छत्तीसगढ़
सीएम भूपेश बघेल ने दिए संकेत,होगा बड़ा बदलाव कहा- देखते रहिए…
रायपुर: छत्तीसगढ़ में राजनीतिक सरगर्मी तेज है. चुनाव से पहले राजनीतिक पार्टियों में संगठनात्मक बदलाव हो रहे हैं. इसके साथ ही सरकार में भी बड़े बदलाव होने की चर्चा तेज है. इस बीच प्रदेश के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने भी बड़ा बयान दिया है. सीएम भूपेश बघेल ने बदलाव के संकेत देते हुए कहा कि देखते रहिए, इंतजार करिए.
छत्तीसगढ़ कांग्रेस में बदलाव पर मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा कि युवा दीपक बैज को अध्यक्ष बनाया गया है. यह राष्ट्रीय अधिवेशन में तय हुआ था, युवाओं को नेतृत्व का मौका देना है. इसकी शुरुआत छत्तीसगढ़ से हुई है. छत्तीसगढ़ में अच्छे नतीजे देखने को मिलेगा. संगठन में बदलाव के बाद सरकार में भी हो सकता है. इसको लेकर सीएम बघेल ने संकेत देते हुए कहा कि देखते रहिए, इंतजार करिए.
सरकार के मंत्रिमंडल में फेरबदल की चर्चा जोरों पर है. विधायक मोहन मरकाम, धनेंद्र साहू भूपेश कैबिनेट में शामिल हो सकते हैं. मंत्री डॉ. प्रेम साय सिंह टेकाम, अनिला भेड़िया, कवासी लखमा, रुद्र गुरु से इस्तीफा लिया जा सकता है.
मंत्री ने इस्तीफा देकर भूपेश कैबिनेट को हिला दिया! अन्य मंत्रियों की भी संभावित छुट्टी! कैबिनेट में नई मंत्री एंट्री की योजना
रायपुर: मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने मंत्रिमंडल में बदलाव के संकेत दिए हैं। इसके बाद से 4 मंत्रियों के इस्तीफे की चर्चा जोर पकड़ रही है। उनके अलावा पूर्व पीसीसी चीफ मोहन मरकाम और धनेंद्र साहू को भूपेश कैबिनेट में शामिल होने की भी चर्चा हो रही है। हालांकि, यह सिर्फ कयास है और इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है। पार्टी के सूत्रों के अनुसार, मंत्रिमंडल में संभावित इस्तीफा देने वाले मंत्रियों में डॉ. प्रेम साय सिंह टेकाम, अनिला भेड़िया, कवासी लखमा और रुद्र गुरु शामिल हैं। चर्चा इस बात पर भी हो रही है कि मंत्री डॉ. प्रेम साय सिंह टेकाम ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
प्रेम साय सिंह टेकाम ने अपनी पत्नी को निजी सचिव बना दिया था
छत्तीसगढ़ के स्कूल शिक्षा और आदिम जाति विकास मंत्री डॉ. प्रेमसाय सिंह टेकाम ने अपनी पत्नी डॉ. रमा सिंह को ही अपना निजी विशेष सहायक नियुक्त कर दिया था। एक मंत्री द्वारा अपनी पत्नी को विशेष सहायक नियुक्त करने की बात सोशल मीडिया पर वायरल हो गई थी, जिससे विवाद बढ़ गया। उससे पहले ही मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने तबादला आदेश रद्द कर दिया था।
अपने विवादित बयान के कारण सुर्खियों में थी अनिला भेड़िया
महिला और बाल कल्याण मंत्री अनिला भेड़िया ने अपने एक विवादित बयान के कारण काफी सुर्खियां पाई थीं। उन्होंने महिलाओं को सलाह दी थी कि सोने से पहले एक पेग लें, ताकि वे तनाव से मुक्त रहें। इसके बाद विवाद उभर आया था। उन्होंने कहा था कि महिलाएं घर और परिवार की देखभाल करती हैं और वे मानसिक रूप से तनाव महसूस करती हैं। इस पर विवाद शुरू हो गया था। इससे पहले ही मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इस आदेश को रद्द कर दिया था।
छत्तीसगढ़ में राजकीय पक्षी के संरक्षण की योजना हुई धराशाई, रहस्यमयी मौतों के बाद अब आखरी पहाड़ी मैना ने भी तोड़ा दम
छत्तीसगढ़ के जगदलपुर शहर में बस्तरिया पहाड़ी मैना के संरक्षण की वन विभाग की महत्वाकांक्षी योजना ने अंततः असफलता का सामना किया है. यह पक्षी प्रजाति ध्वनि की हूबहू नकल करने की क्षमता रखती है और इसे छत्तीसगढ़ राज्य के राजकीय पक्षी के रूप में घोषित किया गया था. लेकिन इसके बाद से ही इसके संरक्षण और संवर्धन की योजना में कामयाबी नहीं हुई.
इस योजना के अंतर्गत वन विभाग ने जगदलपुर के वन विद्यालय में एक विशालकाय साल के वृक्ष में पिंजरे का निर्माण किया गया था, जिसमें डेढ़ दशक पहले पहाड़ी मैना रखी गई थी. इस परियोजना का उद्देश्य इस पक्षी की संख्या में वृद्धि करना था. हालांकि, वन विभाग को नर और मादा की पहचान का ज्ञान नहीं था और अनुभव की कमी के कारण यह परियोजना सफल नहीं हो सकी. इसके साथ ही, पर्याप्त सुरक्षा की अभावता के कारण एक मैना को सांप ने मार दिया.
दूसरी ओर, पिंजरे में रखी गई मैना की रहस्यमयी मौत नियमित रही है. इस परियोजना के बहुरूपी खर्च के बावजूद, यह प्रोजेक्ट अंततः असफलता का सामना कर रहा है. इस अवसर पर वन्यजीव प्रेमियों के बीच इस परियोजना के असफल होने की चर्चाएं हो रही हैं. लोगों का कहना है कि इस परियोजना ने पर्याप्त शोध के बजाय असफलता को जन्म दिया है. साथ ही, इस पूरे प्रोजेक्ट पर भ्रष्टाचार के आरोप भी लग रहे हैं. हाल ही में कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान के प्रबंधन ने विशेष प्रेस विज्ञप्ति जारी की थी जिसमें मैना की संख्या में वृद्धि का दावा किया गया था, लेकिन कुछ महीनों में नतीजे नकारात्मक साबित हो गए हैं.
1 करोड़ रुपये का गांजा CG में बरामद, एक इंटर स्टेट तस्कर भी गिरफ्तार
महासमुंद: छत्तीसगढ़ राज्य के सीमावर्ती राज्य ओडिशा से लगातार अवैध मादक पदार्थ गांजा परिवहन पर कार्रवाई की जा रही है. इसी कड़ी में महासमुंद पुलिस को एक बड़ी कामयाबी मिली है. गांजे के साथ एक तस्कर को गिरफ्तार किया गया है. तस्कर के पास से 1 करोड़ रुपये का गांजा जब्त किया गया है.
दरअसल, महासमुंद पुलिस को मुखबिर से सूचना मिली थी. बरगढ़ ओडिशा से अवैध गांजे की बड़ी खेप एक सफेद रंग के आयसर ट्रक में है, ओडिशा से महासमुंद होते हुए रायपुर के रास्ते मध्यप्रदेश ले जाने वाला है. सूचना मिलते ही पुलिस अलर्ट हो गई.
एसपी धर्मेन्द्र सिंह के निर्देश पर महासमुंद जिले में प्रवेश करने वाले समस्त पाइंटों पर भी बल तैनात कर संदिग्ध वाहन की जांच की गई. बरगढ़ ओडिशा की तरफ से एक लाल रंग के आयसर प्रो 3015 ट्रक क्रमांक MP 09 GG 9450 महासमुंद की ओर आ रही थी.
एन.एच.53 रोड ग्राम रेहटीखोल के पास पहुचा जिसे घेराबंदी कर रोका गया. वाहन में 1 व्यक्ति सवार मिला, जिससे नाम पता पूछने पर व्यक्ति ने अपना नाम (01) सुनील भवर पिता डोगर सिंह भवर उम्र 22 वर्ष सा. मल्हेरा थाना गेधवानी जिला धार मध्यप्रदेश का होना बताया. ओडिशा आने का कारण और ट्रक में क्या रखना, पूछे जाने पर पेड़-पौधा रखना और पेड-पौधों को बरगढ़ ओडिशा से चितौड़ राजस्थान ले जाना बताया.
पुलिस की टीम को संदेह होने पर उक्त व्यक्ति से कठोरता से पूछताछ करने पर टाल मटोल और गोलमोल जवाब देने लगा. वाहन की तलाशी ली गई. वाहन के पीछे ट्राली में पेड़-पौधा भरा हुआ था, जिसे हटा कर देखने पर 16 नग प्लास्टिक बोरियां भरी हुई थीं, जिसे खोलकर देखने पर अवैध मादक पदार्थ गांजा मिला, जिसे खोल कर देखने पर भी अवैध मादक पदार्थ गांजा मिला.
वाहन में कुल 16 नग प्लास्टिक बोरियों में प्रत्येक बोरी में 25-25 किलों ग्राम कुल 400 किलो ग्राम मादक पदार्थ गांजा मिला. वाहन पर अवैध गांजा परिवहन करते पाए जाने पर मौके पर आरोपी को गिरफ्तार कर 4 क्विंटल गांजा कीमती लगभग 10000000 रूपये आकी गई है.
आरोपी से गांजा के संबंध में पूछताछ करने पर उड़ीसा से लाना और राजस्थान में बिक्री करने ले जाना बताए. भारी मात्रा में गांजा परिवहन किये जाने पर आरोपी के विरुद्ध धारा 20(ख) एन0डी0पी0एस0 के तहत थाना सिंघोडा में कार्रवाई की गई.
मुख्यमंत्री जी से मिले जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर्स, वाजिब मांगो को दोहराया
आज प्रदेश के जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर्स एसोसिएशन के सदस्यों ने अनुपूरक बजट आने से पहले मुख्यमंत्री जी भूपेश बघेल से मुलाकात की। प्रदेश के जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर्स ने बताया कि पिछले तीन साल से लगातार पत्राचार एवं मुलाकातों के बाद भी उनकी एक भी मांग को पूरा नही किया गया जबकि अलग अलग मंचों पर स्वास्थ्य मंत्री एवं प्रदेश के उपमुख्यमंत्री T.S.Singhdeo एवम खुद मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने जनबरी में हुई हड़ताल के समय जुडो से मिलकर पूरा करने का आश्वाशन दिया था पर एक भी मांग अब तक पूरी नही हुई है।
मांगे जो जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर्स कर रहे है
1. बांड
छत्तीशगढ़ एक मात्र राज्य है जहाँ 4 साल का बांड करवाया जाता है, यहां MBBS के बाद 2 साल एवम MD/MS के बाद 2 साल का बांड करवाया जाता है, जबकि पड़ोसी राज्यो की बात करे तो वहां सिर्फ 1- 1 साल का बांड करवाया जाता है। एक तो मेडिकल की इतनी लंबी पढ़ाई और ऊपर से 4 साल का बांड।आपको बताते चले कि प्राइवेट मेडिकल कॉलेज वालो से बांड नही करवाया जाता।
2.MD/MS का सैलरी,
पीजी (जिसका अभी MD/MS कम्पलीट नही हुआ है) से कम है। ये एक मात्र प्रदेश है जहां बोंडेड MD/MS विशेषज्ञ को का सैलरी सिर्फ 55 हजार है जो कि अपने जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर्स से भी कम। स्वतंत्र भारत का एक मात्र प्रदेश जहां इतना कम सैलरी दे रहा।
इंटर्न और पीजी रेजिडेंट का भी पिछले कई सालों से कोई वृद्धि नही हुई है
इंटर्न और पीजी रेसिडेंट डॉक्टर्स की स्टाइपेंड में स्वता वृद्धि का कोई प्रावधान नही है, पिछले 5 सालों में महंगाई इतनी बढ़ गयी है पर MBBS इंटर्न डॉक्टर्स को सिर्फ साढ़े बारह हजार (12500/-) रुपये मिलते है जो कि बाकी प्रदेशों से काफी कम है।
जूनियर रेजिडेंट डॉक्टर्स ने मुख्यमंत्री जो को उनके जनवरी में दिए गए आश्वाशन को याद दिलाया कि डॉक्टर्स को वाजिब मांगो पर उचित विचार कर उचित करवाई करें, जिससे रेजिडेंट डॉक्टर्स मरीजों के हिट में हमेशा तरह सेवाभाव में लगे रहे।
मुख्यमंत्री जी ने उचित करवाई का आश्वाशन दिया।
इस अवसर पर जुडो के पूर्व प्रेजिडेंट डॉ प्रेम चौधरी, डॉ गौरव परिहार, डॉ प्रीतम प्रजापति, इंटर्न रिप्रेजेन्टेटिव डॉ हिमांशु सिन्हा और MBBS (यूजी प्रेजिडेंट) डॉ गगन मोहन छाबड़ा उपस्थित थे।
छत्तीसगढ़ में अभी कोरोना का कोई सक्रिय मरीज नहीं
रायपुर: छत्तीसगढ़ में आज की स्थिति में कोरोना का एक भी सक्रिय मरीज नहीं है। होम आइसोलेशन में उपचार ले रहे कोविड-19 के एक मरीज के 11 जुलाई को स्वस्थ होने के बाद प्रदेश में इसके मरीजों की संख्या शून्य हो गई है। 11 जुलाई को कोरोना के लक्षण वाले 241 व्यक्तियों के सैंपल की जांच की गई थी जिनमें एक भी पॉजिटिव मरीज नहीं मिला है।
मोदी सरकार ने दिया दो खेल अकादमी का उपहार ,प्रदेश अध्यक्ष साव व सांसद संतोष पांडे ने जताया मोदी सरकार का आभार
खेल प्रतिभाएं विश्व स्तर पर अपना कौशल दिखाएंगी- साव
रायपुर: प्रदेश भाजपा अध्यक्ष सांसद अरुण साव ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी व केंद्रीय खेल मंत्री अनुराग ठाकुर द्वारा छत्तीसगढ़ को खेलो इंडिया की दो एकेडमी का उपहार देने के लिए कृतज्ञता व्यक्त करते हुए कहा कि बहूत ही गर्व का विषय है कि बास्केटबाॅल की नर्सरी राजनांदगांव में खेलो इंडिया की दो एकेङमी की स्वीकृति प्राप्त हुई है। दिल्ली पब्लिक स्कूल राजनांदगांव एवं युगांतर पब्लिक स्कूल राजनांदगांव को बास्केटबाल खेल की बालक एवं बालिकाओं की ऐक्रिडिएटेड एकेडमी बनाने की स्वीकृति भारत शासन ने प्रदान की है।
इस एकेड़मी के लिए चयनित खिलाड़ियों पर भारत सरकार 6 लाख 28 हजार रुपये सालाना खर्च करेगी। मोदी सरकार की इस पहल से छत्तीसगढ़ की खेल प्रतिभाओं के वैश्विक स्तर पर उज्ज्वल भविष्य की संभावनाओं के द्वार खुल गए हैं। उन्होंने राजनांदगांव सांसद संतोष पांडेय को उनके प्रयास की सफलता पर बधाई देते हुए राज्य की खेल प्रतिभाओं को बधाई एवं शुभकामनाएं दी हैं। श्री साव ने आव्हान किया कि छत्तीसगढ़ की खेल प्रतिभाएं मोदी जी की मंशा के मुताबिक खेलो इंडिया के विराट अभियान का हिस्सा बनकर देश दुनिया में छत्तीसगढ़ महतारी का मान बढ़ाएं।
प्रदेश भाजपा अध्यक्ष अरुण साव ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भारत को खेलों की दुनिया में वैश्विक मानचित्र में सम्मानजनक स्थान दिलाने के लिए अभूतपूर्व प्रयास किए हैं। उन्होंने हर टूर्नामेंट में खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाया है। जो खिलाड़ी उत्कृष्ट प्रदर्शन करके विजेता बने, उनका सम्मान किया और जो सफलता से चूक गए, उन्हें सफलता के मंत्र दिए। जिसकी वजह से उन खिलाड़ियों ने आगे चलकर देश की उम्मीदों पर खरा उतरने की कोशिश की। इसी का परिणाम है कि आज भारत के खिलाड़ी विश्व में बेहतर प्रदर्शन कर रहे हैं।
दुनिया के बड़े-बड़े टूर्नामेंटों में भारतीय खिलाड़ियों का दबदबा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और केंद्रीय खेल मंत्री अनुराग ठाकुर खेलों के विकास और खिलाड़ियों की सुविधा, उनकी प्रतिभा के विकास के हर संभव प्रयास कर रहे हैं। उन्हें प्रोत्साहित कर रहे हैं। इसी कड़ी में अब छत्तीसगढ़ को दो खेल अकादमी स्वीकृत की गई हैं। जिसके अच्छे परिणाम भविष्य में सामने आएंगे और हमारे प्रदेश की खेल प्रतिभाएं विश्व स्तर पर अपना कौशल दिखाएंगी।
सांसद संतोष पांडेय ने भी राजनांदगांव वासियों सहित पूरे प्रदेश वासियों को बधाई देते हुए मोदी सरकार का धन्यवाद देते हुए कहा कि जनविकास की नीति व निरंतर प्रयासों से यह सफलता मिल पाई है।
छत्तीसगढ़ महिला कोष के शासी बोर्ड और आम सभा की बैठक संपन्न हुई
महिला कोष द्वारा वित्तीय वर्ष 2023-24 में 2500 महिला समूहों को 31 करोड़ रूपये ऋण वितरण का लक्ष्य
सक्षम योजना के तहत 500 महिलाओं को दिया जाएगा 4 करोड़ रूपये का ऋण
मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की घोषणा अनुसार महिला समूहों को 4 लाख के स्थान पर 6 लाख रूपए का ऋण स्वीकृत करने का अनुमोदन
मंत्री श्रीमती भेंड़िया की अध्यक्षता में छत्तीसगढ़ महिला कोष की शासी बोर्ड और आम सभा की बैठक में लिए गए कई महत्वपूर्ण निर्णय
सभी जरूरतमंद महिलाओं तक महिला कोष की योजनाओं का लाभ पहुंचाने के निर्देश
रायपुर: महिला एवं बाल विकास मंत्री श्रीमती अनिला भेंड़िया की अध्यक्षता में आज अटल नगर, नवा रायपुर स्थित मंत्रालय में छत्तीसगढ़ महिला कोष के शासी बोर्ड और आम सभा की बैठक संपन्न हुई। बैठक में मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल द्वारा इस वर्ष 2 मई को महिला कोष की ऋण योजना अंतर्गत महिला समूहों को 4 लाख के स्थान पर 6 लाख रूपए का अधिकतम ऋण स्वीकृत करने की घोषणा और सक्षम योजना के तहत पात्रता के लिए महिलाओं की वार्षिक आय सीमा 1 लाख रूपए से बढ़ाकर 2 लाख रूपए करने की घोषणा का अनुमोदन किया गया।
बैठक में वित्तीय वर्ष 2023-24 में ऋण योजना के तहत 2500 समूहों को 31 करोड़ रूपये और सक्षम योजना के तहत 500 पात्र महिलाओं को 4 करोड़ रूपये के ऋण वितरण की साख योजना का भी अनुमोदन किया गया। साथ ही नवीन कौशल्या समृद्धि योजना का संचालन महिला कोष के माध्यम से कराए जाने की स्वीकृति भी दी गई। इस दौरान विभिन्न बैंकांे के प्रतिनिधियों से चर्चा कर ऋण देने और ब्याज की राशि जमा करने की प्रक्रिया के सरलीकरण और अधिक से अधिक महिलाओं को आर्थिक रूप से मदद कर स्वावलंबी बनाने पर चर्चा की गई।
श्रीमती भंेड़िया नेे महिला कोष की योजनाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए सभी जरूरतमंद महिलाओं तक योजनाओं का लाभ पहुंचाने के निर्देश अधिकारियों को दिये। उन्होंने कहा कि शिविरों के माध्यम से अधिक से अधिक महिलाओं तक योजनाओं की जानकारी पहुंचाई जाए, जिससे महिलाएं उनका लाभ उठा सकें। उन्होंने कहा कि योजनाओं का लाभ समाज के अंतिम व्यक्ति तक पहुंचाना हमारा दायित्व है। छत्तीसगढ़ में रोजगार और संभावनाएं बहुत हैं। महिलाएं स्वावलंबी बनने की दिशा में आगे बढ़े।
आमसभा की बैठक में शासी बोर्ड में लिये गये निर्णयों और 2023-24 के लिए साख योजना का अनुमोदन किया गया। महिला एवं बाल विकास विभाग की संचालक श्रीमती दिव्या उमेश मिश्रा ने बताया कि प्रदेश में महिलाओं को आर्थिक एवं समाजिक रूप से सशक्त बनाने के लिए महिला कोष का गठन किया गया है। मुख्यमंत्री श्री बघेल ने इस साल महिला कोष के बजट में लगभग पांच गुना की वृद्धि की है। साथ ही महिला स्वावलंबन की नवीन कौशल्या समृद्धि योजना के लिए 25 करोड़ रूपए का प्रावधान भी किया गया है। उन्होंने बताया कि महिला कोष की योजनाओं के तहत महिलाओं को 3 प्रतिशत साधारण ब्याज की वार्षिक दर पर ऋण उपलब्ध कराया जा रहा है। मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की घोषणा के परिपालन में अब तक 5 हजार 845 महिला समूहों का 11.06 करोड़ रूपए का ऋण माफ कर दिया गया है। साथ ही ऋण योजना के तहत प्रथम बार में महिला समूहों को 2 लाख रूपए तथा द्वितीय बार में 4 लाख रूपये तक का ऋण दिया जा रहा है। उन्होंने बताया कि इस वर्ष स्वावलंबन योजना के तहत 200 महिलाओं को कौशल उन्नयन के तहत प्रशिक्षण कराने लक्ष्य रखा गया है।
छत्तीसगढ़ महिला कोष के महाप्रबंधक श्री राजेश सिंघी ने बताया कि अब तक महिला कोष के माध्यम से 38,146 समूहों को 95.41 करोड़ रूपए का ऋण उपलब्ध कराया गया है। वित्तीय वर्ष 2022-23 में ऋण योजना के तहत 910 समूहों के लक्ष्य के विरूद्ध 1036 समूहों को 8 करोड़ रूपए से अधिक का ऋण वितरित किया गया है जो पिछले वर्ष की तुलना में लगभग दोगुना है। इसी प्रकार सक्षम योजना के तहत 461 के लक्ष्य के विरूद्ध 302 महिलाओं को 2 करोड़ 62 लाख रूपए का ऋण स्वीकृत किया गया है। जो कि पिछले वित्तीय वर्षो में से सर्वाधिक वितरण रहा है। इस प्रकार 10 करोड़ 70 लाख रूपए का ऋण दोनों योजनाओं के तहत स्वीकृत किया गया है, जो विगत 5 वर्षो में सर्वाधिक है।
इस अवसर पर महिला एवं बाल विकास विभाग, वाणिज्य एवं उद्योग विभाग, आदिम जाति एवं अनुसूचित जाति विकास विभाग, समाज कल्याण विभाग, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, ग्रामोद्योग विभाग, कृषि विभाग, नगरीय प्रशासन विभाग, वन विभाग, कौशल विकास तकनीकी शिक्षा विभाग सहित नेहरू युवा केन्द्र, नाबार्ड, छत्तीसगढ़ ग्रामीण बैंक, भारतीय स्टेट बैंक तथा यूनिसेफ के प्रतिनिधि उपस्थित थे।
परिवहन विभाग: छत्तीसगढ़ में इलेक्ट्रिक वाहन को बढ़ावा देने वाहन के मूल्य का 10 प्रतिशत सब्सिडी
सब्सिडी की सुविधा और बढ़ती मांग से इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री में निरंतर बढ़ोत्तरी
इलेक्ट्रिक वाहन नीति के तहत 7656 हितग्राहियों को 14 करोड़ से अधिक राशि के सब्सिडी का वितरण जारी
रायपुर: परिवहन विभाग द्वारा राज्य में इलेक्ट्रिक वाहन नीति 2022 के तहत हितग्राहियों को सब्सिडी का वितरण निरंतर किया जा रहा है। इस तारतम्य में अभी 7 हजार 656 इलेक्ट्रिक वाहन स्वामियों को 14 करोड़ 29 लाख 95 हजार 150 रूपए की राशि के सब्सिडी का वितरण जारी है।
इस संबंध में परिवहन मंत्री श्री मोहम्मद अकबर ने बताया कि छत्तीसगढ़ में इलेक्ट्रिक वाहन को बढ़ावा देने के लिए मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल की मंशा के अनुरूप हर संभव पहल की जा रही है। इसके तहत कोई भी व्यक्ति जो इलेक्ट्रिक व्हीकल ख़रीदता है, वह राज्य शासन से सब्सिडी प्राप्त कर सकता है। इसके लिए वाहन विक्रेता डीलर को अपना अकाउंट नंबर और आईएफएस कोड देना होगा। वाहन के मूल्य का 10 प्रतिशत जो अधिकतम 1.5 लाख रुपये तक हो सकता है, इलेक्ट्रिक वाहन क्रेता के खाते में परिवहन विभाग द्वारा सीधे हस्तांतरित किए जाएंगे।
परिवहन आयुक्त श्री दीपांशु काबरा से प्राप्त जानकारी के अनुसार वर्तमान में राज्य के विभिन्न जिलों से 7 हजार 656 इलेक्ट्रिक वाहन स्वामियों को 14 करोड़ 29 लाख 95 हजार रूपए से अधिक राशि के सब्सिडी का वितरण जारी है। इसके पहले प्रथम चरण अंतर्गत माह दिसम्बर में राज्यभर के 404 हितग्राहियों को 80 लाख रूपए से अधिक राशि के सब्सिडी का वितरण हो चुका है।
इसी तरह द्वितीय चरण अंतर्गत 888 हितग्राहियों को 01 करोड़ 56 लाख रूपए, तृतीय चरण अंतर्गत 1 हजार 652 हितग्राहियों को 2 करोड़ 21 लाख रूपए, चतुर्थ चरण अंतर्गत 613 हितग्राहियों को 98 लाख रूपए, पांचवे चरण अंतर्गत 01 हजार 302 हितग्राहियों को 2 करोड़ 50 लाख रूपए तथा छठवें चरण अंतर्गत 636 हितग्राहियों को 94 लाख रूपए से अधिक राशि के सब्सिडी का वितरण हो चुका है। वर्तमान में सातवें चरण अंतर्गत 2 हजार 161 हितग्राहियों को 5 करोड़ 30 लाख 84 हजार 623 रूपए की राशि के सब्सिडी का वितरण जारी है।
गौरतलब है कि छत्तीसगढ़ में इलेक्ट्रिक वाहनों में परिवहन विभाग द्वारा दी जा रही सब्सिडी से वाहन मालिकों को वाहन खरीदने के लिए काफी सहूलियत हो गई है। इसके फलस्वरूप इलेक्ट्रिक वाहन के प्रति लोगों का रूझान तेजी से बढ़ने लगा है। साथ ही इससे इलेक्ट्रिक वाहन खरीदने के लिए मांग निरंतर बढ़ने लगी है, जिससे इलेक्ट्रिक वाहनों की बिक्री भी बढ़ रही है।
भारत निर्वाचन आयोग द्वारा आम निर्वाचनों में मतदाता प्रलोभन पर ज़ीरो टॉलरेंस पॉलिसी
आगामी विधानसभा निर्वाचन में केन्द्रीय एजेंसियों एवं राज्य के बेहतर समन्वय से लागू होगी कारगर सतर्कता प्रणाली : मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी
रायपुर: आगामी विधानसभा निर्वाचन 2023 में व्यय अनुवीक्षण की तैयारियों के संबंध में मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्रीमती रीना बाबासाहेब कंगाले की अध्यक्षता में समस्त इन्फोर्समेंट एजेंसियों की समीक्षा बैठक आज मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी कार्यालय छत्तीसगढ़ के सभाकक्ष में ली गई। मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्रीमती कंगाले ने बैठक में कहा कि आगामी विधानसभा निर्वाचन में केन्द्रीय एजेंसियों एवं राज्य के बेहतर समन्वय से कारगर सतर्कता प्रणाली लागू होगी।
उक्त समीक्षा बैठक में मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी द्वारा विभिन्न प्रवर्तन एजेंसियों, जैसे- पुलिस विभाग, आयकर विभाग आबकारी विभाग, वन विभाग, केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल, केन्द्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल, राजस्व आसूचना निदेशालय, परिवहन विभाग, नारकोटिक्स कन्ट्रोल ब्यूरो, केन्द्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क भारतीय रिज़र्व बैंक, भारतीय विमानपत्तन, स्टेट लेवल बैंकर्स कमिटी, डाक विभाग, विमानन विभाग एवं भारतीय रेल की स्थापित सतर्कता प्राधिकरण प्रणाली की विस्तृत समीक्षा की गई।
भारत निर्वाचन आयोग के निर्देशानुसार उपरोक्त एजेंसियों के नोडल अधिकारियों के साथ आगामी विधानसभा निर्वाचन 2023 हेतु निर्वाचन व्यय अनुवीक्षण की तैयारियों की समीक्षा की गई एवं कार्य योजना बनाने हेतु चर्चा की गई।
बैठक में सभी इन्फोर्समेंट एजेंसियों को सामान्य बिन्दुओं पर तैयारियों हेतु मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी द्वारा निर्देशित किया गया। सभी इन्फोर्समेंट एजेंसियों को राज्य में संवेदनशीलता का आकलन कर वल्नरेबिलिटी मैप तैयार करने, निर्वाचन हेतु विभाग की तैयारी एवं विगत 6 महीनों में किए गए जब्ती की जानकारी तैयार किये जाने एवं निर्वाचन व्यय संवेदनशीलता की मैपिंग कर मॉनिटरिंग किए जाने हेतु निर्देशित किया गया। इन्फोर्समेंट एजेंसियों को रेल्वे स्टेशनों, ट्रकों, बसों, व्यावसायिक वाहनों के साथ ही हवाई अड्डों पर विशेष निगरानी रखने हेतु कहा गया। बैठक में बताया गया कि पिछले निर्वाचनों में किये गए जब्तियों के आधार पर जिलों में निगरानी रखी जाएगी।
राज्य में प्रलोभन की दृष्टि से संवेदनशील ऐसे समस्त सीमावर्ती राज्यों के प्रवर्तन एजेंसियों से समन्वय स्थापित कर अंतर्राष्ट्रीय सीमा चेक पोस्ट नाकों पर सतत निगरानी आगामी समय में रखने के कड़ाई से निर्देश दिए गए। ऐसे सभी विधानसभा क्षेत्र जो सीमावर्ती राज्यों से सटे हों, उन पर विशेष निगरानी रखी जाएगी।
बैठक में उड़नदस्ता एवं स्थैतिक निगरानी दल हेतु आवश्यक पुलिस बल तैनात किये जाने एवं आवश्यक जगहों पर चेक पोस्ट स्थापित किए जाने हेतु निर्देशित किया गया। 10 लाख से अधिक कैश की जब्ती के बारे में स्थापित प्रोटोकॉल से अवगत करवाया गया। आबकारी विभाग एवं अन्य विभागों को बॉर्डर चेक पोस्ट पर सीसीटीवी कैमरा स्थापित करने के निर्देश दिए गए। अवैध शराब वितरण एवं भण्डारण पर सतत नियंत्रण किये जाने हेतु योजना बनाने के लिए निर्देश दिए गए। आयकर विभाग को कैश मॉनिटरिंग करते हुए इन्टेलिजेंस यूनिट सक्रिय करने हेतु निर्देशित किया गया। संवेदनशील क्षेत्र, सेक्टर एवं रूट चिन्हित कर सभी इन्फोर्समेंट ऐजेंसियों को तैयारी करने एवं नकद संचलन की निगरानी पर विशेष ध्यान देने हेतु निर्देशित किया गया।
राज्य एवं केन्द्रीय जीएसटी एजेंसी को वेयर हाऊस एवं गोडाउन पर विशेष निगरानी रखते हुए कपड़ा, साड़ी एवं अन्य प्रलोभन की वस्तुओं के अवैध वितरण पर रोक लगाने हेतु निर्देश दिये गए। नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो राज्य पुलिस बल एवं अन्य सुसंगत अथॉरिटी को आपसी समन्वय से कार्य संपादन करने, निजी एवं व्यावसायिक वाहनों पर भी विशेष निगरानी रखने हेतु निर्देशित किया गया।
राज्य एवं केन्द्रीय जीएसटी एजेंसी को वेयर हाऊस एवं गोडाउन पर विशेष निगरानी रखते हुए कपड़ा, साड़ी एवं अन्य प्रलोभन की वस्तुओं के अवैध वितरण पर रोक लगाने हेतु निर्देश दिये गए। एनसीबी राज्य पुलिस बल एवं अन्य सुसंगत अथॉरिटी को आपसी समन्वय से कार्य संपादन करने, निजी एवं व्यावसायिक वाहनों पर भी विशेष निगरानी रखने हेतु निर्देशित किया गया।
बैठक में बताया गया कि सभी इन्फोर्समेंट एजेंसियों को अंतर विभागीय प्रशिक्षण कराया जाएगा। सभी विभाग जिनके टोल फ्री नम्बर जो प्रचलित हैं, उन्हें सक्रिय करने हेतु मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी द्वारा निर्देशित किया गया। सभी इन्फोर्समेंट एजेंसियों को आपसी समन्वय स्थापित कर आगामी विधानसभा निर्वाचन 2023 में निर्वाचन व्यय अनुवीक्षण कार्य संपादन करने हेतु निर्देशित किया गया।
उक्त बैठक में श्री विपिन मांझी, संयुक्त मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, श्री आशीष कुमार टिकरिहा, उप मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी, श्री अपूर्व प्रियेश टोप्पो, उप मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी श्री एस.सी. द्विवेदी, पुलिस महानिरीक्षक, पुलिस विभाग श्री रितुपर्ण नामदेव, अपर आयकर निदेशक (अन्वेषण) आयकर विभाग श्री आशीष श्रीवास्तव, अपर आयुक्त आबकारी, आबकारी विभाग श्री साकेत कुमार सिंह, पुलिस महानिरीक्षक, केन्द्रीय रिजर्व पुलिस बल श्री हिमांशु पाण्डे, उप महानिरीक्षक, केन्द्रीय औद्योगिक सुरक्षा बल श्री पंकज खंडागले, उप निदेशक, राजस्व आसूचना निदेशालय, श्री शैलाभ साहू क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी, परिवहन विभाग श्री रविन्द्र सिंह बिष्ट, सहायक निदेशक, श्री अनिल सोम, सहायक आयुक्त (कार्मिक एवं सतर्कता) केन्द्रीय अप्रत्यक्ष कर एवं सीमा शुल्क श्री सत्य प्रकाश सोनी, सहायक महाप्रबंधक, भारतीय रिज़र्व बैंक श्री अश्वनी कुमार देवांगन, एम.जी.आर. (एटीसी). भारतीय विमानपत्तन श्री विजय वसंत रायकवाड़, सहायक जनरल मैनेजर स्टेट लेवल बैंकर्स कमीटी श्री श्रवण कुमार महतो राज्य कर सहायक आयुक्त, राज्य कर विभाग श्री दिनेश कुमार मिस्त्री निदेशक डाक सेवाएँ (मुख्यालय छ.ग.), डाक विभाग श्री विनोद कुमार लाल, वित्त नियंत्रक, विमानन विभाग एवं श्री संजय कुमार गुप्ता, मण्डल सुरक्षा आयुक्त, रेल्वे सुरक्षा बल, भारतीय रेल्वे उपस्थित रहे।
सांसद दीपक बैज बने प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष, मोहन मरकाम की छुट्टी
रायपुर: सांसद दीपक बैज को छत्तीसगढ़ में प्रदेश कांग्रेस की कमान सौंप दी गई है। बैज को प्रदेश अध्यक्ष बनाए जाने का आदेश देर शाम जारी हुआ। मोहन मरकाम को फिलहाल संगठन में कोई नई जिम्मेदारी नहीं दी गई है। लंबे समय से चल रही थी कवायद प्रदेश कांग्रेस में नए अध्यक्ष की नियुक्ति को लेकर लंबे समय से चर्चा और कवायद चल रही थी। नए प्रदेश अध्यक्ष की दौड़ में बैज सबसे आगे चल रहे थे। बैज युवा आदिवासी चेहरा होने के साथ ही मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के भरोसेमंद माने जाते हैं। पिछले महीने दिल्ली में राहुल गांधी और राष्ट्रीय अध्यक्ष मल्लिकार्जुन अडग़े की मौजूदगी में हुई प्रदेश कांग्रेस की बैठक के दौरान भी प्रदेश अध्यक्ष बदले जाने की चर्चा जोरों पर थी। दोनों में कई समानताएं मरकाम और बैज दोनों बस्तर संभाग से आते हैं और आदिवासी वर्ग से हैं। मरकाम बस्तर संभाग की कोंडागांव सीट से विधायक हैं, जबकि बैज बस्तर से सांसद हैं। 2019 में सांसद चुने जाने से पहले बैज 2018 में बस्तर की ही चित्रकोट सीट से विधायक चुने गए थे।
इस वजह से मरकाम की हुई छुट्टी विधानसभा चुनाव से पहले चार महीने पहले मरकाम की पीसीसी अध्यक्ष पद से छुट्टी किए जाने के पीछे कई कारण हैं। पार्टी नेता कह रहे हैं कि उनका कार्यकाल पूरा हो गया था। इस वजह से आलाकमान ने यह बदलाव किया है। वहीं, मरकाम के कार्यकाल में कई बार सरकार और संगठन के बीच टकराव की खबरें आती रही। इस बीच महामंत्रियों की नियुक्ति को लेकर पिछले महीने जो हुआ उसके बाद मरकाम का जाना पूरी तरफ फाइनल हो गया। बात दें कि मरकाम ने पिछले महीने अचानक पार्टी के महामंत्रियों की नियुक्ति की, लेकिन इसके लिए उन्होंने न तो प्रदेश प्रभारी से बात की और न ही प्रदेश के वरिष्ठ नेताओं से चर्चा की। इसके बाद प्रदेश प्रभारी सैलजा ने महामंत्रियों की नियुक्त के आदेश को रद्द कर दिया।
डीजीपी जुनेजा ने आयोजित की आईजी, एसपी की बैठक, बताया - ऑनलाइन जुआ, सट्टा और शराब के गैरकानूनी व्यापार पर नियंत्रण लागू करें, चिटफंड मामलों के लिए दिए दिशानिर्देश...
रायपुर: पुलिस महानिदेशक अशोक जुनेजा ने आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सभी जिलों के पुलिस अधिक्षकों और रेंज पुलिस महानिरीक्षकों की बैठक की. बैठक में विगत माह में जिलों द्वारा उपरोक्त अपराधों के खिलाफ की गई कार्रवाई की समीक्षा की गई और पुलिस अधिक्षकों को ऑनलाइन जुआ, सट्टा, गैरकानूनी शराब और नशीले पदार्थों के अवैध व्यापार के खिलाफ और इन गतिविधियों में संलिप्त व्यक्तियों के खिलाफ कठोर और प्रभावी वैधानिक और प्रतिबंधक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए.
बैठक में चिटफंड कंपनियों के खिलाफ चल रही कार्रवाई की भी समीक्षा की गई. पुलिस अधिक्षकों को निर्देश दिया गया कि जिन प्रकरणों में विशेष न्यायालय द्वारा कुर्की, नीलामी का आदेश दिया जा चुका है, उन प्रकरणों की संपत्तियों की शीघ्र नीलामी करके प्राप्त राशि को निवेशकों को वापस की जाए. इस दिशा में त्वरित कार्रवाई करें.
हर हफ्ते अपराधों की समीक्षा करेंगे एसपी
आगामी प्रस्तावित विधानसभा चुनाव को ध्यान में रखते हुए सक्रिय अपराधियों और असामाजिक तत्वों को सूचीबद्ध करके कुख्यात अपराधियों के खिलाफ एनएसए और जिला बदर के तहत प्रभावी वैधानिक कार्रवाई करने और फरार अपराधियों और वारंटियों के खिलाफ अभियान चलाकर कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए. पुलिस महानिदेशक ने सभी पुलिस अधिक्षकों को निर्देशित किया कि आगामी दिनों में पुलिस मुख्यालय द्वारा जिलों में चल रही कार्रवाई की साप्ताहिक समीक्षा की जाए. पुलिस अधिक्षक विशेष रूचि लेकर इस दिशा में प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें.
मोदी सरनेम केस: भूपेश बघेल आरोप लगाते हुए केंद्र सरकार को निशाना बनाया, बीजेपी के घोषणा पत्र पर कसा तंज
रायपुर: छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने मोदी सरनेम केस में केंद्र सरकार और भाजपा पर आरोप लगाए हैं. सीएम भूपेश बघेल ने कहा है कि राहुल गांधी की आवाज को कुचलने की कोशिश हो रही है. उन्होंने अरुण साव के बयान पर भी पलटवार किया है. बात यह है कि बुधवार को मोदी सरनेम केस में राहुल गांधी को सजा सुनाई जाने के बाद कांग्रेस ने प्रदेशभर में मौन सत्याग्रह किया है.
केंद्र सरकार के लगातार हमले और उसके संदेश पर सीएम भूपेश बघेल ने कहा है कि केंद्र सरकार दबाव में है. राहुल गांधी ने पदयात्रा की है और उससे मोदी सरकार को घबराहट हो रही है. अनेक राज्यों में नतीजे आ रहे हैं, जिससे उनकी घबराहट बढ़ गई है और इस कारण से राहुल गांधी की आवाज को कुचलने की कोशिश हो रही है. कांग्रेस पार्टी ने इसका विरोध किया है.
सीएम बघेल ने अरुण साव के बयान को लेकर टिप्पणी की है कि अरुण साव पहले उड़ान भरें. उनकी बात सुनने के लायक नहीं है. मोदी सरनेम है. यह निर्देश नकली नहीं है, विभिन्न जाति और धर्म के लोग इसे लिखते हैं. अरुण साव को ज्ञान विकसित करना चाहिए. बता दें कि अरुण साव ने पिछड़ा वर्ग का अपमान करने का आरोप लगाया था.
बीजेपी के घोषणा पत्र पर सीएम की टिप्पणी
भाजपा घोषणा पत्र का नकल के लिए भी अकल की आवश्यकता होती है. 15 साल में छत्तीसगढ़ में कभी भी महतारी की तस्वीर नहीं लगाई गई है, न कभी तीजा-पोरा या हरेली के दिन नंदी बैल की पूजा की गई है. अब सब कुछ हो रहा है. धीरे-धीरे सब इनको समझेंगे, लेकिन असली और नकली की पहचान होगी.
देश में प्रजातांत्रिक मूल्यों का हनन- टीएस सिंहदेव
मौन सत्याग्रह पर उपमुख्यमंत्री टीएस सिंहदेव ने देश में प्रजातांत्रिक मूल्यों का हनन हो रहा है कहा है. राहुल गांधी के मुद्दे को लेकर केस दर्ज किए जाने पर उन्होंने भाजपा को निशाना साधा है. यहां तक कि 162 साल के इतिहास में इस तरह के केस में किसी को 2 साल की सजा नहीं मिली है. राहुल गांधी हीं ऐसे एकमात्र व्यक्ति हैं, जिन्हें 2 साल की सजा सुनाई गई है और उनका लक्ष्य सीधा है- राहुल गांधी को चुनाव लड़ने नहीं देना है. राहुल जी सच के साथ हैं, हम उनके साथ खड़े हैं.
व्यवसायिक जीवन में संतुलित आहार के महत्व पर महिला चेंबर द्वारा कार्यशाला का आयोजन किया गया
छत्तीसगढ़ चेंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्रीज महिला चेम्बर की संरक्षक श्रीमती आभा मिश्रा, अध्यक्ष श्रीमती मधु अरोरा, महामंत्री पिंकी अग्रवाल, कोषाध्यक्ष प्रेरणा भट्ट,उपाध्यक्ष कांता धीमन, मीडिया प्रभारी इंदिरा जैन ने बताया कि चेंबर भवन, बाम्बे मार्केट, रायपुर में महिला चेंबर द्वारा व्यवसायिक जीवन में संतुलित आहार के महत्व पर कार्यशाला का आयोजन किया गया जिसमंे विशेष वक्ता डाॅ. अनीश भार्गव (नई दिल्ली) एवं श्री असीम सहगल (भिलाई) रहे।
महिला चेंबर अध्यक्ष श्रीमती मधु अरोरा ने बताया कि आज के इस भागमभाग और व्यस्तता से भरी जिंदगी में व्यापारी, उद्योगपति, कामकाजी महिलाएं एवं आम नागरिक जो अपने सेहत का ख्याल नहीं रख पाते हैं, इसलिए आज महिला चेंबर द्वारा संतुलित आहार एवं पोषक तत्वों के महत्व पर यह कार्यशाला रखी गई।
श्रीमती अरोरा ने आगे बताया कि संतुलित आहार नहीं लेने तथा फास्ट फूड पर बढ़ रही निर्भरता विभिन्न प्रकार के बीमारियों का कारण बन रही है। क्या हमने कभी सोचा है कि ऐसा क्यों होता है ? ऐसा नहीं है कि इस तरह के लोग या बच्चे खाते-पीते नहीं हंै या उन्हें खाने की वस्तुएं नहीं मिलती हैं। दरअसल इस तरह के मोटापे या बीमारियों की सबसे बड़ी वजह होती है उनका संतुलित आहार नहीं खाना। यानी खाने में उन पदार्थों का इस्तेमाल नहीं करना जो शरीर को प्रोटीन, कार्बोहाइड्रेट, वसा, विटामिन और खनिज-लवण जैसे पोषक तत्व उपलब्ध कराते हैं। संतुलित आहार नहीं लेने से न केवल शारीरिक और मानसिक विकास बाधित होता है बल्कि व्यक्ति की उत्पादकता भी काफी कम हो जाती है। ऐसे में एक स्वस्थ तन और मन के साथ ही अनेक गंभीर बीमारियों से बचने के लिए संतुलित आहार का सेवन बेहद जरूरी है।
विशेष वक्ता डाॅ. अनीश भार्गव ने बताया कि आमतौर पर किसी भोजन को संतुलित तभी माना जाता है जब उससे प्रतिदिन शरीर को प्राप्त होने वाली कुल ऊर्जा का 50 से 60 प्रतिशत भाग कार्बोहाइड्रेट के जरिए, 10 से 15 प्रतिशत भाग प्रोटीन के जरिए और 20 से 30 प्रतिशत भाग वसा के जरिए प्राप्त हो। एक बात जिस पर सभी को ध्यान देना चाहिए कि आहार में संतुलन के लिए अत्यधिक मात्रा में भोजन बिल्कुल जरूरी नहीं है। अधिक भोजन हमेशा गंभीर बीमारियों और मोटापे का कारण होता है। दरअसल हर व्यक्ति को उसकी शारीरिक आवश्यकताओं, आयु, लिंग के आधार पर संतुलित आहार की जरूरत होती है। जैसे-ज्यादा शारीरिक कार्य करने वाले व्यक्ति को भोजन में ज्यादा मात्रा में
कार्बोहाइड्रेट लेना चाहिए। बच्चों की शारीरिक वृद्धि के लिए प्रोटीन जरूरी है। इसी तरह स्त्रियों के लिए लौह तत्व और कैल्शियम की जरूरत होती है। इसलिए यह जरूरी है कि शरीर की जरूरत और उम्र के हिसाब से संतुलित आहार लिया जाए।
संतुलित आहार खाने वाले ‘स्वस्थ और सक्रिय जीवनशैली’ की नींव रखते हैं। इससे दीर्घकालिक स्वास्थ्य समस्याओं का जोखिम कम होता है। साथ ही यह देश में मानव संसाधनों के विकास के लिए भी बेहद जरूरी है। हम सभी जानते हैं कि एक स्वस्थ समाज द्वारा ही एक स्वस्थ राष्ट्र का निर्माण किया जा सकता है।
जशपुर सी-मार्ट में 2 करोड़ 40 लाख रूपए से अधिक की हुई बिक्री
सामग्रियों का पैकेजिंग करने के लिए फूड लैब की सुविधा
रायपुर: मुख्यमंत्री श्री भूपेश बघेल ने गांव को आर्थिक रूप से सक्षम बनाने के लिए महात्मा गांधी औद्योगिक पार्क (रीपा) की शुरूआत की है। स्व-सहायता समूह की माहिलाएं आज विभिन्न आजिविका मूलक गतिविधियों से जुड़कर सफलता की नई कहानियां लिख रही है और अपने सपने को साकार करने छत्तीसगढ़ शासन ने महिलाआंे की सामग्रियों को विक्रय कराने के लिए सी-मार्ट की भी सुविधा दी गई है। जशपुर के सी-मार्ट से अब तक स्व-सहायता समूह की महिलाओं ने 2 करोड़ 40 लाख रूपए से अधिक की सामग्रियों बिक्री की है। गौठान में उत्पाद सामग्रियों का पैकेजिंग करने के लिए फूड लैब की सुविधा प्रशासन ने उपलब्ध कराई है।
पत्थलगांव विकासखण्ड बहनाटांगर गौठान में पोल निर्माण, सरसांेे तेल का उत्पादन, सामुदायिक बाड़ी, मुर्गी हेचरी, मुर्रा उत्पादन, टोमेटो केचअप का कार्य बेहतर तरीके से कर रही हैं। समूह की महिलाओं को 6 हजार पोल निर्माण सेे 4 लाख 20 हजार रूपए की शुद्ध आमदनी हो चुकी है। सामुदायिक बाड़ी और बकरी पालन से महिलाएं अतिरिक्त आय अर्जित कर रही हैं। उनके द्वारा मुर्रा बनाने का कार्य भी किया जा रहा है।
पूजा स्व-सहायता समूह की महिलाएं रीपा के तहत् सरसों तेल पेराई का कार्य कर रही है। प्रशासन ने उन्हें मशीन की सुविधा भी दी है। तेल की शुद्धता के कारण स्थानीय लोगों तथा अन्य दुकानों में भी इसकी मांग निरंतर बनी रहती है। सामुदायिक बाड़ी से शक्ति स्व-सहायता की महिलाएं हरी साग-सब्जी में टमाटर, भिन्डी, बरबट्टी, लौकी, हरी मिर्च एवं अन्य सब्जियां उगाई जा रही हैं। स्थानीय हाट बाजार में साग-सब्जी आसानी से हाथों-हाथ बिक जाती है। अच्छी आमदनी होने के कारण महिलाएं इसे रूचि लेकर भी कर रही है। मुर्गी हेचरी का कार्य जय माता स्व-सहायता समूह के द्वारा अंडे से चूजा उत्पादन का कार्य किया जा रहा है। मुर्गी के चूजे को अन्य गौठानों में भी मांग के अनुसार भेजा जाता है।
संस्कार स्व-सहायता समूह की महिलाएं टोमेटो केचअप बनाने का कार्य कर रही हैं। इसी प्रकार कासाबेल विकासखण्ड के ग्राम रजौटी (बगिया) गौठान की रानी स्व-सहायता समूह की महिलाएं हल्दी की खेती, मसाला की खेती कर ही है। महिलाओं ने अब तक मसाला उत्पादन से अच्छी आमदनी अर्जित कर चुकी है। महिलाओं द्वारा तैयार सामग्रियों को सी-मार्ट के साथ-साथ स्कूल के आश्रम छात्रावास, स्थानीय हाट बाजार, जिला स्तरीय और राज्य स्तरीय प्रदर्शनी में विक्रय किया जाता है। इससे महिलाओं को अच्छी आमदनी हो रही है।
पिछड़े वर्ग के लोगों के जख्मों पर नमक छिड़क रहे हैं भूपेश बघेल और कांग्रेस: अरुण साव
राहुल गांधी के समर्थन में कांग्रेस के मौन सत्याग्रह पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अरुण साव का बड़ा प्रहार
पिछड़े वर्ग के लोगों को गाली देने वाले के समर्थन में मौन सत्याग्रह कर रही कांग्रेस ने बताया वह पिछड़ा वर्ग विरोधी है: अरुण साव
पिछड़े वर्ग को गाली देने वाले न्यायालय से सजा पाने वाले व्यक्ति के समर्थन में मौन सत्याग्रह देश के संविधान और न्यायपालिका की धज्जियां उड़ाने जैसा:अरुण साव
अगर केंद्र में कांग्रेस की सरकार होती तो गांधी परिवार की चाटुकारिता के लिए फिर से आपातकाल लगा देती: अरुण साव
पिछड़ा वर्ग को अपमानित करने वाले राहुल गांधी को न्यायालय द्वारा सजा मिलने के बाद राहुल गांधी के समर्थन में कांग्रेस के सत्याग्रह पर भाजपा प्रदेश अध्यक्ष अरुण साव ने कड़ा प्रहार करते हुए कहा कि जिस व्यक्ति ने पिछड़े वर्ग को गाली दी ,उसका उपहास उड़ाया अपमान किया, न्यायालय ने जिसे ना सिर्फ दोषी ठहराया बल्कि सजा भी दी एवं दोबारा याचिका लगाने पर भी उसे रद्द किया ऐसे व्यक्ति के लिए मौन धारण कर प्रदर्शन करना व उसे सत्याग्रह का नाम देना पिछड़े वर्ग के जख्मों पर नमक छिड़कने जैसा कृत्य है कांग्रेस को पिछड़ा वर्ग इसके लिए कभी माफ नहीं करेगा। कांग्रेस पिछड़े वर्ग के साथ नहीं पिछड़े वर्ग को गाली देने वाले व्यक्ति के साथ खड़ी है।
श्री साव ने कहा कांग्रेस का जो रवैया है उससे यह पूर्णत: स्पष्ट है कि आज अगर केंद्र में कांग्रेस की सरकार रहती तो वह राहुल गांधी की चाटुकारिता के लिए शायद आपातकाल लगाने से भी नहीं चूकती जैसा कि इंदिरा गांधी के लिए लगाया गया था।कांग्रेस देश के संविधान और न्यायपालिका में विश्वास नही रखती वह केवल एक परिवार को ही सब कुछ मानती है देश की जनता भी इनकी प्राथमिकता में नही है।
श्री साव ने कहा न्यायपालिका जिस पर सभी का भरोसा होता है आज कांग्रेस उसके खिलाफ, उसके फैसले के खिलाफ प्रदर्शन करने जा रही है यह देश के संविधान का मजाक उड़ाने जैसा है जनता अब यह मान रही है कि कांग्रेस गांधी परिवार के आगे देश के संविधान को भी नहीं मानती और न्यायपालिका की विश्वसनीयता को खंडित करने का कुंठित प्रयास करती है पूरे देश की जनता कांग्रेस का यह कृत्य देख रही है कांग्रेस को कभी माफ नहीं करेगी।
छत्तीसगढ़ में अत्यावश्यक सेवा संधारण तथा विच्छिन्नता निवारण अधिनियम, 1979 की धारा 4 की उपधारा 1 तथा 2 में प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग
छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग से संबद्ध समस्त कार्यों और स्वास्थ्य सुविधाओं की आवश्यक सेवाओं में कार्य करने से इंकार किया जाना प्रतिषेध
आदेश तत्काल प्रभाव से लागू
रायपुर: राज्य सरकार द्वारा छत्तीसगढ़ अत्यावश्यक सेवा संधारण तथा विच्छिन्नता निवारण अधिनियम, 1979 की धारा 4 की उपधारा 1 तथा 2 में प्रदत्त शक्तियों को प्रयोग में लाते हुए छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग से संबद्ध समस्त कार्यों और स्वास्थ्य सुविधाओं की आवश्यक सेवाओं में कार्य करने से इंकार किए जाने को प्रतिषेध कर दिया है। यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू हो गया है।
राज्य शासन के गृह विभाग द्वारा मंत्रालय से आज जारी आदेश के अनुसार ‘लोक स्वास्थ्य’ (छत्तीसगढ़ स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग) से संबद्ध समस्त कार्यों और स्वास्थ्य सुविधाओं की अत्यावश्यक सेवाओं में कार्यरत डॉक्टर, नर्स, स्वास्थ्य कर्मी तथा एम्बुलेंस सेवाओं में कार्यरत अधिकारी एवं कर्मचारियों द्वारा कार्य करने से इंकार किये जाने को प्रतिषेध कर दिया है।