स्वामी अवधेशानंद जी गिरि के जीवन सूत्र:जिस दिन हमें अच्छे विचारों वाली पुस्तकें मिलती हैं, उसी दिन हमारा भाग्य जागने लगता है
09 Jan 2026
स्वाध्याय यानी अच्छी किताबें पढ़ने से हमारी सोच सकारात्मक बनती है। स्वाध्याय से मन में नई ऊर्जा, नया उत्साह और नई शक्ति आती है, ये आदत हमें आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है, इसलिए इसमें कभी लापरवाही नहीं करनी चाहिए। शास्त्रों में कहा गया है कि स्वाध्याय को छोड़ना मृत्यु के समान है। जब हम पढ़ना छोड़ देते हैं, तब हमारे विकास के सभी रास्ते बंद हो जाते हैं। अच्छे ग्रंथ हमें सही दिशा दिखाते हैं और जीवन को बेहतर बनाते हैं। जिस दिन हमें अच्छे विचारों वाली पुस्तकें मिलती हैं, उसी दिन हमारा भाग्य जागने लगता है। आज जूनापीठाधीश्वर आचार्य महामंडलेश्वर स्वामी अवधेशानंद जी गिरि के जीवन सूत्र में जानिए स्वाध्याय करते समय किन बातों का ध्यान रखें? आज का जीवन सूत्र जानने के लिए ऊपर फोटो पर क्लिक करें।