छत्तीसगढ़
"28 अगस्त तक ये ट्रेनें रद्द नहीं चलेंगी, जानिए लिस्ट में..."
रायपुर: अगर आप भी रोजाना ट्रेन से सफर करते हैं या आज कहीं ट्रेन से सफर करने जा रहें है तो ये खबर आपको लिए बड़े काम की है। रेलवे प्रशासन द्वारा अधोसंरचना विकास हेतु नागपुर-नई दिल्ली मैन लाइन पर स्थित पश्चिम मध्य रेलवे के भोपाल रेल मण्डल के अंतर्गत इटारसी–भोपाल सेक्शन में पोवारखेड़ा एवं जुझारपुर रेलवे स्टेशनों के बीच फ्लाईओवर को जोड़ने का कार्य के लिए नॉन इंटरलोकिंग का कार्य किया जाएगा . यह कार्य दिनांक 23 से 28 अगस्त, 2023 तक किया जाएगा .
इस कार्य के फलस्वरुप कुछ गाड़ियों को रद्द किया जा रहा है, जिसकी जानकारी इस प्रकार है :-
रद्द होने वाली गाडियां:-
1. दिनांक 23 एवं 26 अगस्त, 2023 को दुर्ग से चलने वाली 12853 दुर्ग-भोपाल अमरकंटक एक्सप्रेस रद्द रहेगी .
2. दिनांक 24 एवं 27 अगस्त, 2023 को भोपाल से चलने वाली 12854 भोपाल-दुर्ग अमरकंटक एक्सप्रेस रद्द रहेगी .
3. दिनांक 23, 25, 26 एवं 27 अगस्त, 2023 को इंदौर से चलने वाली 19343 इंदौर-सिवनी एक्सप्रेस रद्द रहेगी.
4. दिनांक 24, 26, 27 एवं 28 अगस्त, 2023 को छिंदवाडा से चलने वाली 19344 छिंदवाडा-सिवनी-इंदौर एक्सप्रेस रद्द रहेगी
"छत्तीसगढ़ मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने जन्मदिन पर युवाओं को दिया बीपीओ सेंटर का उपहार"
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने आज अपने जन्मदिन पर छत्तीसगढ़ के युवाओं को बीपीओ सेंटर का तोहफा दिया। कलेक्टोरेट के सामने मल्टीलेवल पार्किंग के पांचवे और छठवें माले पर बने इस बीपीओ सेंटर का मुख्यमंत्री ने शुभारंभ किया। उन्होंने यहां बीपीओ सेंटर में काम करने के लिए एक सौ युवाओं को जॉब लेटर भी दिए। इस बीपीओ सेंटर की स्थापना लगभग दस करोड़ रूपये की लागत से की गई है। मुख्यमंत्री बघेल की सोच के अनुरूप इस बी.पी.ओ. सेंटर के शुरू हो जाने से अब रायपुर के युवाओं को उन्नत व आधुनिक सुविधाओं के जरिए रोजगार के नये अवसर भी मिलेंगे। इस बी.पी.ओ. सेंटर के जरिए छत्तीसगढ़ के युवा कॉल सेंटर कस्टमर सपोर्ट, सेल्स एंड मार्केटिंग, डाटा एंट्री, टेक्निकल सपोर्ट, चौट सपोर्ट, बैंक एंड फ्रंट ऑफिस वर्क, सोशल मीडिया हैण्डलिंग, डाटा एनालिसिस जैसे आउटसोर्सिंग व्यवसायों से जुड़ेंगे।
बीपीओ सेंटर का शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री बघेल ने कहा कि सूचना क्रांति के इस दौर में रायपुर में लम्बे समय से ऐसे आधुनिक बी.पी.ओ. सेंटर की जरूरत महसूस हो रही थी, जहां काम करते हुए कम लागत पर बेरोजगार व कॉलेज में पढ़ रहें युवाओं को पूरी दुनियां से जुड़कर अपने कौशल बढ़ाने का समुचित अवसर मिले। उन्होंने कहा कि कोरोना काल में भी हर घर तक संदेशों को पहुंचाने के लिए ऐसे बीपीओ आधारित हाइटेक कॉल सेंटर की आवश्यकता शहर में महसूस की जा रही थी। रायपुर में इस तरह के कॉल सेंटर उपलब्ध नहीं होने के कारण यहां के युवाओं को इंदौर, बैंगलुरू जैसे अन्य महानगरों में जाकर रोजगार के अवसर तलाशने पड़ते थे।
मुख्यमंत्री बघेल ने कहा कि प्रतिस्पर्धा के दौर में सीमित संसाधनों के कारण यहां कें युवा रोजगार से वंचित हो जाते थे। अब रायपुर में बीपीओ सेंटर खुल जाने से ऐसे युवाओं को रोजगार के नए अवसर मिलेंगे। इस सेंटर के मार्फत देश-विदेश की बड़ी कंपनियों और वाणिज्यिक सेवा संस्थानों से जुड़कर स्थानीय युवाओं की रोजगार और विकास में भागीदारी भी बढ़ेगी। इसके साथ ही नई तकनीकों के उपयोग से विभिन्न कंपनियों में संपर्क होने से युवाओं का संवाद कौशल भी बढ़ेगा, जिससे विकास के नए रास्ते खुलेंगे।
उल्लेखनीय है कि देश में अपने तरह का अनोखा मॉडल है जिसमें सरकार एक सेतु बनकर सर्विस प्रोवाइडर्स को स्थानीय युवाओं को रोज़गार के लिए आमंत्रित कर रही है । इस बीपीओ सेंटर में पूरी अधोसंरचना सरकार द्वारा उपलब्ध कराई गई है । सर्विस प्रोवाइडर्स को भी राज्य सरकार ने आमंत्रित किया है और राज्य के युवाओं को रोज़गार उपलब्ध कराया है। बीपीओ सेंटर में कार्यरत युवाओं को 15 से 18 हजार रुपए प्रतिमाह वेतन के रूप में मिलेगा।
500 युवाओं को रोजगार मिलेगा, आज 100 युवाओं को मिले जॉब लेटर
मुख्यमंत्री बघेल ने बीपीओ सेंटर का उद्घाटन करते हुए यहां काम करने के लिए 100 युवाओं को जॉब लेटर भी दिए। इस बीपीओ सेंटर में छत्तीसगढ़ के 500 युवाओं को रोजगार के अवसर मिलेंगे। बीपीओ सेंटर में काम करने के लिए लगभग एक हजार आवेदन मिले थे। तीन दिन की स्क्रिनिंग प्रक्रिया के बाद इनमें से साढ़े छह सौ युवाओं को साक्षात्कार के लिए बुलाया गया था। साक्षात्कार के बाद 100 युवाओं का चयन बीपीओ में काम करने के लिए किया गया है। शेष चार सौ युवाओं का चयन भी आने वाले 10-15 दिनों में कर लिया जाएगा और एक महीने की ट्रेनिंग के बाद उन्हें बीपीओ में नौकरी दे दी जाएगी। बीपीओ सेंटर के लोकार्पण के पश्चात मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने युवाओं के साथ सेल्फी भी ली।
इस अवसर पर नगरीय प्रशासन मंत्री डॉ. शिव डहरिया, रायपुर नगर निगम के महापौर एजाज ढेबर, छत्तीसगढ़ गृह निर्माण मण्डल के अध्यक्ष श्री कुलदीप जुनेजा, छत्तीसगढ़ योग आयोग के अध्यक्ष श्री ज्ञानेश शर्मा, नगर निगम के सभापति प्रमोद दुबे सहित पार्षद जितेन्द्र अग्रवाल एवं आकाश तिवारी भी मौजूद रहे।
"नगर अध्यक्ष का भाजपा में ज्वाइन, तिल्दा नगरपालिका में बदला सत्ता का समीकरण"
तिल्दा: प्रदेश के सबसे हाई प्रोफ़ाइल नगरीय निकायों में शामिल तिल्दा नगरपालिका में एक नाटकीय घटनाक्रम सामने आया है। दरअसल यहाँ की नगर अध्यक्ष लेमीक्षा डहरिया ने कल अपने पिता बालदास के साथ भाजपा ज्वाइन कर लिया था। वही उनके पार्टी बदलने के साथ ही तिल्दा नगरपालिका का समीकरण भी बदल गया और इस तरह अब तक जहाँ पालिका पर कांग्रेस का कब्ज़ा था तो वही नगर की सत्ता पर भाजपा आ गई।
दरअसल लेमीक्षा डहरिया के पार्टी ज्वाइन करने के बाद भाजपा पार्षदों की संख्या 13 से बढ़कर 14 हो गई और इस तरह निकाय पर बीजेपी का कब्ज़ा हो गया। वही इस समीकरण के बदलने के बाद कांग्रेस के पार्षदों ने भी पीआईसी से अपनी सदस्य्ता छोड़ दी. बताया जा रहा है कि अब पीआईसी में सभी सदस्य भाजपा के होंगे। पिछली बार कांग्रेस की टिकट पर ही लेमीक्षा डहरिया नगरपालिका अध्यक्ष बनी थी।
"CM भूपेश बघेल का दिल्ली दौरा: AICC ऑफिस में प्रेस कांफ्रेंस और नेताओं से मुलाकात"
रायपुर: मुख्यमंत्री भूपेश बघेल (CM Bhupesh Baghel) आज दिल्ली दौरे पर जाएंगे. वहां सीएम बघेल अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी (AICC) ऑफिस में प्रेस कांफ्रेंस करेंगे. इसके साथ ही पार्टी के वरिष्ठ नेताओं से मुलाकात करेंगे. रात्रि विश्राम छत्तीसगढ़ सदन में ही करेंगे. सीएम भूपेश बघेल राजधानी रायपुर से 12 बजे दिल्ली के लिए रवाना होंगे.
"मुख्यमंत्री के सलाहकार विनोद वर्मा ने लगाए ईडी पर गंभीर आरोप, कहा- मेरे घर में हुई डकैती, मुझे प्रताड़ित किया"
रायपुर: मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के सलाहकार विनोद वर्मा ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की छापेमारी पर प्रेस कांफ्रेंस कर अपना पक्ष रखा. उन्होंने कहा कि मेरे घर में कल डकैती हुई है, लूट हुई है. ईडी ने कल मुझे प्रताड़ित किया है. ईडी ने जो सोना बरामद किया उसे मैंने 2005 में खरीदा है. मैंने सभी बिल दिए हैं. इसके बाद भी ईडी सारा गहना जब्त कर ले गई है.
विनोद वर्मा ने प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि ईडी ने मुझे कागज दिया, उसमें सारा विवरण में है. ईडी ने आईपीसी को नए सिरे से परिभाषित किया है. ईडी की मंशा क्या है, ये उजागर हुई है. ईडी के छापे के पीछे का आधार जगत विजन पत्रिका में छपी एक कहानी है. जगत विजन पत्रिका के संपादक के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करूंगा. चंद्रभूषण वर्मा मेरा रिलेटिव नहीं है. चंद्रभूषण की जो भूमिका सट्टा एप में तो उसकी पूरी जांच कर लेते. बिना किसी तथ्य के मेरे घर ईडी की टीम पहुंची.
उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृहमंत्री अमित शाह की तानाशाही चल रही है. राष्ट्रीय स्तर पर विपक्ष को रौंदने की कोशिश हो रही है. छत्तीसगढ़ की राजनीतिक परिस्थितियों के मद्देनजर कार्रवाई हो रही है. सीएम के आसपास के लोगों को लपेट लिया जाए. छत्तीसगढ़ पुलिस भी महादेव एप पर कार्रवाई कर रही है. भाजपा केंद्रीय एजेंसियों के भरोसे चुनाव लड़ना चाहती है.
विनोद वर्मा ने कहा कि मुझे खुशी होगी, अगर ईडी मेरे खिलाफ सबूत ले आए, मुझे ईडी गलत साबित कर दे. मैं उन चीजों से दूर रहा हूं, जो दलदल है, जो गलत है. मुख्यमंत्री ने मुझे अपना सलाहकार बनाया तो यह मेरा दायित्व है कि उनकी छवि पर दाग न लगने दूं. मैं एआईसीसी का मेंबर हूं, उस नाते भी जिम्मेदारी से कह रहा हूं पार्टी की छवि पर, सरकार की छवि पर दाग नहीं लगने दूंगा.
"रायपुर में मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार पहुंचे, विधानसभा निर्वाचन की तैयारियों की समीक्षा करेंगे"
रायपुर: भारत के मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार और भारत निर्वाचन आयोग के वरिष्ठ अधिकारी बुधवार शाम रायपुर पहुंचे. वे राज्य में विधानसभा आम निर्वाचन-2023 की तैयारियों की समीक्षा करेंगे. छत्तीसगढ़ की मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी रीना बाबासाहेब कंगाले ने मुख्य निर्वाचन आयुक्त राजीव कुमार और आयोग के वरिष्ठ अधिकारियों का स्वामी विवेकानंद विमानतल पर स्वागत किया.
मुख्य निर्वाचन आयुक्त के साथ भारत निर्वाचन आयोग के वरिष्ठ उप निर्वाचन आयुक्त धर्मेन्द्र शर्मा और नितेश व्यास, उप निर्वाचन आयुक्त मनोज कुमार साहू और आर.के. गुप्ता, वरिष्ठ प्रधान सचिव एन.एन. बुटोलिया, प्रधान सचिव एस.बी. जोशी और अवर सचिव रितेश सिंह भी रायपुर पहुंचे हैं.
"छत्तीसगढ़ के इस बेटे ने Chandrayaan-3 मिशन में निभाई महत्वपूर्ण भूमिका"
बिलासपुर: 14 जुलाई को दोपहर 2:35 बजे श्रीहरिकोटा से उड़ान भरने वाला चंद्रयान-3 ने अपनी 40 दिनों की लंबी यात्रा के बाद 23 अगस्त को शाम 6:04 बजे चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर सफलतापूर्वक लैंडिंग कर ली है. जिसके साथ ही भारत चंद्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर पहुंचने वाला दुनिया का पहला देश बन गया है. इस चंद्रयान को चंद्रमा तक पहुंचाने वाले वैज्ञानिकों की टीम में प्रदेश की न्यायधानी का एक बेटा भी शामिल है.
बिलासपुर के रहने वाले विकास श्रीवास ने चंद्रयान 3 को चांद तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई है. चंद्रयान-3 को लेकर जो रॉकेट उड़ा था, उसका ढांचा बनाने वाली टीम में विकास भी शामिल थे.
सरकंडा के बंगाली पारा में रहने वाले उघानिकी विभाग से सेवानिवृत दिनेश श्रीवास के पुत्र विकास श्रीवास साल 2007 से तिरुवंतपुरम स्थित इसरो (ISRO) केंद्र में अंतरिक्ष वैज्ञानिक के पद पर कार्यरत हैं. विकास के पिता ने बताया कि विकास की प्रारंभिक शिक्षा तखतपुर में हुई. वह बचपन से ही अंतरिक्ष विज्ञान में विशेष रूचि रखता था. इसके बाद हायर सेकेंडरी की पढ़ाई करने के लिए विकास ने सरस्वती शिशु मंदिर तिलक नगर में दाखिला लिया. फिर उन्होंने इंजीनियरिंग की पढ़ाई शासकीय इंजीनियरिंग महाविद्यालय कोनी से मैकेनिकल ब्रांच में पूरी की.
विकास के माता-पिता
इसके बाद विकास ने गेट परीक्षा के माध्यम से सफलता हासिल कर इसरो को अपना कार्य क्षेत्र बनाया. जहां वे 2007 से विकास तिरुवंतपुरम स्थित इसरो केंद्र में कार्यरत हैं. विकास चंद्रयान-3 में टीम मेंबर हैं. विकास ने बिलासपुर के साथ-साथ छत्तीसगढ़ का भी नाम रौशन कर दिया.
"भारत निर्वाचन आयोग के अधिकारी रायपुर पहुंचे, विधानसभा आम निर्वाचन की तैयारियों की समीक्षा करेंगे"
रायपुर: भारत निर्वाचन आयोग के निर्वाचन आयुक्त श्री अनूप चंद्र पांडेय, निर्वाचन आयुक्त श्री अरूण गोयल और भारत निर्वाचन आयोग के वरिष्ठ अधिकारीगण आज प्रातः रायपुर पहुंचे। वे राज्य में विधानसभा आम निर्वाचन-2023 की तैयारियों की समीक्षा करेंगे।
छत्तीसगढ़ की मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्रीमती रीना बाबासाहेब कंगाले ने आयोग के वरिष्ठ अधिकारियों का स्वामी विवेकानंद विमानतल पर स्वागत किया।
भारत निर्वाचन आयोग के उप निर्वाचन आयुक्त श्री हृदेश कुमार, उप निर्वाचन आयुक्त श्री अजय भादू, महानिदेशक श्री बी नारायणन, निदेशक श्री यशवेंद्र सिंह, श्री संतोष अजमेरा, निदेशक (आई टी) श्री अशोक कुमार, संयुक्त निदेशक श्री अनुज चांडक भी आज रायपुर पहुंचे।
"किसान मोर्चा: राष्ट्रीय अध्यक्ष राजकुमार चाहर की नेतृत्व में पदाधिकारी सम्मेलन कल रायपुर में"
रायपुर: कुशाभाऊ ठाकरे परिसर रायपुर में भारतीय जनता पार्टी किसान मोर्चा के पदाधिकारी सम्मेलन मे गुरुवार को प्रदेश भर के पदाधिकारी जुटेंगे। दोपहर 3:00 कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में होने वाले मंडल अध्यक्षों समेत जिला व प्रदेश पदाधिकारियों के संयुक्त सम्मेलन में मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजकुमार चाहर , केन्द्रीय रासायनिक खाद मंत्री मनसुख मांडविया, प्रदेश सह प्रभारी नितिन नवीन, राष्ट्रीय महामंत्री शंभू कुमार, प्रदेश प्रभारी बजरंगी प्रसाद यादव, पूर्व कृषि मंत्री बृजमोहन अग्रवाल, चंद्रशेखर साहू, मोर्चा के प्रदेश अध्यक्ष पवन साहू समेत कई राष्ट्रीय व प्रदेश पदाधिकारी सम्मिलित होंगे। किसानो से संबंधित मुद्दों पर प्रदेश भर के कार्यकर्ताओं के साथ व्यापक विमर्श किया जाएगा।
"भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय अध्यक्ष द्वारा जाहिर की गई प्रेस वार्ता: छत्तीसगढ़ में महिला सशक्तिकरण और विकास के लिए उद्घाटन हुआ अभियान"
रायपुर: भारतीय जनता पार्टी महिला मोर्चा की राष्ट्रीय अध्यक्ष वानथी श्रीनिवासन ने कहा है कि भाजपा महिला मोर्चा की सभी पदाधिकारी-कार्यकर्ता आगामी विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को सत्ता से उखाड़ फेंकने के लिए कमर कस चुकी हैं। श्रीमती श्रीनिवासन ने कहा कि आगामी विधानसभा चुनाव के मद्देनजर शक्ति केन्द्रों तक जाकर हर एक महिला से संपर्क किया जाएगा और उनको केन्द्रीय योजनाओं के बारे में बताया जाएगा। इस दौरान छत्तीसगढ़ व देशभर में एक करोड़ महिलाओं से सम्पर्क करने का लक्ष्य तय किया गया है। सितंबर के महीने से विभिन्न जनसंपर्क अभियान एवं युवती सम्मेलनों के तहत छत्तीसगढ़ की हर विधानसभा के विभिन्न वर्गों की महिलाओं से भाजपा महिला मोर्चा संपर्क साधेगा।
भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती श्रीनिवासन ने बुधवार को एकात्म परिसर स्थित भाजपा कार्यालय में पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि भारत आविष्कारों एवं टेक्नोलॉजी में क्षेत्र में नयी ऊंचाइयों को छू रहा है। महिला सशक्तीकरण और महिलाओं की उन्नति के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार द्वारा चलाई जा रही योजनओं की विस्तार से चर्चा करते हुए श्रीमती श्रीनिवासन ने कहा कि महिला मोर्चा की सभी कार्यकर्ता प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में महिलाओं के विकास एवं सशक्तीकरण के लिए जो भी कार्य हुए हैं, उनको गांव एवं शहर, हर स्तर पर महिलाओं तक पहुँचाएंगीं। सर्वाइकल कैंसर से बचने के लिए केंद्र सरकार द्वारा देश में युवा महिलाओं को सर्वाइकल कैंसर वैक्सीन ट्रीटमेंट देने की शुरुआत की है जिसमें छत्तीसगढ़ राज्य को भी चुना गया है जिससे छत्तीसगढ़ की महिलाओं मे इस बीमारी से बचने के लिए एक बहुत ही सशक्त पहल है। मुद्रा योजना के तहत महिलाओं को उद्यम शुरू करने एवं देश में नए महिला उद्यमी बनने में सहायता मिल रही है।
भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती श्रीनिवासन ने कहा कि भाजपा महिला मोर्चा केंद्र से चल रही 15 प्रमुख महिलाकेंद्रित योजनाओं को भी छत्तीसगढ़ की जनता तक पहुँचाएगा। प्रत्येक शक्ति केंद्र में महिला लाभार्थी सम्मेलन के तहत महिलाओं को केंद्र की महिला हितैषी योजनाओं की जानकारी दी जाएगी। श्रीमती श्रीनिवासन ने उम्मीद जताई कि छत्तीसगढ़ की महिलाएँ समझेंगीं कि किस तरह भाजपा प्रधानमंत्री श्री मोदी के नेतृत्व में विभिन्न योजनाओं से लाभ पहुंचा महिलाओं को सशक्त कर रही है। इसी तरह देशभर में सेल्फी विद महिला लाभार्थी कैंपेन चलाया जा रहा है जिसमें देश की 1 करोड़ महिला एवं छत्तीसगढ़ की 1 लाख महिलाओं से संपर्क किया जाएगा। श्रीमती श्रीनिवासन ने बताया कि महिला कार्यकर्ताओं को सशक्त करने के लिए कमल मित्र प्रोग्राम चलाया जा रहा है, जिसमें ऑनलाइन ट्रेनिंग देकर कमल मित्र इ-सर्टिफिकेट दिया जा रहा है। सर्व महिला संवाद के तहत नए युवा महिला वोटरों को पंजीकृत में सहायता करने के लिए भाजपा महिला मोर्चा कार्यरत रहेगा। इसी कड़ी में कमल सखी सम्मलेनों के जरिए भी बूथ स्तर पर महिला वोटरों से जुड़ा जाएगा।
भाजपा महिला मोर्चा की राष्ट्रीय अध्यक्ष श्रीमती श्रीनिवासन ने छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि एक ओर छत्तीसगढ़ में महिलाओं की सुरक्षा दाँव पर लगी हुई है, वहीं दूसरी ओर पोषण अभियान योजना के तहत छत्तीसगढ़ में बच्चों को सही ढंग से पोषणयुक्त भोजन नहीं मिल पा रहा है। केंद्र सरकार छत्तीसगढ़ की महिलाओं के लिए जो राशि भेज रही है, कांग्रेस सरकार के भ्रष्टाचार के कारण वह इस प्रदेश की महिलाओं तक नहीं पहुँच रही है। श्रीमती श्रीनिवासन ने कहा कि छत्तीसगढ़ की कांग्रेस सरकार ने ऱेडी टू ईट योजना का काम महिला स्व-सहायता समूहों से छीनकर बीज निगम को सौंपा और प्रदेश की हजारों-हजार महिलाओं को बेरोजगार करने का काम किया। कांग्रेस द्वारा छत्तीसगढ़ में किये गए शराब घोटाला, कोल घोटाला, भर्ती घोटाले जैसे विभिन्न भ्रष्टाचारों व ऐसे तमाम मुद्दों को भी महिलाओं तक भाजपा महिला मोर्चा पहुँचाएगा।
इस दौरान महिला मोर्चा की राष्ट्रीय महामंत्री आरती सिंह, महिला मोर्चा प्रदेश अध्यक्ष शालिनी राजपूत,भाजपा प्रदेश प्रदेश मीडिया प्रभारी अमित चिमनानी, प्रदेश महामंत्री विभा अवस्थी, चम्पादेवी पावले, मंत्री भावना बोहरा, कोषाध्यक्ष संध्या तिवारी, महिला मोर्चा मीडिया प्रभारी डॉ. किरण बघेल भी उपस्थित थे।
"छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव: भाजपा महिला मोर्चा ने महिलाओं के लिए शुरू किए अभियान, सक्रियता में बढ़ोतरी की घोषणा की"
रायपुर: छत्तीसगढ़ विधानसभा चुनाव की तैयारी में सभी राजनीतिक दल जुट गए हैं. बीजेपी महिला मोर्चा की राष्ट्रीय अध्यक्ष वानथी श्रीनिवासन ने प्रेसवार्ता कर कहा, सबसे पहले हम चंद्रयान 3 को शुभकामनाएं देते हैं. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में इंडिया साइंस एंड टेक्नोलॉजी में ऊंचाइयों को छू रहा है. उन्होंने कहा, हर बूथ पर भारतीय जनता पार्टी की पांच महिला कार्यकर्ता हैं. और भी महिलाओं को जोड़ने का प्रयास भारतीय जनता महिला मोर्चा बूथ स्तर पर करने वाली है.
उन्होंने कहा, छत्तीसगढ़ में विधानसभा चुनाव करीब है. भारत जनता पार्टी महिला मोर्चा तैयारी कर रही है. महिलाओं के विभिन्न वर्गों के साथ अभियान और प्रदर्शनों की तैयारी हम कर रहे हैं. महिला मोर्चा युवती सम्मेलन का आयोजन जल्द छत्तीसगढ़ में हम करने वाले हैं, जिसमें नई पीढ़ी को वोट देने के लिए जागरूक करेंगे. महिलाओं के साथ संवाद भी किया जाएगा. सामान्य और ग्रामीण महिलाओं को जोड़कर यह अभियान चलाया जाएगा.
श्रीनिवासन ने कहा, महिला लाभार्थियों के साथ शक्ति केंद्र का आयोजन भी किया जाएगा और सभी महिलाओं को इन केंद्रों में एकत्रित करके बताया जाएगा कि किस तरीके से प्रधानमंत्री सभी महिलाओं के लिए कई सारी योजनाएं चला रहे हैं और उन्हें इसे लाभ मिल सकता है. एक करोड़ लाभार्थी महिलाओं को जोड़ना हमारा अभियान का मुख्य उद्देश्य है. इस अभियान के पश्चात उन्हें कमल मित्र सर्टिफिकेट भी प्रदान किया जाएगा एवं नवजात कन्या शिशु को सुकन्या योजना से जोड़ने के लिए भी महिलाओं को प्रेरित किया जाएगा.
उन्होंने कहा, छत्तीसगढ़ में कुपोषण के आंकड़े काफी बढ़े हुए हैं, जिसके चलते प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने छत्तीसगढ़ में सुपोषण कल्याण योजना भी चलाई. केंद्र सरकार से जो पैसे मिलते हैं राज्य में वह पूरी तरीके से कांग्रेस सरकार द्वारा यूटिलाइज नहीं किए जाते. महिला मोर्चा छत्तीसगढ़ में पूरी तरह से सक्रिय है और आने वाले समय में कई सारे अभियान चलाने वाली है.
"रोजगार संबंधित वादों का विश्लेषण: छत्तीसगढ़ में नौकरियों के आंकड़ों पर कांग्रेस की चुनौती"
रायपुर: प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि हर साल दो करोड़ लोगों को रोजगार देने का वायदा करने वाले प्रधानमंत्री मोदी राज में देश में नौकरियां दिवास्वप्न बन गयी है। छत्तीसगढ़ में रोजगार के नाम पर आंदोलन और बयानबाजी करने वाली भाजपा की मोदी सरकार ने 9 साल में सिर्फ 7 लाख युवाओं को ही रोजगार दिया है। जबकि मोदी सरकार वायदे के अनुसार अभी तक 18 करोड़ लोगो को रोजगार मिलना था। इसके विपरीत कांग्रेस की भूपेश बघेल सरकार ने छत्तीसगढ़ में पिछले पौने पांच साल में 5 लाख युवाओं को रोजगार दिया और आने वाले पांच साल में 15 लाख युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य निर्धारित कर छत्तीसगढ़ रोजगार मिशन का गठन किया है। राज्य में 5 साल में 1 लाख सरकारी विभागों में भर्तियां हुई है।
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि मोदी सरकार की प्राथमिकता में रोजगार है ही नहीं। केंद्र सरकार ने खुद स्वीकार किया है कि 9 साल में उसने सिर्फ 7.22 लाख लोगों को नौकरी दी है यानी हर साल औसतन एक लाख से भी कम लोगों को नौकरी मिली, इससे चिंताजनक आंकड़ा है कि 9 सालों में 22.5 करोड़ लोगों ने सरकारी नौकरियों के लिए आवेदन किया था सोचे 22 करोड़ लोगों में से सिर्फ 7.22 लाख लोगों को नौकरी मिली सिर्फ 0.33 फीसदी यानी आवेदन देने वाले 1000 लोगों में से सिर्फ 3 लोगों को नौकरी मिली सोचे बाकी लोग कहां गए होंगे? क्या उनको निजी क्षेत्र में नौकरी मिली होगी या मनरेगा में काम कर रहे होंगे या उन्होंने पकौड़ा लगाने जैसा कोई स्वरोजगार शुरू किया होगा?
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि भारत सरकार ने हर साल में जिन 7.22 लाख लोगों को नौकरी दी है उसमें सबसे ज्यादा 1.47 लाख लोगों को 2019-20 में नौकरी मिली थी यानी जिस साल लोकसभा के चुनाव होने थे उस शहर में सबसे ज्यादा नौकरी मिली। सरकार के आंकड़ों से पता चलता है कि 2014-15 में मोदी सरकार बनने के बाद से ही सरकारी नौकरियों में कमी आने लगी थी, चुनाव प्रचार में हर साल दो करोड़ नौकरियों का वादा था लेकिन वास्तव में हर साल 1 लाख लोगों को भी नौकरी नहीं मिली, जब सरकारी नौकरी की यह स्थिति है तो निजी सेक्टर में इससे बेहतर उम्मीद नहीं की जा सकती। नोटबंदी से लेकर जल्दबाजी में जीएसटी लागू करने और उसके बाद आयी कोरोना महामारी ने अर्थव्यवस्था को जो नुकसान पहुंचाया उससे नौकरी का पूरा परिदृश्य बदल गया देश में ऐतिहासिक बेरोजगारी की स्थिति है।
"रेलवे के सुरक्षा और ट्रैक रखरखाव कार्यों से सुधार के बाद रायपुर-गुजरने वाली गाड़ियों का परिचाय प्रभावित"
बिलासपुर: दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे के विभिन्न सेक्शनों में गतिशीलता के उन्नयन और चल रहे विभिन्न सुरक्षा संबंधी रखरखाव कार्यों में सुधार एवं ट्रैक रखरखाव कार्य के चलते रायपुर से होकर गुजरने वाली कुछ गाड़ियों का परिचालन प्रभावित रहेगा। यह कार्य विभिन्न तिथियों में किया जाएगा।
"छत्तीसगढ़ में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल की योजनाओं से खुशहाल हुआ राज्य"
रायपुर: मुख्यमंत्री भूपेश बघेल का ठेठ छत्तीसगढ़िया अंदाज रंग ला रहा है। जमीनी हकीकत और छत्तीसगढ़ के लोगों की जरूरतों से जुड़ी उनकी योजनाओं ने पुरखों के सपनों के ‘नवा छत्तीसगढ़‘ गढ़ने की परिकल्पना को धरातल पर साकार करने में कोई कसर नहीं छोड़ी है। उनके पिछले पौने पांच साल के कार्यकाल की सबसे बड़ी विशेषता यह रही कि वे छत्तीसगढ़िया गौरव और स्वाभिमान को जगाने में कामयाब रहे हैं।
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा छत्तीसगढ़ में प्रारंभ किए गए नवाचारों ने पूरे देश का ध्यान आकर्षित किया और सराहना पायी। नवाचारों को दूसरे राज्यों अपनाने के लिए आगे आ रहे है। संसदीय समितियों और नीति आयोग ने भी छत्तीसगढ़ के इन नवाचारों की सराहना की है। सुराजी गांव योजना, नरवा, गरूवा, घुरवा, बाड़ी योजना, गोबर खरीदी की गोधन न्याय योजना, राजीव गांधी किसान न्याय योजना, राजीव गांधी भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना जब प्रारंभ हुई थीं, तब लोगों ने इनकी सफलता पर बड़ा प्रश्न चिन्ह लगाया था, लेकिन इन योजनाओं को लागू करने में मुख्यमंत्री श्री बघेल के दृढ़ संकल्प ने योजनाओं की सफलता ने नया कीर्तिमान बनाया है।
ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए मुख्यमंत्री भूपेश बघेल द्वारा छत्तीसगढ़ में लागू की गई न्याय योजनाओं से बड़ा बदलाव आया है। किसानों, मजदूरों, ग्रामीणों, पशुपालकों और गरीबों की जेब में सीधे पैसे डालने की योजनाओं से लोगों की आर्थिक स्थिति और जीवनस्तर में सुधार हुआ है, उनकी क्रय शक्ति में बढ़ोत्तरी हुई है। जिससे छत्तीसगढ़ के बाजारों की रौनक बढ़ी और उद्योग और व्यापार के क्षेत्र में उत्साहजनक वातावरण बना है। नीति आयोग द्वारा हाल ही में जारी रिपोर्ट के अनुसार पिछले पांच वर्षों में छत्तीसगढ़ में 40 लाख लोग गरीबी के दायरे से बाहर आए हैं। इस उपलब्धि में छत्तीसगढ़ सरकार की राजीव गांधी किसान न्याय योजना, राजीव गांधी भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना, गोधन न्याय योजना की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेने के बाद भूपेश बघेल ने सबसे पहले किसानों से किए गए कर्जमाफी का वायदा निभाया और किसानों की कर्जमाफी की घोषणा की। राज्य के किसानों के 9270 करोड़ रुपये से अधिक के कृषि ऋण अदायगी में छूट दी गई। इसके साथ ही 244.18 करोड़ रुपये का सिंचाई कर भी माफ किया गया। किसानों से 2500 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदी का वादा किया गया था। समर्थन मूल्य के अलावा अंतर की राशि को राजीव गांधी किसान न्याय योजना लागू कर आदान सहायता के रूप में प्रदान किया जा रहा है।
वनवासियों के लिए आय में वृद्धि का स्त्रोत बढ़ाने सरकार द्वारा खरीदी जाने वाली लघुवनोपजों की संख्या को सात से बढ़ाते हुए 65 प्रकार के लघुवनोपज तक कर दी गई है। तेंदूपत्ता के समर्थन मूल्य में बड़ी वृद्धि करते हुए 2500 रुपये से 4000 हजार रुपये तक किया गया। वहीं तेंदूपत्ता संग्राहकों के लिए 5 अगस्त 2020 को शहीद महेन्द्र कर्मा तेंदूपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा योजना की शुरुआत की गई। इसमें 4555 तेंदूपत्ता संग्राहकों को 31 मार्च 2022 की तारीख तक 63 करोड़ 43 लाख रुपये की बीमा राशि का भुगतान किया गया है। आदिवासियों की लोहाण्डीगुड़ा में टाटा समूह द्वारा 4200 एकड़ अधिगृहीत जमीन वापसी कराई गई।
स्वामी आत्मानंद उत्कृष्ट अंग्रेजी माध्यम स्कूल की शुरुआत करते हुए निम्न आय वर्ग के बच्चों को भी भविष्य में बेहतर अवसर दिलाने की पहल। शिक्षा के क्षेत्र में नवाचार करते हुए राज्य सरकार द्वारा 377 स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम तथा 350 स्वामी आत्मानंद हिन्दी माध्यम के स्कूल प्रारंभ किए गए है, जहां 4.21 लाख विद्यार्थी अध्ययनरत् हैं। इन विद्यालयों में शिक्षा की गुणवत्ता और लाइब्रेरी, लैब सहित अधोसंरचना इतनी अच्छी है कि निजी विद्यालयों में पढ़ने वाले विद्यार्थियों ने इन विद्यालयों में प्रवेश लेने की होड़ लगी रहती है। चंूकि इन स्कूलों में शिक्षा निःशुल्क दी जा रही है, इससे भी शिक्षा पर होने वाले खर्च में लोगों की बचत हो रही है।
राज्य के युवाओं को अंग्रेजी माध्यम में उच्च शिक्षा के लिए 10 स्वामी आत्मानंद अंग्रेजी माध्यम कॉलेज प्रारंभ किए गए हैं। आने वाले समय में सभी जिला मुख्यालय में अंग्रेजी माध्यम कॉलेज प्रारंभ करने की योजना है। राज्य में मेडिकल शिक्षा के क्षेत्र में अभूतपूर्व कार्य हुए है। चार नए मेडिकल कॉलेज प्रारंभ किए गए और जिनमें से एक निजी कॉलेज का अधिग्रहण किया गया है। इसी प्रकार चार नए मेडिकल कॉलेज की घोषणा की गई। इन्हें मिलाकर आने वाले समय में छत्तीसगढ़ में मेडिकल कॉलेजों की संख्या बढ़कर 6 से बढ़कर 14 हो जाएगी।
सुराजी गांव योजना के तहत नरवा-गरवा-घुरवा-बाड़ी कार्यक्रम से विशेष प्रसिद्धि प्राप्त की है। गोधन न्याय योजना जिसके अंतर्गत गोबर खरीदी योजना लाया गया और गौठानों का निर्माण किया गया। गोबर के साथ गोमूत्र खरीदने वाला देश का पहला राज्य छत्तीसगढ़ है। महंगी दवाओं से राहत देने के लिए श्री धनवंतरी जेनेरिक मेडिकल स्टोर्स की शुरुआत जहां 50 से 72 फीसदी तक छूट में 300 से अधिक प्रकार की दवाएं और मेडिकल उपकरण उपलब्ध हैं। सी-मार्ट (छत्तीसगढ़ मार्ट) की शुरुआत करते हुए ग्रामीण उत्पादों के लिए बाजार उपलब्ध कराने का कार्य किया गया।
इन योजनाओं के साथ-साथ समर्थन मूल्य पर धान खरीदी, लघुवनोपजों की समर्थन मूल्य पर खरीदी और प्रसंस्करण, मिलेट्स के समर्थन मूल्य पर खरीदी और प्रसंस्करण, जैसी योजनाओं ने भी लोगों की आय बढ़ाने में महत्वपूर्ण योगदान दिया है। इसके साथ-साथ बेरोजगारी भत्ता योजना ने बेरोजगार युवाओं को संबल प्रदान किया है। राजीव युवा मितान क्लब योजना ने युवाओं को रचनात्मक गतिविधियों से जोड़ने का काम किया है।
गांव के गौठानों में प्रारंभ किए गए रूरल इंडस्ट्रीयल पार्क के माध्यम से विभिन्न आर्थिक गतिविधियों के माध्यम से महिला स्व-सहायता समूहों को रोजगार और आय के साधन मिले हैं। प्रदेश में 300 रीपा विकसित किए जा रहे हैं, जिनमें ग्रामीण युवाओं को छोटे-छोटे उद्योग धंधे प्रारंभ करने के लिए जमीन, बिजली, पानी, बैंक लिंकेज और प्रशिक्षण की सुविधा उपलब्ध करायी जा रही है। रीपा में पौनी-पसारी के तहत परम्परागत व्यवसाय करने वाले लोगों को भी अपनी गतिविधियों के लिए शेड उपलब्ध कराये जा रहे हैं।
राज्य सरकार द्वारा विभिन्न योजनाओं के माध्यम से लगभग पौने दो लाख करोड़ रूपए की राशि जनता की जेब में डाली गई है। छत्तीसगढ़ सरकार की न्याय योजनाओं के चलते बीते पौने पांच सालों में प्रति व्यक्ति का 88,793 रूपए से बढ़कर 1,33,898 रूपए हो गई है। इस अवधि में छत्तीसगढ़ का जीएसडीपी 3,27,106 करोड़ रूपए से बढ़कर 5,09,043 करोड़ रूपए हो गयी है। मार्च 2020 से निरंतर दो वर्ष तक कोविड-19 आपदा के कारण आर्थिक गतिविधियां मद होने के बावजूद राज्य शासन की नीतियों और न्याय योजनाओं के चलते अर्थव्यवस्था के आकार में 56 प्रतिशत की वृद्धि हुई है। वर्ष 2022-23 में कृषि, औद्योगिक एवं सेवा क्षेत्र में छत्तीसगढ़ राज्य की विकास दर राष्ट्रीय औसत से काफी ज्यादा रही है।
राज्य शासन द्वारा राजीव गांधी किसान न्याय योजना के तहत 24.30 लाख किसानों को इनपुट सब्सिडी के रूप में अब तक 21 हजार 912 करोड़ रूपए का भुगतान किया जा चुका है। इसी तरह ‘राजीव गांधी भूमिहीन कृषि मजदूर न्याय योजना’ के 5.6 लाख हितग्राहियों को अब तक 758.03 करोड़ रूपए का भुगतान किया जा चुका है। इस योजना के हितग्राहियों को किश्तों में प्रतिवर्ष 7000 रूपए की मदद दी जा रही है। ‘गोधन न्याय योजना’ के तहत अब तक महिला स्व-सहायता समूहों, गौठान समितियों और ग्रामीणों को 551.31 करोड़ रूपए का भुगतान किया जा चुका है।
इसी तरह राज्य में गठित किए 13 हजार 242 राजीव युवा मितान क्लबों को अब तक 132.48 करोड़ रूपए की राशि का भुगतान किया जा चुका है। बेरोजगारी भत्ता योजना के तहत प्रदेश के 01 लाख 22 हजार 625 हितग्राहियों को अब तक 112 करोड़ 43 लाख 30 हजार रूपए की राशि दी जा चुकी है। युवाओं को शासकीय नौकरी का अवसर प्रदान करने के लिए हाल ही में राज्य में 42 हजार पदों पर भर्ती प्रक्रिया की जा रही है। प्रतियोगी परिक्षाओं में फीस माफ की गई है। राज्य के युवाओं को उद्योगों में रोजगार के अवसर दिलाने के लिए 36 आईटीआई का आधुनिकीकरण किया जा रहा है। जहां नए जमाने के अनुरूप विभिन्न ट्रेडों में युवाओं को तकनीकी प्रशिक्षण की व्यवस्था रहेगी। इससे प्रतिवर्ष 10 हजार युवाओं को प्रशिक्षण मिलेगा।
तेन्दूपत्ता संग्राहकों की मेहनत का उचित मूल्य दिलाने के लिए राज्य सरकार द्वारा तेन्दूपत्ता संग्रहण की दर 2500 रूपए से बढ़ाकर 4000 रूपए प्रति मानक बोरा की गई है। इसी तरह 67 प्रकार की लघु वनोपजों के समर्थन मूल्य पर खरीदी के साथ उनके प्रसंस्करण का काम प्रारंभ होने से वनोपज संग्राहकों की आय में वृद्धि हुई है।
राज्य सरकार द्वारा लागू की गई किसान हितैषी योजनाओं से प्रदेश में खेती-किसानी की अच्छी प्रगति हुई है। ऐसे किसान जो कृषि लागत बढ़ने के कारण खेती-किसानी छोड़ चुके थे, वे भी खेतों की ओर लौटे है। पिछले पौने पांच वर्षों में समर्थन मूल्य पर धान बेचने वाले किसानों की संख्या 12 लाख से बढ़कर 24 लाख से ज्यादा हो गई है। खेती का रकबा भी 24.46 लाख हेक्टेयर से बढ़कर 31.17 लाख हेक्टेयर हो गया है। खेती की प्रगति से समर्थन मूल्य पर धान का उर्पाजन 55 लाख मीटरिक टन से बढ़कर 107 लाख मीटरिक टन हो गया है।
प्रदेश में मछली पालन, लाख पालन को कृषि का दर्जा दिया गया है। इसके अलावा रेशम पालन और मधुमक्खी पालन को कृषि का दर्जा देने की घोषणा की गई है। समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के एवज में किसानों को वर्ष 2019-20 में 15 हजार 285 करोड़, वर्ष 2020-21 में 17 हजार 241 करोड़, वर्ष 2021-22 में 19 हजार 37 करोड़ तथा वर्ष 2022-23 में 22 हजार 67 करोड़ रूपए का भुगतान किया गया है। खेती-किसानी को मिले प्रोत्साहन से शून्य प्रतिशत ब्याज पर अल्पकालीन कृषि ऋण लेने वाले किसानों की संख्या वर्ष 2018-19 में 9.94 लाख से बढ़कर वर्ष 2022-23 में 14.07 लाख हो गई है।
लोगों की बचत को बढ़ावा देने में राज्य सरकार की हाफ बिजली बिल योजना, जिसमें 400 यूनिट तक बिजली की खपत पर आधा बिजली बिल देना होता है। किसानों को रियायती दर पर बिजली की आपूर्ति, अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति के किसानों को निःशुल्क बिजली प्रदाय, राज्य सरकार की सार्वभौमिक सार्वजनिक वितरण प्रणाली, इलाज के लिए डॉ. खूबचंद बघेल स्वास्थ्य सहायता योजना के तहत गरीबों को इलाज के लिए पांच लाख रूपए तक की सहायता, मुख्यमंत्री विशेष स्वास्थ्य सहायता योजना के तहत इलाज के लिए 20 लाख रूपए तक की सहायता उपलब्ध कराने की पहल की गई है। हमर लैब के माध्यम से जांच की सुविधा, हाट बाजार क्लिनिक योजना, मुख्यमंत्री शहरी स्लम स्वास्थ्य योजना, दाई-दीदी क्लिनिक योजना जैसी योजनाओं ने भी लोगों के खर्च कम करने में मदद की है।
लोगों को गरीबी से बाहर निकालने में छत्तीसगढ़ सरकार योजनाओं की सफलता पर नीति आयोग ने भी हाल ही में जारी अपनी रिपोर्ट में मुहर लगायी है। इस रिपोर्ट के अनुसार छत्तीसगढ़ के कबीरधाम, सरगुजा और दंतेवाड़ा में 23 से 25 प्रतिशत लोग गरीबी से बाहर आ गए हैं। रायपुर, धमतरी और बालोद जिले में गरीबी का अनुपात अब 10 प्रतिशत से कम रह गया है। नीति आयोग की रिपोर्ट के अनुसार छत्तीसगढ़ सरकार की जनहितैषी नीतियों और न्याय योजनाओं से राज्य के 40 लाख लोग गरीबी से बाहर निकलने में सफल हुए हैं।
"राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू का 2 दिवसीय छत्तीसगढ़ दौरा: रायपुर और बिलासपुर में कार्यक्रमों में शामिल होंगी"
रायपुर: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू आगामी 31 अगस्त से 2 दिवसीय दौरे पर छत्तीसगढ़ आ रही है। मुर्मू अपने छत्तीसगढ़ प्रवास के दौरान रायपुर और बिलासपुर में आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में शामिल होंगी। राष्ट्रपति 31 अगस्त को सुबह 10 बजे विशेष विमान से रायपुर के स्वामी विवेकानंद विमानतल पहुंचेंगी।
"बैगा आदिवासियों ने उप मुख्यमंत्री से मुलाकात कर जल, जमीन और जंगल से जुड़े मुद्दों पर की चर्चा"
रायपुर: कबीरधाम जिले के पंडरिया और बोड़ला तहसील तथा भोरमदेव और अचानकमार वन्य जीव अभयारण्य के बैगाओं ने आज उप मुख्यमंत्री श्री टी.एस. सिंहदेव से रायपुर स्थित उनके निवास पर मुलाकात कर जल, जंगल और जमीन से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर चर्चा की और इनसे जुड़ी समस्याओं के समाधान का निवेदन किया।
कबीरधाम जिले के कई गांवों से आए बैगा आदिवासियों ने व्यक्तिगत एवं सामुदायिक वन अधिकार पट्टा, सामुदायिक वन संसाधन प्रबंधन, पेसा कानून, ग्रामसभा के अधिकार, बैगाओं को पर्यावास अधिकार (Habitat Right), जैव विविधता के संरक्षण एवं संवर्धन, कुपोषण, पेयजल समस्या, स्कूली शिक्षा, विद्युतीकरण, परिवहन, वनोपज खरीदी और स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया कराने के संबंध में अपनी बातें रखीं। श्री सिंहदेव ने इन मुद्दों से जुड़ी समस्याओं के निराकरण का आश्वासन दिया।
उप मुख्यमंत्री श्री सिंहदेव से चर्चा के दौरान कुछ ग्रामीणों ने हेलीकॉप्टर में घूमने और समुद्र देखने की इच्छा जताई। इस पर श्री सिंहदेव ने हेलीकॉप्टर से पुरी जाने और समुद्र के किनारे सैर कराने की बात कही।
"छत्तीसगढ़ विज्ञान सभा ने मिशन चंद्रयान-3 पर व्याख्यान आयोजित किया, महत्वपूर्ण जानकारियों के साथ छाया चंद्रयान की उम्मीद"
रायपुर: मिशन चंद्रयान पर शासकीय दानी कन्या उच्चतर माध्यमिक शाला रायपुर में व्याख्यान आयोजित किया। भारत के अंतरिक्ष अभियान के महत्व और उनकी उपलब्धियों को बताने तथा विद्यार्थियों में विज्ञान के प्रति रूचि पैदा करने के लिए विज्ञान सभा द्वारा यह कार्यक्रम आयोजित किया गया। छत्तीसगढ़ रीजनल साइंस सेन्टर के महानिदेशक श्री एस.एस. बजाज मुख्य अतिथि के रूप में शामिल हुए।
पंडित रविशंकर शुक्ल विश्व विद्यालय के पूर्व कुलपति प्रो. एस.के. पांडेय ने चंद्रयान मिशन एक, दो तथा तीन के बारे में पॉवर पांइट प्रजेन्टेशन के माध्यम से व्याख्यान दिया। इस अवसर प्रो. पांडेय द्वारा इसरो के चंद्रयान मिशन, इसके समकक्ष दूसरे देशों के चंद्र अभियानों और अंतरिक्ष से जुड़े सवालों के जवाब दिए। इस पॉपुलर साइंस लेक्चर के मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ रीजनल साइंस सेन्टर के महानिदेशक एस.एस. बजाज ने भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (इसरो) की सहायता से छत्तीसगढ़ में स्पेस टेक्नालॉजी के उपयोग हेतु किए जा रहे कार्यों के बारे में बताया। इसके अलावा उन्होंने विद्यार्थियों और आम लोगों के बीच छत्तीसगढ़ काउंसलि ऑफ साइंस एण्ड टेक्नालॉजी द्वारा संचालित विभिन्न लोकप्रिय विज्ञान कार्यक्रमों की जानकारी दी।
विज्ञान सभा के कार्यकारी अध्यक्ष श्री विश्वास राव मेश्राम ने बताया कि चन्द्रमा के दक्षिणी ध्रुव पर मिशन चन्द्रयान-3 के रोवर की साफ्ट लैडिंग 23 अगस्त की शाम 6.04 मिनट बजे संभावित है। इसके सफल होने पर चांद के दक्षिणी ध्रुव पर पहुंचने वाला भारत दुनिया का पहल देश होगा। रूस के लूना 25 मिशन के असफल होने के बाद दुनियाभर के अंतरिक्ष वैज्ञानिक इस चन्द्रयान-3 मिशन को बड़ी उम्मीद के साथ देख रहे हैं। इस मौके पर विज्ञान सभा रायपुर इकाई की संयोजिका अंजु मेश्राम, पंडित रविशंकर विश्वविद्यालय रायपुर के प्रोफेसर डॉ. लक्ष्मीकांत चावरे ने भी अपने विचार व्यक्त किए।