छत्तीसगढ़
"छत्तीसगढ़ में उत्साह से मनाया गया वीर बाल दिवस: प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के संदेश का प्रसारण और पुरस्कृत वीर बाल प्रतियोगिता के विजेताओं को सम्मानित किया गया"
रायपुर: छत्तीसगढ़ में वीर बाल दिवस उत्साह से मनाया गया। इस अवसर पर सभी पंजीकृत बाल देखरेख संस्थाओं में प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के संदेश का प्रसारण किया गया। श्री मोदी ने कहा कि गुरु गोबिंद सिंह जी और उनके चारों साहिबजादों की वीरता और आदर्श, आज भी हर भारतीय को ताकत देते हैं। इसलिए वीर बाल दिवस, उन सच्चे वीरों के अप्रतिम शौर्य और उनको जन्म देने वाली माता के प्रति, राष्ट्र की सच्ची श्रद्धांजलि है। संस्कृति मंत्रालय द्वारा बनाई गई ऑडियो-विजुअल की स्क्रीनिंग के साथ ही वीर बाल दिवस पर आधारित डिजिटल प्रदर्शनी दिखाई गई। इस अवसर पर वीर बाल प्रतियोगिता के विजेताओं को भी पुरस्कृत किया गया।
गौरतलब है कि देश में हर साल 26 दिसम्बर को श्री गुरु गोबिंद सिंह जी के पुत्रों के सर्वाेच्च बलिदान और साहस की स्मृति में वीर बाल दिवस मनाया जाता है। इसका उद्देश्य युवाओं और किशोरों, देश वासियों, महिलाओं में राष्ट्रनिर्माण के लिए योगदान एवं मूल्यों को स्थापित करना और सुदृढ़ बनाना है। वीर बाल दिवस के अवसर पर किशोरों ने माई भारत पोर्टल पर विकसित भारत निर्माण हेतु शपथ लिया।
प्रदेश में वीर बाल दिवस के पूर्व जिला स्तर, नगर पालिका, वार्ड, ब्लॉक, ग्राम पंचायत स्तर पर 22 एवं 23 दिसंबर को स्कूलों, कॉलेजों और आंगनबाड़ी केंन्द्रों में कई गतिविधियों का आयोजन किया गया। इन गतिविधियों में विशेषकर स्वतंत्रता सेनानियों एवं प्रधानमंत्री राष्ट्रीय बाल पुरस्कार (च्डत्ठच्) से पुरस्कृत पूर्व विजेताओं के अनुभवों को साझा किया गया। वीर बाल प्रतियोगिता के तहत बहादुरी के विषय पर चित्रकला, पठन (सस्वर पाठ), गायन, कविता और निबंध प्रतियोगिता आयोजित की गई। इन गतिविधियों को पोर्टल में अपलोड भी किया गया है।
हसदेव के जंगलों की कटाई पर आम आदमी पार्टी की प्रतिक्रिया: "बीजेपी सरकार दोषी है, हसदेव अरण्य की बर्बरता को रोको"
रायपुर: छत्तीसगढ में हसदेव क्षेत्र में काटे जा रहे जंगलों को लेकर आम आदमी पार्टी ने प्रेस कांफ्रेंस कर प्रदेश की बीजेपी सरकार पर निशाना साधा। इस प्रेस कांफ्रेंस में आम आदमी पार्टी के प्रदेश मुख्य प्रवक्ता सूरज उपाध्याय, पार्टी के प्रदेश महासचिव वदूद आलम और प्रदेश सचिव प्रियंका शुक्ला और उत्तम जायसवाल ने पीएम मोदी और प्रदेश की बीजेपी सरकार पर जमकर हमला बोला।
सूरज उपाध्याय ने कहा, हसदेव के जंगलों की कटाई और आदिवासी आंदोलनकारियों पर बर्बरता के लिए राज्य और केंद्र की बीजेपी सरकार दोषी है। छत्तीसगढ़ की सत्ता में नई सरकार के काबिज होते ही हसदेव अरण्य बचाओ संघर्ष समिति के युवा साथी रामलाल करियाम (ग्राम हरिहरपुर), जयनंदन पोर्ते (सरपंच ग्राम घाटबर्रा) और ठाकुर राम सहित अन्य आंदोलनकारी साथियों को पुलिस घर से उठाकर ले गई है और गांव में भारी पुलिस फोर्स को तैनात करके परसा ईस्ट केते बासेन कोयला खदान के लिए पेड़ों की कटाई शुरू कर दी । भाजपा सरकार की इस दमनात्मक कार्रवाई का हम विरोध करते हैं और आदिवासी साथियों पर की गई बर्बरता की कड़ी निन्दा करते हुए हसदेव के जंगल विनाश पर रोक लगाने की मांग करते है।
सूरज उपाध्याय ने कहा, माननीय मुख्यमंत्री छत्तीसगढ़ की जनता को गुमराह करने का प्रयास कर रहें है। जब पत्रकारों ने उनसे हसदेव कटाई पर सवाल पूछा तो उन्होंने आसानी से कह दिया कांग्रेस के सरकार के समय आदेश दिया गया था। जबकि सच्चाई यह है कि केंद्र सरकार ने आदेश दिया था जिसके विरुद्ध छत्तीसगढ़ कांग्रेस सरकार ने विधानसभा में प्रस्ताव पारित कर हसदेव कटाई पर रोक लगा दिया और केंद्र सरकार को अनुरोध भी किया था कि इसपर रोक लगाया जाये। अफसोस आज छत्तीसगढ़ में भाजपा की सरकार है और केंद्र में भी भाजपा की सरकार है और हसदेव का जंगल फिर से उजड़ रहा है। छत्तीसगढ़ महतारी पर प्रहार हो रहे हैं।
वहीं प्रदेश महासचिव वदूद आलम ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा, चुनाव से पहले मोदी जी कहते थे जब तक आपका चौकीदार है, आपके जल जंगल और जमीन कोई हाथ नहीं लगा सकता, सत्ता में आने के बाद सैकड़ों मशीनें लगा कर पेड़ कटाई चल रही है। हसदेव अरण्य छत्तीसगढ़ का समृद्ध वन क्षेत्र है, जहां हसदेव नदी और उस पर मिनीमता बांगो बांध का कैचमेंट है, जिससे 4 लाख हेक्टेयर जमीन सिंचित होती है। केंद्र सरकार के ही एक संस्थान "भारतीय वन्य जीव संस्थान" ने अपनी रिपोर्ट में लिखा है कि हसदेव अरण्य में कोयला खनन से हसदेव नदी और उस पर बने मिनीमाता बांगो बांध के अस्तित्व पर संकट होगा। प्रदेश में मानव-हाथी संघर्ष इतना बढ़ जाएगा, जिसे संभालना मुश्किल हो जाएगा। वदूद आलम ने कहा, हमारे पार्टी की ओर से एक डेलिगेशन हसदेव जा कर स्थानीय लोगों से मुलाकात करेगा।
प्रदेश सचिव प्रियंका शुक्ला ने कहा, जिस जंगल के नाम पर मोदी जी ने आदिवासी समाज का वोट लिया आज उसे बीजेपी खत्म कर रही है। इतना ही नहीं प्रियंका ने आगे कहा, छत्तीसगढ़ विधानसभा ने 26 जुलाई 2022 को सर्वसम्मति से संकल्प पारित किया था कि हसदेव अरण्य को खनन मुक्त रखा जाए। पूरा क्षेत्र पांचवी अनुसूची में आता है और किसी भी ग्रामसभा ने खनन की अनुमति नहीं दी है। परसा ईस्ट केते बासेन कोयला खदान के दूसरे चरण के लिए खनन वनाधिकार कानून, पेसा अधिनियम और भू-अर्जन कानून – तीनों का उल्लंघन है। जिन जंगलों का विनाश किया जा रहा है, उसके प्रभावित गांव घाटबर्रा गांव को मिले सामुदायिक वन अधिकार पत्र को गैरकानूनी रूप से तत्कालीन भाजपा सरकार द्वारा ही निरस्त किया गया था, जिसका मामला पुनः बिलासपुर उच्च न्यायालय में लंबित है।
प्रियंका शुक्ला ने केंद्र की मोदी और प्रदेश की साय सरकार पर हमला बोलते हुए कहा, आंदोलनकारियों के साथ हो रही बर्बरता और कार्रवाई बीजेपी को लोकसभा चुनाव में भारी पड़ेगी। नव निर्वाचित भाजपा सरकार को जिस विश्वास के साथ इस प्रदेश और खासकर सरगुजा के आदिवासियों ने सत्ता सौंपी है, उनके साथ यह कृत्य विश्वासघात है। यदि हसदेव के जंगलों की कटाई नहीं रोकी गई, तो पूरे प्रदेश में व्यापक आंदोलन शुरू किया जायेगा।
"भाजपा सरकार की नीति: हसदेव अरण्य में वन कटाई के खिलाफ कांग्रेस की स्वीकृति रद्द, अडानी के हितों के लिए पेड़ों की कटाई शुरू"
राजीव भवन में प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने पत्रकारों से चर्चा करते हुये कहा कि जब विधानसभा के चुनाव हो रहे थे तब राहुल गांधी जी ने कहा था ईवीएम पर बटन कमल का दबेगा तो वीवीपैट से अडानी निकलेगा। राज्य में भाजपा की सरकार बनते ही यह कथन सत्य साबित होने लगा है। भाजपा सरकार अडानी के हितों को सवंर्धित करने के लिये राज्य के जल, जंगल, जमीन खनिज संपदा को अडानी को सौपना शुरू कर दिया गया है। जैसे ही भाजपा की सरकार बनी हसदेव अरण्य क्षेत्र में वनों की अंधाधुंध कटाई शुरू की जा चुकी है। 50 हजार से अधिक पेड़ काटे जा चुके है।
मुख्यमंत्री विष्णु देव साय अपनी सरकार के पाप को छुपाने के लिये कहते है हसदेव में कटाई के आदेश पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार ने दिये थे जबकि हकीकत यह है कि यहां पर कटाई के लिये आदेश और पर्यावरण स्वीकृत केंद्र की मोदी सरकार ने दिया था तथा कांग्रेस सरकार ने इस स्वीकृति को राज्य के स्तर पर निरस्त कर दिया था तथा केंद्र में भी इसे निरस्त करने के लिये पत्र लिखा था। 31.10.2022 को इस संबंध में छत्तीसगढ़ शासन के वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अपर सचिव ने भारत सरकार के वन महानिरीक्षक को पत्र लिखकर परसा ओपन कास्ट कोल माईंस कोल उत्खनन पर प्रतिबंध लगाने तथा वन कटाई के प्रस्ताव को निरस्त करने को कहा था। विधानसभा से भी कांग्रेस सरकार ने इस आशय का प्रस्ताव पारित करवा कर केंद्र को भेजा था कि हसदेव अरण्य क्षेत्र की सभी कोल खदानों को निरस्त किया जाये।
लेमरू एलिफेंट कारीडोर में मोदी सरकार के द्वारा आवंटित कोयला खदानों के खिलाफ भूपेश सरकार ने छत्तीसगढ़ विधानसभा में 27 जुलाई 2022 को प्रस्तावित प्रस्ताव पारित कर हसदेव अरण्य, तमोर पिंगला और कोरबा के हाथी रिजर्व क्षेत्र के वनों में कोल ब्लॉक आवंटन रद्द करने का संकल्प लिया था। इस दौरान मोदी सरकार के कोयला मंत्री ने रायपुर आकर यह भी कहा कि जहां पर कोल बेयरिंग एक्ट लागू होता है वहां पेसा कानून के प्रावधान लागू नहीं होते किसी के आपत्ति या सहमति से कोल खनन पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा मोदी सरकार उस क्षेत्र में भी कोयले का खनन जारी रखेगी। राज्य में भाजपा सरकार बनने के बाद अडानी को फायदा पहुंचाने पेड़ों की कटाई शुरू हो चुकी है।
भाजपा सरकार के बनते ही हसदेव में वन की कटाई से इस सरकार की नीयत और भविष्य की कार्ययोजना स्पष्ट झलक है यह सरकार अडानी के लिये, अडानी के हितों के लिये चलने वाली है। इसका जनता से कुछ लेना देना नहीं है।
पत्रकार वार्ता में प्रदेश कांग्रेस के प्रभारी महामंत्री मलकीत सिंह गैदू, महेन्द्र छाबड़ा, वरिष्ठ प्रवक्ता धनंजय सिंह ठाकुर, सुरेन्द्र वर्मा, प्रवक्ता अजय गंगवानी, ऋषभ चंद्राकर, मतीन खान उपस्थित थे।
"गरीब परिवारों को नए साल से पांच साल तक निःशुल्क चावल: छत्तीसगढ़ सरकार का बड़ा फैसला"
रायपुर: सीएम विष्णुदेव साय ने गरीब परिवारों के हित में बड़ा फैसला लिया है. छत्तीसगढ़ के गरीब परिवारों को नए साल से आगामी पांच साल तक उचित मूल्य दुकानों के माध्यम से निःशुल्क चावल मिलेगा. खाद्य एवं नागरिक आपूर्ति विभाग ने इस संबंध में सभी कलेक्टरों को निर्देश जारी कर दिए गए है. इस फैसले से प्रदेश के अन्त्योदय, प्राथमिकता, निःशक्तजन और एकल निराश्रित श्रेणी के 67 लाख 92 हजार 153 पात्र राशनकार्डधारियों को पात्रतानुसार शासकीय उचित मूल्य दुकानों के माध्यम से निःशुल्क चावल मिलेगा.
बता दें कि मुख्यमंत्री साय ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी द्वारा राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम के अंतर्गत अन्त्योदय और प्राथमिकता श्रेणी के राशनकार्डों पर आगामी 5 साल जनवरी 2024 से दिसंबर 2028 तक मासिक पात्रता का चावल निःशुल्क वितरण किए जाने की तर्ज पर ही छत्तीसगढ़ खाद्य एवं पोषण सुरक्षा अधिनियम के तहत अन्त्योदय, प्राथमिकता, निःशक्तजन और एकल निराश्रित श्रेणी के राशनकार्डधारियों को आगामी पांच वर्ष निःशुल्क चावल वितरण कराने के निर्देश दिए हैं.
67 लाख 92 हजार 153 पात्र राशनकार्डधारियों को मिलेगा लाभ
खाद्य विभाग के अधिकारियों ने बताया कि राज्य में खाद्य सुरक्षा अधिनियम के अन्त्योदय श्रेणी के 14 लाख 92 हजार 438, प्राथमिकता श्रेणी के 52 लाख 46 हजार 656, एकल निराश्रित श्रेणी के 37 हजार 708 और निःशक्तजन श्रेणी के 15 हजार 351 राशनकार्डधारियों जनवरी 2024 से आगामी पांच वर्ष तक निःशुल्क चावल वितरण से लाभांवित होंगे. इस संबंध में मंत्रालय महानदी भवन, अटल नगर नवा रायपुर स्थित खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग द्वारा पत्र जारी कर सभी कलेक्टरों और संबंधित अधिकारियों को पात्रतानुसार निःशुल्क चावल कराने के निर्देश दिए गए हैं.
"मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने गुरु गोविंद सिंह के साहबजादों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए वीर बाल दिवस का आयोजन किया"
गुरु गोविंद सिंह के साहबजादों की शहादत की याद में देश-प्रदेश में आज वीर बाल दिवस मनाया जा रहा है. इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय स्कूल शिक्षा विभाग द्वारा राजधानी के खालसा स्कूल में बालवीर दिवस पर आयोजित कार्यक्रम में पहुंचे. जहां उन्होंने गुरु गोबिंद सिंह के साहबजादों की शहदात को याद करते हुए उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की.
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने गुरु गोविंद सिंह के साहबजादों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हुए कहा कि, यह हमारा सौभाग्य है की आज हम वीर बाल दिवस मनाने एकत्रित हुए है. देश की आजादी हिंदुत्व के लिए जिन्होंने कुर्बानी दी है उन्हे देश जानें, समाज जानें इसलिए साहबजादों की शहादत के दिन को वीर बाल दिवस के रूप में घोषित किया है. यह उत्सव व्यापक रूप से पूरे देश में मनाया जा रहा है.
सीएम साय ने कहा कि, यह जानकर मुझे हैरानी होती है कि इतने छोटे बच्चे हिंदुत्व के लिए देश के लिए कुर्बान हो सकते है, उन पर मुगलों द्वारा अत्याचार किया गया की मुस्लिम धर्म कबूल कर लो, लेकिन उन्होंने इसे स्वीकार नहीं किया और हिंदू धर्म की रक्षा के लिए अपनी कुर्बानी दे दी. मैं समाज के दोनों साहबजादो को नमन करता हूं. मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि, 9- 6 साल बच्चो के खेलने की उम्र होती है, इस उम्र में बच्चे नहीं जानते की धर्म क्या चीज होती है. कोई बच्चा मात्र 6 साल 9 साल का धर्म के प्रति इतना कट्टर हो यह सिख समाज में ही संभव हो सकता है. हमारे देश की आजादी की लड़ाई में भी इस समाज के बहुत से लोगों ने क़ुरबानी दी है.
मु्ख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय रायपुर के तेलीबांधा गुरूद्वारा पहुंचे
ब्रेकिंग
वीर बाल दिवस के मौके पर आयोजित कार्यक्रम में हो रहे हैं शामिल
मुख्यमंत्री ने गुरूद्वारा में मत्था टेककर परिक्रमा की।
"कांग्रेस नेता द्रमुक के बयान से बिगड़ा देशवासियों का माहौल: बृजमोहन अग्रवाल"
रायपुर: कैबिनेट मंत्री बृजमोहन अग्रवाल ने द्रविड़ मुन्नेत्र कड़गम (द्रमुक) सांसद दयानिधि मारन के उस बयान को शर्मनाक व विभाजनकारी मानसिकता का परिचायक बताया है जिसमें मारन ने उत्तरप्रदेश व बिहार के हिन्दीभाषी लोगों को तमिलनाडु में सड़क और टॉयलेट साफ करने वाला कहकर अपमानित किया है। श्री अग्रवाल ने कहा कि यह बयान कांग्रेसनीत घमंडिया गठबंधन की देशवासियों के प्रति घिनौनी सोच को प्रदर्शित करता है और इसके लिए कांग्रेस समेत आई.एन.डी.आई. अलायंस के नेताओं को पूरे देश से नि:शर्त क्षमायाचना करनी चाहिए।
श्री अग्रवाल ने कहा कि कांग्रेस और उसके सहयोगी दल इस तरह की विवादित टिप्पणियाँ करके आगामी लोकसभा चुनाव से पहले देश में क्षेत्र और भाषा के आधार पर विभाजन की रेखा खींचकर देश की राजनीतिक सौजन्यता और परस्पर सौहार्द्र को खत्म करने का साजिशाना एजेंडा चला रहे हैं। लोकसभा चुनाव में अपनी तयशुदा हार से विचलित विपक्षी घमंडिया गठबंधन का यह रवैया अक्षम्य है। श्री अग्रवाल ने मारन के बयान के मद्देनजर आई.एन.डी.आई. अलायंस की चुप्पी पर सवाल खड़ा किया और इस खामोशी को दुर्भाग्यपूर्ण बताते हुए कहा कि सामाजिक न्याय की जुमलेबाजी करने वाले विपक्षी दलों के गैर-जिम्मेदाराना राजनीतिक आचरण को देश कतई बर्दाश्त नहीं करेगा। इससे पहले सनातन धर्म को लेकर द्रमुक सरकार के मंत्री ने शर्मनाक टिप्पणी की थी और कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे के बेटे ने उसका सार्वजनिक रूप से समर्थन करके कांग्रेस के राजनीतिक चरित्र को बेनकाब कर दिया था। उन्होंने कहा कि तुष्टीकरण का एजेंडा चलाकर घमंडिया गठबंधन अब भाषायी और क्षेत्रीय विवाद के हवा देने का षड्यंत्र रचकर देश का वातावरण बिगाड़ने पर आमादा है, लेकिन देश की राष्ट्रभक्त जनता लोकसभा चुनाव में ऐसी घिनौनी सोच को इतिहास के कूड़ेदान में डाल देगी।
"धर्मांतरण रूपी वायरस का ईलाज 'घरवापसी': प्रबल प्रताप सिंह जूदेव का समर्थन"
कठघोरा में धर्मसेना के बैनर तले सामाजिक प्रमुख के सम्मान समारोह में 101 परिवारों की गंगा जल से पांव पखारकर घर वापसी करवाने के पश्चात मुख्य अतिथि के रूप में अपने उद्बोधन के दौरान प्रबल प्रताप सिंह जूदेव ने धर्मांतरण रूपी बीमारी का सर्व सुलभ ईलाज "घारवापसी" को बतलाया।उनका मानना है जिस दिन हिंदू समाज जाग जायेगा उसी दिन धर्मांतरण छू मंतर हो जायेगा।अपनी चिंता को साझा करते हुए उन्होंने कहा हिंदू समाज की कुंभकर्णी निद्रा धर्मांतरण का मुख्य कारण है।हम अपने लोगों तक सनातन संस्कृति की सुगंध नहीं पहुंचा पा रहे हैं।
समाज प्रमुखों को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा कि समाज के मुखिया की जिम्मेवारी बहुत ही महत्वपूर्ण है वे सनातन संस्कृति के चौकीदार हैं उनकी सजगता समाज के बिखराव को रोक सकती है समाज प्रमुखों के प्रति उन्होंने अपनी कृतज्ञता भी व्यक्त की।उन्होंने हिंदू युवाओं का आह्वान किया कि वे अपने पूर्वजों के विरासत की अहमियत समझें और आगे आ कर उसकी रक्षा करें।धर्मांतरण में लिप्त लोगों को आगाह करते हुए उन्होंने कहा कि अब भी वक्त है सम्हल जाओ वरना हम तुम्हारा वो हश्र करेंगे कि तुम्हारी सात पुश्तें याद रखेंगी।
उन्होंने कहा कोरबा क्षेत्र धर्मांतरण की आग मे झुलस रहा हैं l घर वापसी अभियान में तेजी लाकर हम क्षेत्र को सुरक्षित करेंगे और विधर्मियों को चेतावनी देते हुए उन्हों सचेत हो जाओ वरना भुगतोगे।
कटघोरा मे धर्म सेना, विश्व हिंदू परिषद, आर्य समाज, श्रीराम सेना, गायत्री परिवार एवं अन्य समाजिक संगठनों के तत्वाधान में पूजा-अर्चना एवं यज्ञ के उपरांत 101 मतांतरित परिवारों की प्रबल प्रताप सिंह जूदेव ने चरण को धोकर घर वापसी कराई ।
कार्यक्रम मे मुख्य रूप से कौशलेंद्र सिंह ,रामा श्रेय पांडेय, आचार्य राकेश, विष्णु पटेल, कपिल शास्त्री, आत्मा नारायण पटेल, सुरेंद्र बहादुर सिंह,राम दयाल उइके एवं अन्य गणमान्य उपस्थित रहे ।
"अटल जी के कार्यों की सराहना करते नहीं थकते थे विरोधी पक्ष: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय"
रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि मेरा सौभाग्य है कि मुझे अटल जी के नेतृत्व में कार्य करने का मौका मिला। श्रद्धेय अटल जी का व्यक्तित्व ऐसा था कि विरोधी पक्ष भी उनके कार्यों की सराहना करते नहीं थकते थे। श्रद्धेय अटल जी के सुशासन के मंत्र को लेकर ही हम छत्तीसगढ़ के विकास के लिए दृढ़ संकल्पित हैं। मुख्यमंत्री श्री साय आज शाम पूर्व प्रधानमंत्री भारत रत्न स्वर्गीय श्री अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती सुशासन दिवस के अवसर पर राजधानी रायपुर के दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में आयोजित काव्यांजलि एवं संगोष्ठी कार्यक्रम को संबोधित कर रहे थे।
कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्यमंत्री श्री साय ने छत्तीसगढ़ महतारी और पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय श्री अटल बिहारी वाजपेयी के छायाचित्र पर पुष्पार्पित कर किया। इस मौके पर मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी, सांसद श्री सुनील सोनी, विधायक सर्वश्री अनुज शर्मा, गुरु खुशवंत साहेब, श्री मोतीलाल साहू उपस्थित थे। मुख्यमंत्री सहित अतिथियों ने इस मौके पर प्रबुद्ध कवियों की काव्यपाठ का श्रवण किया।
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने सुशासन दिवस की बधाई देते हुए कहा कि देश में लगभग 06 लाख गांव है और अटल जी के नेतृत्व में प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना के माध्यम से गांवों में सड़कों का ऐसा जाल बिछा की, लोग अनायास ही उन्हें याद करते है। उन्होंने कहा कि इस योजना के माध्यम से देशभर के गांवों को सड़कों से जोड़ा गया जो देश के विकास में मील का पत्थर साबित हुई और इसने ग्रामीण अधोसंरचना की तस्वीर बदल कर रख दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री स्वर्गीय अटल जी ने देश के किसानों के दर्द को समझते थे, उन्होंने किसानों को किसान क्रेडिट कार्ड देने का काम किया। जिसके जरिए आज भी किसान बिना चिंता के खेती-किसानी कर विकास के राह में आगे बढ़ रहे हैं। किसान क्रेडिट कार्ड किसानों के उन्नति के लिए वरदान साबित हो रहा है। उन्होंने श्रद्धेय अटल जी के जन्मदिन सुशासन दिवस के उपलक्ष्य में नालंदा परिसर पर अटल जी के सम्पूर्ण जीवन यात्रा तथा शासन की योजनाओं पर आधारित छाया-प्रदर्शनी को देखने लोगों से अपील की।
केबिनेट मंत्री श्री ओ.पी. चौधरी ने भी कार्यक्रम को संबोधित किया। उन्होंने कहा कि श्रद्धेय अटल जी ने छत्तीसगढ़ का निर्माण किया था और उन्हीं के सपनों को साकार करने एवं सुशासित छत्तीसगढ़ बनाने के लिए हम संकल्पित हैं। उन्होंने अटल जी के प्रधानमंत्रित्व काल और उनके कविताओं के बारे में भी अपना विचार साझा किया।
संगोष्ठी के मुख्यवक्ता कुशाभाऊ ठाकरे विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर बलदेव भाई शर्मा ने श्रद्धेय अटल जी की सम्पूर्ण जीवनयात्रा पर व्याख्यान दिया। काव्यांजलि और संगोष्ठी कार्यक्रम में प्रख्यात कवि पद्मश्री डॉ. सुरेंद्र दुबे, श्री रामानंद त्रिपाठी, श्री किशोर तिवारी और सुश्री अन्नपूर्णा पवार ने अपनी पंक्तियों से पूर्व प्रधानमंत्री श्री अटल जी के व्यक्तित्व और कृतित्व को पुनः जीवंत किया। कार्यक्रम में स्वागत उद्बोधन संस्कृति विभाग के सचिव श्री अन्बलगन पी. ने दिया। आभार प्रदर्शन संचालक श्री विवेक आचार्य ने किया।
"मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने शदाणी दरबार में किया भव्य स्वागत: आध्यात्मिक शक्ति का केन्द्र"
रायपुर: मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय का आज यहां पूज्य शदाणी दरबार तीर्थ में शदाणी शिरोमण्डल और रायपुर सिंधी समाज द्वारा भव्य स्वागत किया गया। मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने जय-जय सदाराम घोष के साथ कहा कि यह मेरा सौभाग्य है कि मुझे यहां आने और पूज्य गुरू के आशीर्वाद प्राप्त करने का अवसर मिला। मुख्यमंत्री ने कहा कि शदाणी दरबार अध्यात्मिक शक्ति का केन्द्र है और जो भी यहां सच्चे मन से मत्था टेकता है, उसकी मनोकामना पूरी होती है। शदाणी दरबार के आशीर्वाद से ही मुझ जैसे छोटे कार्यकर्ता को प्रदेश की जिम्मेदारी मिली है। मैं यह प्रार्थना करता हूं कि शदाणी दरबार मुझे इतनी शक्ति दे कि मैं प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी द्वारा चुनाव के समय की गई गारंटियों को शत्-प्रतिशत पूरा कर प्रदेश की जनता के अटूट विश्वास पर खरा उतर सकूं।
मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय ने कहा कि आज 25 दिसंबर को पूर्व प्रधानमंत्री भारतरत्न श्री अटल बिहारी वाजपेयी जी की जयंती को प्रदेश में सुशासन दिवस के रूप में मनाया गया। इस अवसर पर अभनपुर के ग्राम बेन्द्री में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में प्रदेश के 12 लाख से अधिक किसानों को दो साल के धान के बकाया बोनस के रूप में 3716 करोड़ रूपए की राशि उनके बैंक खाते में हस्तांतरित की। मुख्यमंत्री ने कहा कि हमने शपथ लेने के अगले ही दिन कैबिनेट की बैठक में गरीबों के 18 लाख आवासों के निर्माण की मंजूरी दी। इससे उन लोगों को आवास मिल सकेगा जो पिछले पांच साल में आवास से वंचित रहे थे। उन्होंने कहा कि हमारी कथनी-करनी समान है। प्रदेश ही नहीं पूरे देश ने मोदी की गारंटी पर भरोसा किया है। मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि किसानों हस्तांतरित की गई बोनस राशि और आवास की मंजूरी से निर्माण कार्यों की सामग्रियों का पैसा बाजार में व्यापारियों के पास आयेगा और लोगों को रोजगार उपलब्ध होगा। उन्होंने समाज द्वारा किए गए स्वागत के लिए आभार व्यक्त करते हुए सभी का अभिनंदन किया।
मुख्यमंत्री ने शदाणी दरबार पहुंचकर सबसे पहले संत सदाराम की समाधि पर जाकर मत्था टेका और शदाणी दरबार में धुनी वाले महादेव साहेब की विधिविधान से पूजा-अर्चना कर प्रदेशवासियों के सुख, समृद्धि और खुशहाली की कामना की।
संत श्री डॉ. युधिष्ठिर लाल ने अपने आशीर्वचन में कहा कि भारतीय संस्कृति एवं सभ्यता के प्रतीक, पूज्य शदाणी दरबार तीर्थ एक सर्वधर्म, समभाव का संनातनी मान्यताओं के प्रचार-प्रसार की सेवा स्थली है। इस पूज्य स्थल पर मुख्यमंत्री के प्रथम आगमन पर उनका समाज की ओर से स्वागत है। उन्होंने कहा कि देश की प्रगति और खुशहाली के लिए धर्मानुसार शासन होता है। मुख्यमंत्री के नेतृत्व में सरकार आने वाले दिनों में प्रदेश-देश की प्रगति व खुशहाली के लिए और भी बेहतर ढंग से काम करेगी। सभी वर्गों को साथ लेकर समरसता के भाव से उन्नति की ओर अग्रसर होगी।
समाज के युवा प्रतिनिधि श्री अमित चिमनानी ने कहा कि आज सुखद अवसर है जब पूज्य शदाणी दरबार में श्रद्धालुओं को अपना दर्शन देने विष्णु आए हैं। हम सभी हृदय की गहराइयों से आपका अभिनंदन और वंदन करते हैं। उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय जब केवल 10 वर्ष के थे, तब उनके सर से पिता का साया उठ गया था। जब बच्चे बाल काल में अनेक अटखेलियां करते खेलते कूदते है 10 वर्ष की उम्र से ही श्री विष्णु देव साय परिवारजनों के प्रति अपनी जिम्मेदारियों का निर्वहन कर रहे थे। परिवार की जिम्मेदारियों को निभाते-निभाते प्रदेश और राष्ट्र की सेवा करते हुए सरपंच से विधायक, सांसद, केन्द्र में मंत्री तक का सफर तय किया और आज प्रदेश के मुख्यमंत्री के पद पर आसीन हैं।
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री के रूप में शपथ लेते ही उन्होंने जनता की पीड़ा को हरने में पल भर की भी देरी नहीं की। पहली ही कैबिनेट में पांच वर्षों से अपने खुद के मकान के लिए तरस रहे 18 लाख परिवारों को उनका अपना पक्का मकान देने का निर्णय स्वीकृत किया। इसके साथ ही आज प्रदेश के 12 लाख से अधिक अन्नदाता किसानों को 3716 करोड़ रुपए की राशि सीधा उनके खाते में हस्तांतरित की।
शदाणी दरबार तीर्थ में आज दरबार के संस्थापक शिव अवतारी संत शदाराम साहिब की जन्म तिथि पर शुक्ल पक्ष की चतुर्दशी पर हर महीने चौदस मेले का आयोजन किया जाता है। इस अवसर पर शदाणी दरबार तीर्थ के प्रमुख संत युधिष्ठिर लाल जी, रायपुर ग्रामीण विधायक श्री मोतीलाल साहू, शदाणी दरबार तीर्थ के सचिव श्री उदय शदाणी, डॉ. भीष्म शदाणी, सिंधी काउंसिल ऑफ इंडिया के प्रदेश अध्यक्ष श्री ललित जैसिंघ, सिंध समाज के विभिन्न फोरम के पदाधिकारी सहित बड़ी संख्या में समाज की महिलाएं और श्रद्धालु उपस्थित थे।
"भाजपा सरकार के द्वारा जारी किए गए 2 साल के बोनस में धोखा: सभी 12 लाख किसानों को नहीं मिला, हितग्राही किसानों का भौतिक सत्यापन नहीं किया गया"
रायपुर: भाजपा सरकार द्वारा जारी किये 2 साल के बोनस में भी धोखा है। प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि सभी बकाया 12 लाख किसानों को धान का बोनस नहीं मिला है। सरकार के पास वर्तमान में उस समय के किसानों की स्थिति का कोई डाटा ही नहीं है। बोनस के नाम पर गलत लोगो को फायदा पहुंचाने का षडयंत्र रचा गया है। भाजपा सरकार के द्वारा जारी किया गया 2 वर्ष का बोनस भी किसानों के साथ एक छलावा है। सरकार ने वर्तमान में किसानों की संख्या का भौतिक सत्यापन नहीं करवाया और न ही 2015-2016, 2016-2017 के पंजीकृत खातों की वर्तमान स्थिति का पता करवाया ऐसे में पात्र सभी किसानों को बोनस की राशि मिलेगी इसकी गारंटी नहीं है।
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि इन 7 सालों में परिवारों में विभाजन हो गया, खाते में बंटवारा हो गया, कुछ लोगो की मौत हो गयी, अन्य खातेदारों के नाम भी चढ़ गये। ऐसे में चिन्हांकिंत कैसे करेंगे किन-किन को बोनस देना है? उस समय 12 लाख किसानों ने धान बेचा था तो खातों में बदलाव के बाद उनकी संख्या बढ़ेगी या घटेगी इसका सर्वे किये बिना बोनस देने की बाते कर रहे है यह सिर्फ भ्रम पैदा करना है। खेत बेच चुके किसानों के बोनस का क्या होगा? न कोई दावा आपत्ति का अवसर न ही हितग्राहियों की कोई सूची या निश्चित संख्या है।
प्रदेश कांग्रेस संचार विभाग के अध्यक्ष सुशील आनंद शुक्ला ने कहा कि भारतीय जनता पार्टी को किसानों के बोनस जारी करने के साथ ही प्रायश्चित भी करनी चाहिये। जनता से वादा किया था 2013 के चुनाव में धान पर 300 रू. प्रति क्विंटल बोनस देंगे और डॉ. रमन सिंह ने आखिरी के 2 साल जो बोनस नहीं दिया था उसकी भरपाई भारतीय जनता पार्टी अब कर रही है। 7 साल बाद किसानों को इनको प्रायश्चित के रूप में ब्याज भी देना चाहिये। इस बोनस की रकम के साथ किसानों को 7 साल के पैसे का ब्याज भी देना चाहिये। बैंक में भी यदि किसान अपनी रकम रखते तो उनका पैसा 7 साल में दुगुना हो जाता।
"रायपुर: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने छात्रों के हित में नए नालंदा परिसर के निर्माण की घोषणा की"
रायपुर: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने छात्र हित में बड़ी घोषणा की है. राजधानी रायपुर में नालंदा परिसर (Nalanda Parisar Raipur) की तर्ज पर एक और नालंदा परिसर बनेगा. वर्तमान नालंदा परिसर में भी सुविधाओं में बढ़ोतरी होगी. पीएससी, यूपीएससी सहित विभिन्न प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे युवाओं को बड़ा फायदा मिलेगा.
नालंदा परिसर
मुख्यमंत्री ने नालंदा परिसर में सुशासन दिवस पर आयोजित बिहारी वाजपेयी के व्यक्तित्व और कृतित्व पर केंद्रित छायाचित्र प्रदर्शनी के शुभारंभ के अवसर पर ये घोषणा की. इस दौरान मंत्री ओपी चौधरी भी उपस्थित थे.
"रायपुर में नव वर्ष के अवसर पर कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर भुरे की शहरी सुरक्षा को लेकर महत्वपूर्ण बैठक"
रायपुर: कलेक्टर डॉ. सर्वेश्वर भुरे ने नव वर्ष के अवसर पर होने वाले आयोजनों और 31 दिसंबर की शाम को शहर की कानून व्यवस्था को लेकर अधिकारियों की बैठक ली. उन्होंने कहा कि नव वर्ष के पूर्व संध्या को शहर में शांति व्यवस्था बनी रहे. शहर के प्रमुख सड़कों पर यातायात व्यवस्था अच्छी हो. आम नागरिकों को किसी भी प्रकार का तकलीफ सामना ना करना पड़े. नव वर्ष पर आयोजन रात्रि सवा 12 बजे की समयावधि के भीतर किया जाए. उन्होंने हुड़दंग करने वाले तत्वों पर नजर रखने त्वरित और कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश दिए है.
कलेक्टर ने कहा कि पुलिस विभाग शहर के चिन्हित इलाके जैसे तेलीबांधा, वीआईपी रोड, नया रायपुर इत्यादि स्थानों पर सुरक्षा के कड़े इंतजाम करें और निरंतर गश्त करें. चौक चौराहों पर जमावड़ा लगाने वाले, शराब पीकर वाहन चलाने वाले, दो पहिया वाहनें पर दो से अधिक सवारी, तेज गति से वाहन चलाने वालों तेज हॉर्न बजाने वालों पर रोक लगाएं और कड़ी कार्रवाई करें. डॉ. भुरे ने कहा कि जो भी होटल, रेस्टोरेंट में ऐसे आयोजन, जिसका स्वरूप बड़ा हो और बड़ा कलाकार शामिल हो, उन्हें एक निश्चित मापदण्डों के आधार अनुमति दी जाए और उन्हें ताकिद करें कि उनके आयोजनों में किसी प्रकार की अशांति, नशाखोरी ना हो और आयोजन ऐसा हो जिससे वहां शामिल होने वाले आमनागरिकों असुविधा ना हो.
कलेक्टर डॉ. भुरे ने कहा कि विशेष रूप से चौक-चौराहों बड़े आयोजनों वाले होटल, रेस्टोरेंट पर सीसीटीवी और कैमरों के माध्यम से नजर रखी जाएगी और किसी प्रकार का गड़बड़ी करने पर तुरंत कार्यवाही की जाएगी. कलेक्टर ने कहा कि शहर के विभिन्न संदिग्ध स्थान जहां पर नशें की सामाग्री मिलने की सूचना हो और नशाखोरी-अड्डेबाजी की जा रही हो वहां पर कड़ी जांच करें और ऐसे अपराधिक तत्वों पर कार्रवाई करें. डॉ. भुरे ने एनजीटी के गाइडलाइन के अनुसार आतिशबाजी करने के निर्देश दिए.
पुलिस विभाग के अधिकारियों जानकारी दी कि शहर में 20 प्वाइंट बनाये गए हैं, जहां पर विशेष नजर रखी जाएगी और ब्रेथएनालाईजर से कड़ाई से चेकिंग की जाएगी. उन्होंने बताया लेकर बैठक लेकर कहा गया है कि होटल, रेस्टोरेंट, बार और ढाबा संचालकों एक निश्चित समयावधि के भीतर बंद किया जाए. पार्किंग की समुचित व्यवस्था हो. संस्थानों के बाहर या चार पहिये वाहन के भीतर शराब का सेवन ना कराया जाए. आयोजक क्षमता से अधिक पास जारी ना करें. साथ ही कार्यक्रम के दौरान नशीला पदार्थ जैसे हुक्का, गांजा अथवा अन्य नशीली पदार्थ पाये जाने पर ऐसे संचालकों के विरूद्ध कार्रवाई करने के साथ ही उनका लायसेंस भी निरस्त किया जायेगा. बैठक में प्रभारी एसपी जी आर ठाकुर, नगर निगम आयुक्त मयंक चतुर्वेदी, अतिरिक्त जिला दण्डाधिकारी एन.आर.साहू, यातायात एडिशनल एसपी सचिन्द्र चौबे, सहित अन्य अधिकारीगण उपस्थित थे.
"छत्तीसगढ़: सीएम विष्णुदेव साय ने 11.76 लाख किसानों को 3,716 करोड़ रुपए के बकाया बोनस का वितरण किया, 1 लाख सरकारी पदों पर होगी भर्ती"
रायपुर: अटल सुशासन दिवस के अवसर पर आज बेंद्री में आयोजित कार्यक्रम में सीएम विष्णुदेव साय ने प्रदेश के 11 लाख 76 हजार 815 किसानों को 3 हजार 7 सौ 16 करोड़ रुपए के बकाया बोनस राशि का वितरण किया. इस दौरान सीएम साय ने कहा, हम धान खरीदी के समय को बढ़ाएंगे और किसानों के धान को खरीदेंगे. मोदी गारंटी का हर वादा आने वाले 5 साल में पूरा होगा.
एक लाख सरकारी पदों पर होगी भर्ती
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा कि हमारी सरकार हर वर्ग का ध्यान रखने वाली सरकार है. हम हर वादा पूरा करेंगे. हम गरीब भूमिहीन मजदूरों को 10 हजार रुपए सालाना देंगे. युवाओं के साथ धोखा न हो इसलिए उन्हें पारदर्शिता के साथ 1 लाख सरकारी पदों पर भर्ती की व्यवस्था करेंगे. स्वास्थ्य सेवाओं में विस्तार भी हमारी प्राथमिकता है. अब आयुष्मान कार्ड में 10 लाख रुपए तक मुफ्त इलाज का लाभ मिलेगा.
मुख्यमंत्री साय ने कहा कि हमने किसानों के हित में निर्णय लिया और 3100 रुपए प्रति क्विंटल धान खरीदने का वादा किया है उसे भी हम जल्द पूरा करेंगे. हमने 21 क्विंटल प्रति एकड़ धान की खरीदी की भी व्यवस्था की है. इस संदर्भ में हमने आदेश जारी कर दिया है. हम किसानों से उनका पूरा धान खरीदेंगे और जरूरत पड़ने पर समय सीमा भी बढ़ाएंगे.
"छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री ने किसानों को बकाया बोनस राशि का वितरण किया, प्रमुख योजनाओं की घोषणा की"
रायपुर: अटल सुशासन दिवस के अवसर पर आज सीएम विष्णुदेव साय ने प्रदेश के 11 लाख 76 हजार 815 किसानों को 3 हजार 7 सौ 16 करोड़ रुपए के बकाया बोनस राशि का वितरण वितरित किया. कार्यक्रम को संबोधित करते हुए CM विष्णु देव साय ने कहा, हमने बकाया बोनस देने का वादा किया था, 2 साल की बोनस की राशि हमने आज ट्रांसफर की है. 12 लाख से ज्यादा किसानों को आज बोनस की राशि मिली है. किसानों ने सोचा होगा कि ये राशि डूब गई. आज किसान काफी खुश नजर आ रहे हैं. भाजपा ने जो कहा वो किया.
सीएम साय ने कहा, हमने पहले कैबिनेट की बैठक में ही PM आवास देने का निर्णय लिया. 18 लाख मकान की स्वीकृति हमने दी. आज दूसरा वादा पूरा किया. आज मैं आपको विश्वास दिला रहा हूं कि मोदी की गारंटी में दिए एक एक वादे पूरे करेंगे. महतारी वंदन योजना से हर महिलाओं के खातों में सालाना 12 हजार की राशि देंगे.
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सभी को सुशासन दिवस की बधाई दी. उन्होंने कहा, रमन सिंह के नेतृत्व वाली सरकार में हम दो साल का बोनस नहीं दे पाए थे. मोदी की गारंटी में किसानों से वादा किया गया था. छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री के नाते आज किसानों की बोनस की राशि ट्रांसफर हो गई. अलग अलग जिलों के किसानों से बातचीत हुई है. जिन बैंक में किसानों का खाता उनको पैसा पहुंच गया है. बीजेपी जो बात कहती है वह करती है इसलिए आज जनता का विश्वास बीजेपी पर बढ़ा है.
साय ने कहा, बीजेपी ने कहा था कि जो भी मुख्यमंत्री बनेगा वह 18 लाख गरीब लोगों को 18 लाख आवास स्वीकृत करने का काम करेगा. कुछ लोग ऐसे हैं जो कर्जा लेकर घर बना चुके हैं और कुछ लोग आज भी घर नहीं बना पाए. मुख्यमंत्री होते हुए विश्वास दिलाता हूं कि जितने वादे मोदी की गारंटी में हुए हैं उसे 5 सालों में पूरा करेंगे. विवाहित महिलाओं को हर महीना एक हजार रुपए, यानी साल में 12 हजार रुपए महतारी वंदन योजना के तहत दिया जाएगा. उज्ज्वला योजना में गैस के कार्डधारी हैं उन्हें 500 रुपए में गैस सिलेंडर देने का काम करेंगे.
"कोरोना के नए वेरिएंट जेएन.1 के आगमन के बाद देशभर में एक्टिव केस में वृद्धि, 24 घंटे में मात्र एक मौत"
नई दिल्ली: भारत में कोरोना एक बार फिर डराने लगा है। कोरोना के नए वेरिएंट जेएन.1 (JN.1) के मरीज मिलने के बाद कोरोना मरीजों की संख्या में भी बढ़त देखने को मिल रही है। ताजा आंकड़ों की बात करें तो 24 घंटे में देशभर में एक्टिव कोरोना संक्रमित मरीजों का आंकड़ा 4054 तक पहुंच गया है। 24 घंटे में केवल एक मरीज की मौत हुई है।
स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, सुबह 8 बजे अपडेट किए गए आंकड़ों के मुताबिक सबसे अधिक एक्टिव मामले केरल में पाए गए हैं। यहां बीते 24 घंटे में 128 एक्टिव केस रिपोर्ट किए गए। इसी के साथ प्रदेश में कोरोना संक्रमितों का आंकड़ा तीन हजार से अधिक हो गया है। एक नए मरीज की मौत के साथ देशभर में कोरोना से मरने वाले मरीजों का आंकड़ा 5,33,334 तक जा पहुंचा है।
"राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को जन्मजयंती पर श्रद्धांजलि अर्पित की"
रायपुर: राज्यपाल विश्वभूषण हरिचंदन ने पूर्व प्रधानमंत्री भारतरत्न अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती पर उन्हें नमन किया. राज्यपाल ने अपने निवास में स्वर्गीय वाजपेयी के छायाचित्र पर पुष्पाजंलि अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी. उन्होंने कहा कि अटल वाजपेयी विराट व्यक्तित्व, महानवक्ता, लेखक और बहुमुखी के धनी होने के साथ-साथ एक जननायक थे. उन्होंने विदेश व अंतर्राष्ट्रीय मंचों पर भारत का मजबूती से पक्ष रखकर देश का मान बढ़ाया.
भारत को जब एक कमजोर देश समझा जाता था तब पोखरण में परमाणु परीक्षण कर भारत को परमाणु शक्ति संपन्न घोषित किया. इस कदम से उन्होंने भारत को विश्व में एक सुदृढ़ वैश्विक शक्ति के रूप में स्थापित कर दिया. पश्चिम के देशों ने जब एक अनेक प्रतिबंध लगाए तब उसका दृढ़ता पूर्वक सामना करते हुए उनके नेतृत्व में देश ने आर्थिक विकास की ऊंचाईयों को छुआ. उन्होंने अपने प्रधानमंत्रित्व काल में स्वर्णिम चतुर्भुज योजना, प्रधानमंत्री ग्राम सड़क योजना जैसे अन्य महत्वपूर्ण योजनाओं को मूर्त रूप प्रदान किया, जिससे हमारे देश की आधारभूत संरचना मजबूत हुई.
अटल वाजपेयी ने ग्रामीण और कृषि क्षेत्र में मजबूती के लिए महत्वपूर्ण कार्य किया, उनकी सोच समाज के अंतिम व्यक्ति का कल्याण करना था. इसी सोच के फलस्वरूप उनके शासनकाल में अन्नपूर्णा योेजना शुरू की गई, जिसमें जिन पात्र बुजुर्गों को वृद्धावस्था पेंशन नहीं मिलती थी उन्हें हर माह 10 किलो अनाज निःशुल्क दिया गया. राज्यपाल ने कहा कि वाजपेयी भारत के महान सपूत थे.
इस अवसर पर राज्यपाल के सचिव अमृत कुमार खलखो, उप सचिव दीपक अग्रवाल सहित राजभवन के अधिकारियों-कर्मचारियों ने भी स्वर्गीय अटल बिहारी वाजपेयी के चित्र पर पुष्प अर्पित कर नमन किया.