूप से भारतीय जनता पार्टी की सरकार बनेगी। छत्तीसगढ़ की जनता भूपेश सरकार से छुटकारा चाहती है। कानून का राज हो, छत्तीसगढ़ भ्रष्टाचार मुक्त हो, नशे का कारोबार बंद हो, गांव और शहरों का सुयोजित विकास हो, नौजवानों के सपने साकार करने पारदर्शी अवसर मिले, किसानों को तरक्की का अवसर मिले, उनके जीवन में खुशहाली आए, इन विषयों को लेकर हम चुनाव मैदान में होंगे। निश्चित रूप से छत्तीसगढ़ की जनता का आशीर्वाद भाजपा को मिलेगा। हम छत्तीसगढ़ को आगे लेकर जाएंगे।
इस दौरान पत्रकार वार्ता में भाजपा प्रदेश मीडिया प्रभारी अमित चिमनानी एवं सह मीडिया प्रभारी अनुराग अग्रवाल उपस्थित रहे।
"जूनियर राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता में बड़ी संख्या में तीरंदाजों ने भाग लिया"
जूनियर राज्य स्तरीय तीरंदाजी प्रतियोगिता आज महासमुंद जिला में संपन्न हुई इस आयोजन में 17 जिले से 220तीरंदाज कोच मैनेजर आयोजक शामिल हुए संध्या 5:00 बजे पुरस्कार वितरण किया गया
मुरारका ने कहा की कार्यक्रम में प्रमुख अतिथि महासमुंद जिला के एसपी माननीय श्री धर्मेन्द्र जी कार्यक्रम में आत्मानंद स्कूल की प्राचार्य के कर कमलो से पुरस्कार वितरण संपन्न हुए जिसका रिजल्ट नीचे लिखे अनुसार है इस कार्यक्रम में प्रमुख रूप से कोच के रूप में रायपुर के सतीश जी, अनिल जी, श्रद्धा, भिलाई से उमेश बघेल बीजापुर से दुर्गेश, जी महासमुंद से एवं कुमा हीरू कुमार से शिवतराई से इतवारी राज konda गांव से त्रिलोचन जी बिलासपुर से मन्नू पटेल ऐसे विभिन्न कोच तीरंदाज मैनेजर आयोजन प्रमुख रुपए उपस्थित हुए जूनियर राज्य स्टील प्रतियोगिता से विजय तीरंदाज नवंबर माह में राजस्थान के भरतपुर में आयोजित जूनियर राष्ट्रीय प्रतियोगिता 14 नवंबर से 28 नवंबर के बीच आयोजित है उसमें भाग लेंगे