Amarnath Yatra 2024 : भारी बारिश की वजह से अस्थायी रूप से रुकी अमरनाथ तीर्थयात्रा, यात्रियों को वापस भेजा गया उनके बेस कैंप…
2024-10-17 16:47:44
Amarnath Yatra 2024 : जम्मू-कश्मीर में भारी बारिश के कारण शनिवार को अमरनाथ तीर्थयात्रा को अस्थायी रूप से रोक दिया गया है. उत्तर और दक्षिण कश्मीर के दोनों बेस कैंप से चलने वाली यात्रा को फिलहाल रोक दिया गया है. अधिकारियों ने कहा कि भारी बारिश के कारण उत्तरी कश्मीर के बालटाल और दक्षिण कश्मीर के नुनवान (पहलगाम) बेस कैंप से यात्रियों की आवाजाही अस्थायी रूप से रोक दी गई है. यात्रियों को वापस उनके बेस कैंप भेजा जा रहा है. मौसम में सुधार के बाद यात्रा फिर से शुरू होगी.
29 जून से शुरू हुई अमरनाथ यात्रा 19 अगस्त को खत्म होगी. 3,800 मीटर ऊंचे गुफा मंदिर में अब तक 1.50 लाख से ज्यादा श्रद्धालु दर्शन कर चुके हैं. हालांकि, अमरनाथ यात्रा (Amarnath Yatra 2024) शुरू होने के सातवें दिन यानी 5 जुलाई को ही बाबा बर्फानी अदृश्य हो गए है. ऐसा पहली बार हुआ है. अब यहां आने वाले श्रद्धालुओं को पवित्र गुफा के ही दर्शन होंगे.मौसम विभाग ने उत्तराखंड में आज भारी बारिश का रेड अलर्ट जारी किया है. राज्य में 6-7 जुलाई के दौरान अलग-अलग स्थानों पर भारी बारिश होने की आशंका है. इस दौरान 64.5-115.5 mm से 115.5-204.4 mm तक बारिश हो सकती है.
बालटाल बेस कैंप से यात्रियों को गुफा मंदिर तक पैदल या टट्टुओं पर 14 किलोमीटर लंबा रास्ता तय करना पड़ता है, जबकि पारंपरिक नुनवान (पहलगाम) बेस कैंप से जाने वालों को 48 किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती है, जिसमें चार दिन एक तरफ से लगते हैं.पहलगाम-गुफा मंदिर मार्ग में पहलगाम से चंदनवारी (24 किलोमीटर), चंदनवारी से शेषनाग (13 किलोमीटर), शेषनाग से पंचतरणी (5 किलोमीटर) और पंचतरणी से गुफा मंदिर (6 किलोमीटर) शामिल हैं. 14 किलोमीटर लंबे बालटाल बेस कैंप मार्ग से जाने वाले लोग गुफा मंदिर के अंदर ‘दर्शन’ के बाद उसी दिन बेस कैंप लौट आते हैं.